इस प्रदर्शन को पटना यूनिवर्सिटी के करीब 15 छात्र संगठनों का भी समर्थन हासिल था। इन संगठनों ने पेपर लीक के ख़िलाफ़ कार्रवाई, बेरोज़गारी, सीवान प्रोटेस्ट में घायल हुए एक व्यक्ति को मुआवज़ा और पहले के प्रदर्शनों में गिरफ़्तार छात्रों की रिहाई जैसी कई मांगों को लेकर 'CM हाउस घेराव' का ऐलान किया था।