
नई दिल्ली. हरियाणा सरकार ने वरिष्ठ IAS अधिकारी अशोक खेमका का ट्रांसफर कर दिया है। 27 साल के करियर में यह खेमका का 53वां ट्रांसफर है। 1991 बैच के अधिकारी अशोक खेमका को अब अभिलेख, पुरात्तव और संग्रहालय विभाग का प्रधान सचिव बनाया गया है। इससे पहले मार्च के महीने में खेमका को विज्ञान और प्रौद्योगिकी विभाग का प्रधान सचिव बनाया गया था।
27 साल के करियर में 53वां ट्रांसफर देखकर खेमका का दर्द बाहर आ गया। उन्होंने ट्वीट करते हुए लिखा, "फिर तबादला। लौट कर फिर वहीं। कल संविधान दिवस मनाया गया। आज सर्वोच्च न्यायालय के आदेश एवं नियमों को एक बार और तोड़ा गया। कुछ प्रसन्न होंगे। अंतिम ठिकाने जो लगा, ईमानदारी का ईनाम जलालत।" खेमका के इस ट्वीट के बाद लोगों ने जमकर उनका समर्थन किया और उनकी हौसला आफजाई भी की। कई लोगों ने उन्हें अपना रोल मॉडल बताया। एक यूजर ने लिखा "सत्य परेशान हो सकता है, पराजित नहीं।"
बता दें कि अशोक खेमका ने रॉबर्ट वाड्रा से जुड़े जमीन के घोटाले को उजागर करने में अहम भूमिका निभाई थी। इसके बाद से लगातार उनका ट्रांसफर किया जा रहा है। खेमका जिस भी विभाग में जाते हैं, वहां घोटाल उजागर कर देते हैं। इस वजह से उन्हें 27 सालों में 53 ट्रांसफर झेलने पड़े हैं। कोलकाता में पैदा हुए खेमका ने IIT खड़कपुर से बीटेक और कंप्यूटर साइंस में PHD की है। 2014 में हुड्डा सरकार ने उनका ट्रांसफर परिवहन विभाग में कर दिया था। इस ट्रांसफर को लेकर खासा विवाद हुआ था और सरकार को आलोचना झेलनी पड़ी थी।
National News (नेशनल न्यूज़) - Get latest India News (राष्ट्रीय समाचार) and breaking Hindi News headlines from India on Asianet News Hindi.