
दिल्ली. रूस की रोसनेफ्ट के साथ मुकेश अंबानी की रिलायंस इंडस्ट्रीज लिमिटेड ने एक बड़ी डील की है। जिसके तहत साल में कम से कम 3 मिलियन बैरल कच्चे तेल का आयात किया जाएगा। ये तेल सस्ते दामों पर आयात किया जाएगा। ये डील 1 अप्रैल से प्रभावी रहेगी। जिसमें कंपनी को काफी फायदा होगा।
रूसी तेल की खरीद पर प्रतिबंध
आपको बतादें कि ये डील उस समय हुई है। जबकि अमेरिका और यूरोपीय देशों ने रूसी तेल खरीदी पर प्रतिबंध लगा रखा है। ऐसे में रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन द्वारा ये सौदा पश्चिमी देशों के कारोबार को बेहतर बनाने के लिए किया गया है। संभावना है कि रिलायंस रूस से यूराल कच्चे तेल के करीब 10 लाख बैरल के दो कार्गो खरीदेगी। ये तेल दुबई बेंचमार्क की जगह 3 डॉलर प्रति बैरल की छूट पर हर माह चार और कार्गो खरीदने का आप्शन भी रहेगा। यानी सीधे तौर पर कहें तो रिलायंस अब रूस से सस्ते दामों पर तेल खरीदेगा।
इन बैंकों की रहेगी अहम भूमिका
बताया जा रहा है कि रिलायंस द्वारा एचडीएफसी बैंक के माध्यम से रूस से रूबल का उपयोग करके तेल के लिए भुगतान करने पर सहमति प्राप्त की है। इस प्रकार भारत समुद्री मार्ग से रूसी कच्चे तेल की खरीद में सबसे आगे रहेगा। आपको बतादें कि रूस द्वारा यूक्रेन पर किये गए हमले के बाद लगे प्रतिबंध के कारण पश्चिमी देशों ने तेल की खरीदी बद कर दी थी। ऐसे में रूसी तेल के लिए भारत ने रुपए, दिरहम और चीनी युआन में पैमेंट किया है। जिसका लाभ सस्ता तेल मिलकर होगा।
National News (नेशनल न्यूज़) - Get latest India News (राष्ट्रीय समाचार) and breaking Hindi News headlines from India on Asianet News Hindi.