गोल्ड स्मगलिंग केस: NIA की स्पेशल कोर्ट ने रबीस हमीद को 5 दिन की रिमांड पर भेजा, 26 अक्टूबर को हुआ था गिरफ्तार

Published : Nov 02, 2020, 12:35 PM ISTUpdated : Nov 11, 2020, 01:55 PM IST
गोल्ड स्मगलिंग केस: NIA की स्पेशल कोर्ट ने रबीस हमीद को 5 दिन की रिमांड पर भेजा, 26 अक्टूबर को हुआ था गिरफ्तार

सार

केरल गोल्ड स्मगलिंग मामले में सोमवार को राष्ट्रीय जांच एजेंसी (NIA) की स्पेशल कोर्ट ने रबीस हमीद को 5 दिन की न्यायिक हिरासत में भेज दिया है। स्मगलिंग मामले में हमीद के खिलाफ यूएई की सरकार द्वारा इंटरपोल को ब्लू कॉर्नर नोटिस जारी किया गया था। इस नोटिस के बाद उन्हें 26 अक्टूबर को कोच्चि एयरपोर्ट से गिरफ्तार किया गया था।

तिरुवनन्तपुरम. केरल गोल्ड स्मगलिंग मामले में सोमवार को राष्ट्रीय जांच एजेंसी (NIA) की स्पेशल कोर्ट ने रबीस हमीद को 5 दिन की न्यायिक हिरासत में भेज दिया है। स्मगलिंग मामले में हमीद के खिलाफ यूएई की सरकार द्वारा इंटरपोल को ब्लू कॉर्नर नोटिस जारी किया गया था। इस नोटिस के बाद उन्हें 26 अक्टूबर को कोच्चि एयरपोर्ट से गिरफ्तार किया गया था। बता दें कि इस मामले में बुधवार को प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने आरोपी पूर्व प्रमुख सचिव एम शिवशंकर हिरासत में ले लिया। ईडी ने शिवशंकर के अलावा एक ड्रग्स केस में सत्तारूढ़ पार्टी सीपीआई (एम) के सचिव कोडरारी बालाकृष्णन के बेटे बिनेश कोडियारी को भी हिरासत में लिया है।

क्या है केरल गोल्ड स्मगलिंग केस?
3 जुलाई को तिरुअनंतपुरम एयरपोर्ट पर कस्टम अफसरों को सूचना मिली थी कि यहां बड़ी मात्रा में सोना पहुंचने वाला है। पड़ताल करने पर पता चला कि कार्गो फ्लाइट के जरिए सोना एयरपोर्ट पहुंचा, जहां कस्टम ने जब्त कर लिया। सोने वाले पैकेट पर जो पता था, वह यूएई के वाणिज्य दूतावास का था। ऐसे में विएना समझौते का पालन करते हुए इस पैकेट को सीनियर अफसर की अनुमति से दूतावास के प्रतिनिधि के सामने खोला गया। इसके बाद दूतावास के प्रतिनिधि सरीथ (पब्लिक रिलेशन एडवाइजर) को हिरासत में लिया गया। सरीथ ने पूछताछ के दौरान स्वप्ना सुरेश का नाम लिया। इस पैकेट में करीब 13 करोड़ रुपए का 30 किलो सोना था।

स्वप्रा सुरेश के जरिए घेरे में विजयन सरकार
स्वप्ना सुरेश टेक्नोलॉजी डिपार्टमेंट में सलाहकार के पद पर रही हैं। वे केरल सरकार के आईटी सचिव एम शिवशंकर की करीबी बताई जा रही हैं। इन दोनों के नाम सामने आने के बाद विपक्ष लगातार केरल के मुख्यमंत्री पी विजयन पर निशाना साध रहा है। बता दें कि मामले में बीते बुधवार को प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने एम शिवशंकर को हिरासत में ले लिया है। विपक्ष का आरोप है कि सरकार सभी आरोपियों को बचाने में लगी है। इन आरोपों के चलते विजयन ने सचिव एम शिवशंकर को भी पद से हटा दिया था।  

एनआईए ने मामले के तार अंडरवर्ल्ड से बताए थे
इससे पहले राष्ट्रीय जांच एजेंसी (एनआईए) ने 10 अक्टूबर को केरल गोल्ड स्मगलिंग मामले में बड़ा खुलासा किया था। एनआईए ने कोच्ची कोर्ट में सौंपे गए लिखित जवाब में कहा है कि इस मामले के तार अंडरवर्ल्ड से जुड़ रहे हैं। दरअसल, एजेंसी को शक है कि आरोपियों का संपर्क गैंग्स्टर दाऊद इब्राहिम से रहा है। एजेंसी ने आरोपियों रमीज केटी और सरफुद्दीन द्वारा दाखिल जमानत याचिका का विरोध करते हुए यह जवाब कोर्ट में दिया है। एजेंसी ने कोर्ट से जमानत मंजूर नहीं करने का अनुरोध भी किया है।

केरल सरकार की हुई थी आलोचना
इस मामले को लेकर केरल सरकार की आलोचना हो रही है। पहले मामले की जांच कस्टम डिपार्टमेंट ने शुरू की थी। खुद को वाणिज्य दूतावास का कर्मचारी बताकर सोना लेने पहुंचे सरित कुमार को हिरासत में लिया गया था। मुख्यमंत्री पिनराई विजयन के प्रिंसिपल सेक्रेटरी आईएस अधिकार एम शिवशंकर का नाम सामने आया था। इसके बाद मुख्यमंत्री ने उन्हें पद से हटा दिया था। बाद में विदेश मंत्रालय ने जांच एनआईए को सौंपने की मंजूरी दे दी थी। इस बीच, 10 अक्टूबर को केरल हाईकोर्ट ने शिवशंकर को प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) द्वारा 23 अक्टूबर तक गिरफ्तार नहीं करने का आदेश दिया था।

PREV

National News (नेशनल न्यूज़) - Get latest India News (राष्ट्रीय समाचार) and breaking Hindi News headlines from India on Asianet News Hindi.

Recommended Stories

12 जनवरी से रेल टिकट बुकिंग में बड़ा बदलाव, जानें सिर्फ कौन लोग बुक कर पाएंगे टिकट
काला चश्मा, काली जैकेट, काली ही वॉच...यूथ दिवस पर देखिए PM मोदी का स्वैग