India China Standoff  

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  • <p>लेफ्टिनेंट जनरल वाई के जोशी के मुताबिक, चीन यह समझ गया था कि वह बल के प्रयोग से एलएसी की पूर्व स्थिति को नहीं बदल सकता। भारत मजबूती से अपने क्षेत्र की रक्षा कर रहा है। उन्होंने बताया कि 29-30 अगस्त को भारतीय सेना ने रेजांग ला और रेचिन ला पर कब्जा कर लिया। इससे अगले दौर की बातचीत में भारत का पक्ष मजबूत हो गया।&nbsp;</p>

    WorldApr 18, 2021, 3:49 PM IST

    India-China standoff: एक साल बाद भी पीछे नहीं हटी चीनी सेना!

    भारत-चीन के बीच पूर्वी लद्दाख में एलएसी को लेकर तनाव के एक साल पूरे होने को हैं। दोनों देशों के बीच 11 राउंड की सैन्य कमांडरों की बैठक के बावजूद न गतिरोध कम हो सका न तनाव। हालांकि, फरवरी में रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने राज्यसभा में बताया था कि भारत-चीन एलएसी से पीछे हटने को तैयार हो गए हैं। लेकिन तीन महीने के बाद भी कई इलाकों में चीन के सैनिक डटे हुए हैं। पिछले हफ्ते दोनों देशों के बीच 13 घंटे की सैन्य वार्ता भी बेनतीजा ही निकला। वार्ता विफल होने के बाद बताया गया कि इसे आगे जारी रखा जाएगा। 

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    NationalApr 15, 2021, 4:53 PM IST

    चीन की चालबाजी, एलएसी पर भारत के खिलाफ तैनात किया खतरनाक HQ-9, जानिए क्या है खासियत

    पूर्वी लद्दाख में भारत और चीन के खिलाफ विवाद अभी पूरी तरह खत्म नहीं हुआ है। कई दौर की कमांडर स्तर की बातचीत के बावजूद पूर्वी लद्दाख के गोगरा हाइट्स, हॉट स्प्रिंग्स, डेपसांग और डेमचोक में अभी भी तनाव है। ऐसे में चीन ने बातचीत की आड़ में भारत के खिलाफ एक और चाल चली है। दरअसल, चीन ने भारतीय सीमा के पास लंबी दूरी तक मार करने वाली HQ-9 एयर डिफेंस सिस्टम की कई बैटरियां तैनात की हैं। 

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    NationalFeb 12, 2021, 1:38 PM IST

    मर्यादा भूले राहुल गांधी, पीएम मोदी को बोल गए ऐसे शब्द

    कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष राहुल गांधी ने शुक्रवार को भारत-चीन सीमा पर सेना पीछे हटाने को लेकर किए गए समझौते को लेकर भारत सरकार को घेरा। पूर्वी लद्दाख की मौजूदा स्थिति को लेकर रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह के गुरुवार को संसद में दिए गए बयान पर कांग्रेस सांसद राहुल गांधी ने सरकार पर बड़ा हमला बोलते हुए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के खिलाफ अशोभनीय टिप्पणी कर डाली।  राहुल ने कहा कि मोदी भारत की जमीन चीन को सौंप दी, हमारे पीएम कायर हैं, जिन्होंने चीन के सामने अपना सर झुका दिया, माथा टेक दिया।मोदी सरकार सेना को धोखा दे रही है।

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    NationalJan 12, 2021, 1:11 PM IST

    ठंड से हुई चीन की हालत खराब, एलएसी से हटाए 10 हजार सैनिक

    भारत और चीन के बीच लंबे समय से चल रहे सीमा विवाद के बीच चीन ने पूर्वी लद्दाख में वास्तविक नियंत्रण रेखा (एलएसी) से अपने 10 हजार सैनिकों को हटा लिया है। कहा जा रहा है कि चीन ने यह फैसला पूर्वी लद्दाख में पड़ रही भीषण ठंड की वजह से किया है। जानकारी के अनुसार भारतीय सीमा के पास 200 किलोमीटर के दायरे से चीन ने अपने सैनिक हटाए हैं। एक रिपोर्ट के अनुसार सूत्रों ने बताया कि पूर्वी लद्दाख में भारतीय सीमा के पास उस इलाके में जहां चीनी सैनिक पारंपरिक रूप से प्रशिक्षण किया करते थे, अब वो जगह खाली दिख रही है। 

  • <p>पूर्वी लद्दाख में भारत और चीन के बीच हुए संघर्ष के बाद सीमा विवाद जारी है। इस विवाद के बीच भारत ने चीन से स्पष्ट शब्दों में कहा है कि उसे भारत के आंतरिक मामलों में दखल देने या टिप्पणी करने का कोई अधिकार नहीं है।</p>

    NationalOct 15, 2020, 9:49 PM IST

    चीन की टिप्पणी पर भारत का कड़ा जवाब, कहा- हमारे आंतरिक मामलों में दखल ने दे चीन

    पूर्वी लद्दाख में भारत और चीन के बीच हुए संघर्ष के बाद सीमा विवाद जारी है। इस विवाद के बीच भारत ने चीन से स्पष्ट शब्दों में कहा है कि उसे भारत के आंतरिक मामलों में दखल देने या टिप्पणी करने का कोई अधिकार नहीं है। 

  • <p>पूर्वी लद्दाख में गतिरोध के खत्म करने के लिए भारत ने सोमवार को चीन के साथ सातवें दौर की सैन्य वार्ता की। इस वार्ता में बीजिंग से अप्रैल पूर्व की यथास्थिति बहाल करने और विवाद के सभी बिन्दुओं से चीनी सैनिकों की पूर्ण वापसी करने को कहा।</p>

    NationalOct 13, 2020, 5:34 AM IST

    India China Face off: चीन को भारत की दो टूक, ऊंचाई पर तैनात किए गए सभी सैनिकों को वापस बुलाए चीन

    पूर्वी लद्दाख में गतिरोध के खत्म करने के लिए भारत ने सोमवार को चीन के साथ सातवें दौर की सैन्य वार्ता की। इस वार्ता में बीजिंग से अप्रैल पूर्व की यथास्थिति बहाल करने और विवाद के सभी बिन्दुओं से चीनी सैनिकों की पूर्ण वापसी करने को कहा।

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    NationalSep 17, 2020, 5:11 PM IST

    वरिष्ठ पत्रकार डॉ. वेदप्रताप वैदिक ने लिखा- भारत-चीनः सच्चाई क्या है ?

    वरिष्ठ  पत्रकार डॉ. वेदप्रताप वैदिक ने लिखा है कि एक तरफ संसद में रक्षा मंत्री और गृहराज्य मंत्री के बयान और दूसरी तरफ चीनी विदेश मंत्रालय का बयान, इन सबको एक साथ रखकर आप पढ़ें तो आपको पल्ले ही नहीं पड़ेगा कि गलवान घाटी में हुआ क्या था ? भारत और चीन के फौजी आपस में भिड़े क्यों थे ? हमारे 20 जवानों का बलिदान क्यों हुआ है ? हमारे फौजी अफसर चीनी अफसरों से दस-दस घंटे क्या बात कर रहे हैं ? हमारे और चीन के विदेश और रक्षा मंत्री आपस में किन मुद्दों पर बात करते रहे हैं ? उनके बीच जिन पांच मुद्दों पर सहमति हुई है, वे वाकई कोई मुद्दे हैं या कोई टालू मिक्सचर है ? 

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    NationalSep 1, 2020, 11:56 AM IST

    भारतीय सेना ने चीनी सेना के कैमरे और सर्विलांस उखाड़ फेंके, पैंगोंग के विवादित इलाके पर किया कब्जा

    लद्दाख में तैनात भारतीय सेना ने चीन की घुसपैठ की चाल को नाकाम कर दिया। बताया जा रहा है कि इसी के साथ भारतीय सेना ने अहम जगहों पर अपनी स्थिति और मजबूत कर ली है। द टेलिग्राफ की रिपोर्ट के मुताबिक, भारत ने पैंगोंग झील क्षेत्र के आसपास कुछ अहम जगहों पर अपनी पैठ मजबूत कर ली है।

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    NationalJul 9, 2020, 3:27 PM IST

    अमेरिका, जापान और ऑस्ट्रेलिया आए साथ, चीन की जालसाज़ी का पर्दाफाश

    चीन अब बेनकाब हो गया है। अपने तमाम पड़ोसी देशों के लिए किसी न किसी वजह से परेशानी पैदा कर रहे चीन को लेकर विश्व बिरादरी का सब्र जवाब देने लगा है। बुधवार को अमेरिका, जापान और ऑस्ट्रेलिया के रक्षा मंत्रालयों की तरफ से जारी एक संयुक्त बयान में हिंद महासागर क्षेत्र में पैदा हो रहे खतरों को देखते हुए साझा रणनीति बनाने का संकेत दिया गया है। एक दिन पहले भारत और अमेरिका के विदेश मंत्रालयों की तरफ से जारी बयान में भी चीन को लेकर परोक्ष तौर पर रणनीतिक संकेत दिया गया था। बयान में हिंद-प्रशांत क्षेत्र को लेकर रणनीति का संकेत भी था।

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    NationalJul 8, 2020, 4:43 PM IST

    जब चीनी दूतावास पर 800 भेड़ों के साथ पहुंचे गए थे अटल बिहारी वाजपेयी

    भारत और चीन के बीच पिछले दो महीनों से सीमा विवाद को लेकर तनाव जारी है। चीन की ओर से यह घुसपैठ नई बात नहीं है। पहले भी चीन कई बार घुसपैठ कर चुका है। इसका हमेशा से कूटनीतिक तरीके से भारत जवाब देता रहा है। लेकिन 1965 में देश के पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी ने जिस तरह से चीन को जवाब दिया, वह वाकई में इतना अनोखा था कि चीन तिलमिला गया था। 1962 के युद्ध के तीन साल बाद 1965 में चीन ने भारतीय सैनिकों पर भेड़ चोरी करने का आरोप लगाया था। जानिए कैसे अटल बिहारी वाजपेयी ने दिया था इस आरोप का मुंहतोड़ जवाब.

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    NationalJul 1, 2020, 6:41 PM IST

    59 चीनी ऐप्स के बाद अब भारत चीन को देगा एक और बड़ा झटका

    चीन सहित अन्‍य देशों से आने वाले सस्‍ते उत्‍पादों से घरेलू उद्योगों को बचाने के लिए सरकार प्रस्‍तावित सीमा समायोजन कर (बीएटी) को लागू करने पर विचार कर रही है। केंद्रीय इस्पात मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने खुद वित्त मंत्रालय से प्रस्तावित सीमा समायोजन कर (बीएटी) को लगाने का आग्रह किया है। धर्मेंद्र प्रधान ने मंगलवार को बताया कि इस कर के लागू होने से स्थानीय विनिर्माताओं को समान अवसर उपलब्ध हो सकेंगे। प्रस्तावित बीएटी आयातित उत्पादों पर सीमा शुल्क के अतिरिक्त लगाया जाएगा। 

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    NationalJun 29, 2020, 4:00 PM IST

    भारत की इस कमांडो टुकड़ी के सामने टिक नहीं पाएंगे चीनी सेना के मार्शल आर्ट एक्सपर्ट

    अब जबकि वास्तविक नियंत्रण रेखा (एलएसी) पर भारत और चीन के बीच सीमा तनाव कम हो गया है, चीन की पीपुल्स लिबरेशन आर्मी (पीएलए) अपने सैन्य अधिकारियों को प्रशिक्षित करने के लिए मार्शल आर्ट प्रशिक्षकों को नियुक्त कर रही है। चीनी मीडिया की रिपोर्टों के अनुसार, चीनी सैनिकों को प्रशिक्षित करने के लिए कम से कम 20 मार्शल आर्ट प्रशिक्षकों को तिब्बत भेजा गया है। मार्शल आर्ट प्रशिक्षित चीनी सेना का मुकाबला करने के लिए, भारतीय सेना ने अपने घातक कमांडो की टुकड़ी एलएसी पर तैनात की है। 

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    NationalJun 25, 2020, 5:39 PM IST

    अगर चीन से हुई अब कोई भूल तो मोदी सरकार के एक इशारे पर सेना चटा देगी धूल

    लद्दाख में चीन द्वारा शुरू किए गए सीमा विवाद के मद्देनजर भारत सीमा पर पूरी सतर्कता बरत रहा है। कुछ दिन पहले वायुसेना प्रमुख आरकेएस भदौरिया ने लद्दाख का दौरा किया था और अब सेनाध्‍यक्ष जनरल मनोज मुकुंद नरवाने ने भी यहां पहुंचकर तैनात जवानों का मनोबल बढ़ा दिया है।

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    NationalJun 22, 2020, 7:31 PM IST

    अगर चीन को देनी है मात, तो हमें भी देना होगा सेना और सरकार का साथ

    गलवान घाटी में भारतीय सैनिकों पर धोखे से वार करके चीन ने अपने दुश्मन होने का परिचय दे दिया है। विस्तारवादी निरंकुश नीतियों के बूते वह अपने खिलाफ पनप रहे वैश्विक और घरेलू असंतोष का ध्यान भले ही भटकाना चाह रहा हो, लेकिन इस बार उसका पाला ऐसे भारत से पड़ा है, जो मजबूत है, सक्षम है और निर्णायक है। 1962 की बात पुरानी हो चुकी है। धोखेबाज चीन के उत्पादों को नकारकर हम उसकी आर्थिक कमर तोड़ सकते हैं।

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    NationalJun 22, 2020, 4:45 PM IST

    हमें 1962 का भारत समझने की गलती कर रहा है चीन, जल्द मिलेगा करारा जवाब

    1962 के चीन हमले में भारत को पराजय मिली। भारतीय सैनिकों ने जी जान लगा दिया पर उन्हें हार का मुंह देखना पड़ा। इसी पराजय पर चीन इतिहास से सबक लेने का तंज कसता रहा है। फिर से युद्ध जैसे हालात बन रहे हैं। पर ये भारत अब 1962 वाला नहीं रहा। रणनीति हो या हथियार चीन की तुलना में भारत कहीं बराबरी तो कहीं आगे आ खड़ा हुआ है। अपनी सीमाओं की सुरक्षा को लेकर न केवल हम ज्यादा चौकन्ने हैैं, बल्कि हमारी पूर्व तैयारियां भी गर्व कराती हैं। देखें 1962 से अब का अंतर