सर्वदलीय बैठक में सोनिया गांधी ने पूछा, क्या खुफिया तंत्र फेल रहा, सरकार ने कहा, नहीं, यह खुफिया विफलता नहीं

Published : Jun 19, 2020, 10:31 PM ISTUpdated : Jun 29, 2020, 06:20 PM IST
सर्वदलीय बैठक में सोनिया गांधी ने पूछा, क्या खुफिया तंत्र फेल रहा, सरकार ने कहा, नहीं, यह खुफिया विफलता नहीं

सार

पूर्वी लद्दाख में चीख की धोखेबाजी के बाद पूरे देश में गुस्सा है। पीएम मोदी ने 20 दलों के नेताओं की सर्वदलीय बैठक बुलाई। बैठक में सोनिया गांधी भी शामिल हुईं। उन्होंने पीएम मोदी से कई तीखे सवाल पूछे। उन्होंने पूछा, चीनी सैनिकों ने किस तारीख को लद्दाख में हमारी सीमा में घुसपैठ की?  

नई दिल्ली. पूर्वी लद्दाख में चीख की धोखेबाजी के बाद पूरे देश में गुस्सा है। पीएम मोदी ने 20 दलों के नेताओं की सर्वदलीय बैठक बुलाई। बैठक में सोनिया गांधी भी शामिल हुईं। उन्होंने पीएम मोदी से कई तीखे सवाल पूछे। उन्होंने पूछा, चीनी सैनिकों ने किस तारीख को लद्दाख में हमारी सीमा में घुसपैठ की? क्या खुफिया तंत्र नाकाम रहा? क्या सरकार को चीनी घुसपैठ की सैटेलाइट इमेज नहीं मिली थी? क्या इंटेलिजेंस की रिपोर्ट नहीं आई थी?


सोनिया के सवाल पर पहले राजनाथ सिंह ने जवाब दिया
सोनिया गांधी ने सवाल पूछा था कि क्या चीनी सैनिकों के धोखे को भांपने में हमारा खुफिया तंत्र नाकाम रहा? इस पर राजनाथ सिंह ने जवाब दिया, नहीं। कोई खुफिया विफलता नहीं थी। वहीं बाकी सवालों पर पीएम मोदी ने जवाब दिया।


पीएम मोदी ने कहा, हमारी सीमा में कोई नहीं घुसा
पीएम मोदी ने विपक्ष के सवालों के जवाब देते हुए कहा, "न तो उन्होंने (चीन) हमारी सीमा में घुसपैठ की है, न ही उनके द्वारा (चीन) किसी पोस्ट पर कब्जा किया गया। हमारे 20 जवान शहीद हो गए। जिन लोगों ने भारत मां की तरफ आंख उठाकर देखा, उन्हें हमारे सैनिक सबक सिखा गए। 


- "आज हमारे पास यह क्षमता है कि कोई भी हमारी जमीन के एक इंच हिस्से को भी नहीं ले सकता है। भारत के सशस्त्र बलों में एक बार में कई क्षेत्रों में जाने की क्षमता है।"


- "चाहे वह तैनाती, कार्रवाई, जवाबी कार्रवाई हो ... हवाई, जमीन या समुद्र, हमारे देश की रक्षा के लिए हमारे सशस्त्र बलों को जो कुछ भी करना है, वे करेंगे।"


- "पिछले कुछ वर्षों में अपनी सीमाओं की रक्षा करने के लिए हमने अपनी सीमाओं की सुरक्षा के लिए बुनियादी ढांचे के विकास को महत्व दिया है। हमारे सशस्त्र बलों की आवश्यकताएं चाहे वह लड़ाकू विमान हों, उन्नत हेलीकॉप्टर, मिसाइल रक्षा प्रणालियां हों, उन्हें महत्व दिया जा रहा है।"


- "अब तक जिन लोगों से कभी पूछताछ नहीं की गई या उन्हें रोका नहीं गया। अब हमारे जवान उन्हें रोकते हैं और उन्हें कई क्षेत्रों में चेतावनी देते हैं।"


- "पहले जिन क्षेत्रों की निगरानी नहीं की गई थी, वहां भी हमारे जवान अब निगरानी करने और एक्शन लेने में सक्षम हैं।"


- "जवान सीमा पर चट्टान की तरह खड़े हैं। चीन ने जो किया, उससे पूरा देश आक्रोशित है, आहत है।


- "मैं आपको आश्वस्त कर रहा हूं, हमारी सेना देश की रक्षा के लिए कोई कसर नहीं छोड़ रही है।"


- "चीन के साथ कूटनीतिक बात भी जारी है। देश की सुरक्षा के लिए सीमा पर निर्माण कार्य जारी। सेना को उचित कार्रवाई के लिए खुली छूट दी गई है। पेट्रोलिंग बढ़ने से सतर्कता बढ़ी है। सेना एक साथ मूवमेंट में सक्षम है।


- "दुनिया को जो संदेश जाना चाहिए वो पहुंचेगा। डिप्लोमैटिक जरियों से भी चीन को अपनी बात दो टूक स्पष्ट कर दी है।

PREV

National News (नेशनल न्यूज़) - Get latest India News (राष्ट्रीय समाचार) and breaking Hindi News headlines from India on Asianet News Hindi.

Recommended Stories

मकर संक्रांति: कहीं गर्दन की हड्डी रेती तो कहीं काटी नस, चाइनीज मांझे की बेरहमी से कांप उठेगा कलेजा
Ariha Shah Case: साढ़े 4 साल से Germany में फंसी मासूम, मौसी ने बताया क्या है पूरा मामला