
जोहान्सबर्ग: क्रिकेट फैंस का इंतजार खत्म हुआ! अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट परिषद (ICC) ने 2027 में होने वाले वनडे क्रिकेट वर्ल्ड कप के वेन्यू और ऑफिशियल लोगो का ऐलान कर दिया है। 24 साल के लंबे गैप के बाद वनडे वर्ल्ड कप की अफ्रीका में वापसी हो रही है। इस बार दक्षिण अफ्रीका, जिम्बाब्वे और नामीबिया मिलकर टूर्नामेंट को होस्ट करेंगे। वर्ल्ड कप 2027 के अक्टूबर-नवंबर महीने में खेला जाएगा।
टूर्नामेंट में 14 टीमें हिस्सा लेंगी और कुल 12 मैदानों पर मैच खेले जाएंगे। इस ऐलान की सबसे बड़ी हाईलाइट जिम्बाब्वे का मोसी-ओ-तुन्या इंटरनेशनल स्टेडियम है। यह स्टेडियम दुनिया के सात अजूबों में से एक विक्टोरिया फॉल्स के पास बनाया गया है।
वांडरर्स स्टेडियम (जोहान्सबर्ग), सुपरस्पोर्ट पार्क (सेंचुरियन), न्यूलैंड्स (केप टाउन), किंग्समीड (डरबन), सेंट जॉर्ज पार्क (गेबेहा), मंगाउंग ओवल (ब्लोमफोंटेन), बोलैंड पार्क (पार्ल), और बफेलो पार्क (ईस्ट लंदन/कूगोम्पो)।
जिम्बाब्वे में 3 ग्राउंड्स पर मैच होंगे: मोसी-ओ-तुन्या इंटरनेशनल स्टेडियम (विक्टोरिया फॉल्स), हरारे स्पोर्ट्स क्लब (हरारे), और क्वींस स्पोर्ट्स क्लब (बुलावायो)। वहीं, नामीबिया के सिर्फ एक ग्राउंड, विंडहोक के नामीबिया क्रिकेट ग्राउंड को चुना गया है।
जोहान्सबर्ग के इनांडा पोलो क्लब में हुए एक रंगारंग कार्यक्रम में वर्ल्ड कप का लोगो लॉन्च किया गया। इस मौके पर दक्षिण अफ्रीका के पूर्व कप्तान ग्रीम स्मिथ, हाशिम अमला, टेम्बा बावुमा, कैगिसो रबाडा और जिम्बाब्वे के हैमिल्टन मसाकाद्जा जैसे बड़े खिलाड़ी मौजूद थे।
टूर्नामेंट की टैगलाइन "मेक द सर्कल बिगर" रखी गई है, जो अफ्रीकी फिलॉसफी 'उबुंटू' पर आधारित है, जिसका मतलब है "मैं हूं, क्योंकि हम हैं"। लोगो का डिजाइन अफ्रीका की पारंपरिक बुनाई वाली टोकरियों से प्रेरित है। इसमें 'जिम्बाब्वे चिली', 'नामीब ड्यून', 'हरारे डॉन', और 'टू ओशियंस' जैसे लोकल रंगों का इस्तेमाल किया गया है। ICC चेयरमैन जय शाह ने कहा कि यह टूर्नामेंट अफ्रीकी संस्कृति और खेल के जुनून का एक शानदार संगम होगा।
A star-studded evening in Johannesburg as the #CWC27 venues were announced 🤩
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14 टीमों वाले इस टूर्नामेंट में कुल 57 मैच होंगे। लेकिन ICC के नए तीन-स्टेज वाले फॉर्मेट पर अभी से विवाद शुरू हो गया है। नए फॉर्मेट के मुताबिक, सुपर सीरीज में निचली रैंक वाली 3 क्वालिफायर टीमें भिड़ेंगी। ग्रुप स्टेज में 6-6 टीमों के 2 ग्रुप होंगे, जिसमें 30 मैच खेले जाएंगे। इसके बाद टॉप 7 टीमों के बीच सुपर सेवन राउंड होगा, जिसमें 21 मैच होंगे।
नीदरलैंड्स के कप्तान स्कॉट एडवर्ड्स, स्कॉटलैंड के कप्तान रिची बेरिंगटन और नामीबिया के कप्तान गेरहार्ड इरास्मस ने इस फॉर्मेट की आलोचना की है। उनका कहना है कि यह नई और छोटी टीमों (एसोसिएट देशों) के लिए मुश्किलें पैदा करेगा। वहीं, ऑस्ट्रेलियाई कोच एंड्रयू मैकडॉनल्ड ने मांग की है कि टीम स्क्वॉड की लिमिट 17 की जानी चाहिए, क्योंकि फाइनल तक पहुंचने वाली टीम को 15 मैच तक खेलने पड़ सकते हैं।