अक्टूबर-नवबंर के महीने में दिल्ली-एनसीआर के इलाकों में प्रदूषण का स्तर सातवें आसमान पर चल रहा था। लेकिन अब राहत की सांस लोगों ने ली है।
दिल्ली के प्रदूषण स्तर को गिरता देख सुप्रीम कोर्ट ने ग्रैप 4 की पाबंदियों को हटा दिया है। साथ ही कहा है कि वायु गुणवत्ता प्रबंधन आयोग पांबदियों को ग्रैप 2 से नीचे न ले जाए।
CAQM और दिल्ली सरकार के ढीले रवैए को देखते हुए सुप्रीम कोर्ट ने पूरे एनसीआर में तुरंत ग्रैप 4 को लागू करने के लिए कहा था।
जस्टिस अभय एस ओका और ऑगस्टिन जॉर्ज मसीह की बेंच ने ये फैसला सुनाते हुए कहा कि उन्हें भले ही ग्रैप 4 हटाने की इजाजत है, लेकिन ग्रैप 2 से नीचे न जाए।
दिल्ली सरकार पर भी सुप्रीम कोर्ट बरसाता हुआ दिखाई दिया। ऐसा इसीलिए क्योंकि कोर्ट के साफ निर्देश देने के बाद भी निर्माण मजदूर को मुआवजा देने में कोताही बरती गई।