ह्यूस्टन: वर्ल्ड कप में अपने खिताबी सूखे को खत्म करने का सपना देख रही ब्राज़ील के सामने पहले नॉकआउट (राउंड ऑफ 32) मैच में ही बड़ी चुनौती है। उसका सामना एशियाई पावरहाउस जापान से होगा। फुटबॉल फैंस को जिस बड़े मुकाबले का इंतज़ार है, वो आज भारतीय समय के मुताबिक रात 10:30 बजे ह्यूस्टन में खेला जाएगा।
ब्राज़ील ग्रुप सी में एक भी मैच हारे बिना टॉप पर रहकर नॉकआउट में पहुंचा है। सुपरस्टार विनीसियस जूनियर की अगुवाई में टीम का फॉरवर्ड अटैक शानदार फॉर्म में है। भले ही टीम के खेलने का तरीका पहले जैसा धाकड़ न हो, लेकिन कोच कार्लो एंसेलोटी की टीम अपनी कमियों से पार पाकर एक यूनिट की तरह आगे बढ़ रही है। मिडफील्ड और डिफेंस, दोनों ही मज़बूत हैं, जिससे ब्राज़ील का आत्मविश्वास बढ़ा हुआ है। जहां ब्राज़ील स्टार खिलाड़ियों के दम पर ज़्यादा निर्भर करती है, वहीं जापान की असली ताकत उसकी टीम स्पिरिट है। जापान ने नीदरलैंड्स और स्वीडन जैसे मुश्किल ग्रुप से बिना कोई मैच हारे प्री-क्वार्टर फाइनल का टिकट कटाया है।
कोच हाजिमे मोरियासु की देखरेख में जापान की टीम तेज़-तर्रार मूव्स और सटीक प्रेसिंग गेम के लिए जानी जाती है। यह टीम किसी भी बड़े उलटफेर का माद्दा रखती है। मैदान पर विरोधी टीम को ज़रा भी स्पेस न देने वाली जापान की तेज़ रफ्तार वाली फुटबॉल को रोकने के लिए एंसेलोटी क्या रणनीति अपनाते हैं, इसी पर मैच का नतीजा निर्भर करेगा।
हाल के प्रदर्शन ने जापान को काफी आत्मविश्वास दिया है। अक्टूबर 2025 में जब दोनों टीमें आखिरी बार एक दोस्ताना मैच में भिड़ी थीं, तो जापान ने ब्राज़ील को 3-2 से हराकर सबको चौंका दिया था। जापान उसी जीत को दोहराने के इरादे से उतरेगा। हालांकि, वर्ल्ड कप जैसे बड़े मंच पर ब्राज़ील के अनुभव को पार पाना उसके लिए आसान नहीं होगा। एक तरफ विनीसियस की रफ्तार होगी तो दूसरी तरफ समुराई योद्धाओं का जोश। ऐसे में यह मुकाबला बेहद रोमांचक होने की उम्मीद है।