भारत - चीन सीमा विवाद के बीच भारतीय वायुसेना ने एलएसी के नजदीक रफाल का परिचालन किया शुरू

Published : Sep 21, 2020, 08:59 PM ISTUpdated : Sep 22, 2020, 12:44 PM IST
भारत - चीन सीमा विवाद के बीच भारतीय वायुसेना ने एलएसी के नजदीक रफाल का परिचालन किया शुरू

सार

भारत - चीन सीमा विवाद के बीच भारतीय वायुसेना ने सीमा पर लड़ाकू विमानों की तैनाती कर ली है जिनमें दुनिया का सबसे तेज लड़ाकू विमान रफाल भी शामिल है। वायुसेना इन विमानों का परिचालन पूर्वी लद्दाख में चीन से लगी वास्तविक नियंत्रण रेखा (एलएसी) के पास अपने एक एयरबेस से कर रही है। 

नई दिल्ली. भारत - चीन सीमा विवाद के बीच भारतीय सेना के साथ वायुसेना ने भी सीमा पर मोर्चा संभाला हुआ है। भारतीय वायुसेना ने सीमा पर लड़ाकू विमानों की तैनाती कर ली है जिनमें दुनिया का सबसे तेज लड़ाकू विमान रफाल भी शामिल है। वायुसेना इन विमानों का परिचालन पूर्वी लद्दाख में चीन से लगी वास्तविक नियंत्रण रेखा (एलएसी) के पास अपने एक एयरबेस से कर रही है। वायुसेना ने हाल ही में लड़ाकू विमान रफाल को अपनी गोल्डन स्क्वाड्रन में शामिल किया था।


सरकारी सूत्रों के मुताबिक, बीते दिनों भारत और चीन की सेनाओं के बीच हुई उकसावे की कार्रवाई से पहले पीपुल्स लिबरेशन आर्मी (पीएलए) की वायुसेना ने लद्दाख के इलाकों में अपने लड़ाकू विमान तैनात किए थे। पीएलए की वायुसेना ने लद्दाख में पैंगोंग झील के दक्षिणी तट के पास अपने पांचवीं पीढ़ी के लड़ाकू विमान जे-20 को तैनात कर दिया था। ये विमान अब भी उन इलाकों में उड़ान भर रहे हैं। इसी के मद्देनजर भारत ने भी अंतर्राष्ट्रीय सीमा के अपने नजदीकी एयरबेस पर लड़ाकू विमान तैनात कर दिए थे। जिसमें हाल ही में फ्रांस से लाए लड़ाकू विमानों का भी वायुसेना ने अंतर्राष्ट्रीय सीमा के क्षेत्रों में परिचालन शुरू कर दिया है। भारतीय सेना किसी भी संभावित कार्रवाई पर कड़ी निगरानी रख सके इसलिए रफाल को यहां तैनात किया गया है।

 

PREV

National News (नेशनल न्यूज़) - Get latest India News (राष्ट्रीय समाचार) and breaking Hindi News headlines from India on Asianet News Hindi.

Recommended Stories

इंडियन नेवी का मेगा शो: 72 देशों और 60+ वॉरशिप्स संग IFR 2026, क्या भारत संभालेगा समुद्री नेतृत्व?
असम में इतिहास रचा गया: नेशनल हाईवे पर उतरा PM मोदी का विमान, जानिए क्या है ELF और इसके लाभ?