Unique Temple: जमीन के अंदर है देवी का ये मंदिर, सिर्फ कुछ घंटों के लिए खुलता है, खिड़की से होते हैं दर्शन

Published : Jun 02, 2025, 10:44 AM ISTUpdated : Jun 02, 2025, 04:48 PM IST
kashi varahi devi temple varanasi

सार

unique temples of india: काशी को भगवान शिव का घर कहा जाता है। यहां अनेक प्राचीन और चमत्कारी मंदिर हैं, जिनके बारे में लोगों को कम ही जानकारी है। ऐसा ही एक मंदिर है वाराही देवी का। ये मंदिर सुबह कुछ घंटों के लिए ही खुलता है।

Varahi Devi Temple Kashi: काशी भारत के सबसे प्राचीन शहरों में से एक है। सप्तपुरी यानी सबसे पुराने और धार्मिक शहरों में से भी काशी एक है। इसे भगवान शिव का घर कहते हैं। काशी में अनेक प्राचीन और चमत्कारी मंदिर हैं जिनके बारे में कम ही लोगों को जानकारी है। ऐसा ही एक मंदिर है वाराही देवी का। ये मंदिर दशाश्वमेध क्षेत्र के मानमंदिर घाट के नजदीक स्थित है। कहते हैं कि वाराही देवी क्षेत्र पालिका के रूप में काशी की रक्षा करती हैं। आगे जानिए इस मंदिर से जुड़ी रोचक बातें…

क्यों खास है देवी वाराही का ये मंदिर?

काशी में स्थित देवी वाराही की ये प्रतिमा स्वयंभू है यानी ये स्वयं यहां प्रकट हुई है, ऐसा कहा जाता है। ये मंदिर यहां किसने बनाया, इसकी भी कोई जानकारी नहीं है। ये मंदिर जमीन के एक तल नीचे हैं जिसके ऊपर की ओर एक झरोखा यानी खिड़की है, भक्त यहीं से देवी के दर्शन करते हैं। खास बात ये है कि का ये मंदिर सुबह 5 बजे खुलता है और 8:30 पर बंद हो जाता है यानी 24 घंटों में से सिर्फ साढ़े तीन घंटे ही भक्त माता के दर्शन कर पाते हैं। मंदिर के गर्भ गृह में पुजारी के अलावा और कोई नहीं जा सकता।

कौन हैं देवी वाराही?

वाराही देवी का वर्णन अनेक ग्रंथों में मिलता है। ये चौंसठ योगिनियों में 28 वां स्थान माता वाराही का है। ये देवी भगवान विष्णु के वराहावतार का शक्ति रूप हैं। इनका शीश जंगली सूकर का है। इनके बारे में ये भी कहा जाता है कि जब देवी दुर्गा का असुरों से युद्ध हुआ तब देवी वाराही ही उस सेना की सेनापति थीं। उन्होंने अपनी शक्तियों से अनेक पराक्रमी असुरों का वध किया। ऐसा भी कहा जाता है इसी स्थान पर देवी सती का दांत गिरा था। इसलिए इसे शक्तिपीठ भी माना जाता है।

देवी वाराही के दर्शन से दूर होता है हर डर

कहा जाता है कि जो भी व्यक्ति देवी वाराही के दर्शन करता है, उसका हर डर दूर हो जाता है साथ ही उसकी हर मनोकामना भी पूरी होती है। अगर कोई दुश्मन परेशान कर रहा हो तो देवी के दर्शन करने से ही सर्वशत्रुओं का नाश हो जाता है और वह व्यक्ति काशी क्षेत्र का निवासी हो जाता है।


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इस आर्टिकल में जो जानकारी है, वो ज्योतिषियों द्वारा बताई गईं हैं। हम सिर्फ इस जानकारी को आप तक पहुंचाने का एक माध्यम हैं। यूजर्स इन जानकारियों को सिर्फ सूचना ही मानें।

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