
हटके डेस्क। अब राजा-महाराजाओं का समय नहीं रहा। लेकिन आपको यह जानकर हैरत होगी कि नगालैंड के कोनयाक जनजाति के एक राजा की 60 बीवियां हैं और सभी एक साथ रहती हैं। राजा अपनी 60 पत्नियों के साथ काफी खुशहाल जिंदगी बिताता है। नगालैंड के लोंगवा गांव में रहने वाले राजा के अधीन करीब 75 गांव आते हैं। यह गांव आधा भारत तो आधा म्यांमार में पड़ता है। कोनयाक जनजाति नगालैंड की सबसे खूंखार जनजाति मानी जाती है। इस जनजाति के लोग इंसानों का शिकार करते हैं और इन्हें हेड हंटर्स कहा जाता है। इनके चेहरे पर टैटू बने होते हैं। यहां का राजा बिना किसी पासपोर्ट या वीजा के म्यांमार जा सकता है। यहां के लोग भी बिना किसी रोक-टोक के म्यांमार आते-जाते रहते हैं।
60 वीवियों के साथ रहता है राजा
इस जनजाति का राजा अपनी 60 बीवियों के साथ काफी खुशहाल जिंदगी बिताता है। राजा की पत्नियां उसका काफी ख्याल रखती हैं और उसकी हर इच्छा पूरा करती हैं। उनमें आपस में कभी कोई लड़ाई नहीं हुई। इस राजा के अधिकार क्षेत्र में जो गांव आते हैं, वहां बाहरी लोग नहीं जाते।
दुश्मनों की खोपड़ी जमा करते हैं ये हेड हंटर्स
सबसे पहले अंग्रेजों ने इस कबीले का पता लगाया था। यह कबीला इतना खूंखार है कि बाहरी लोगों या अपने दुश्मनों का सिर काट कर उनकी खोपड़ी जमा करता है। कबीले के लोगों का यह विश्वास है कि ऐसा करने से फसल अच्छी होती है। कहा जाता है कि ये इस शर्त पर ही किसी को नहीं मारते हैं कि वह उन्हें कोई गिफ्ट दे। अगर कोई उन्हें गिफ्ट देता है तो उसे ये अपना दोस्त मानते हैं और उसे अपने घर में ले जाकर खाना खिलाते हैं।
राजा का घर आधा है भारत में तो आधा म्यांमार में
इस राजा का घर आधा भारत तो आधा म्यांमार की सीमा में पड़ता है। इस राजा का एक लड़का म्यांमार की सेना में काम करता है। हेड हंटिंग के साथ चेहरे पर टैटू बनवाना यहां के लोगों का शौक है। ये गले में एक हार पहनते हैं, जिससे पता चलता है कि उन्होंने कितने लोगों का सिर काटा और खोपड़ी जमा की है। जिस शख्स ने सबसे ज्यादा लोगों के सिर काट कर उनकी खोपड़ी जमा की होती है, उसे बहुत ताकतवर योद्धा और वीर माना जाता है। फिलहाल, हेड हंटिंग की परंपरा अब यहां कम होती जा रही है, फिर भी इस इलाके में बाहरी लोगों का आना खतरे से खाली नहीं है।
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