Unified Pension Scheme: यूनिफाइड पेंशन स्कीम (UPS) 1 अप्रैल 2025 से लागू होगी। यह योजना सरकारी कर्मचारियों को निश्चित पेंशन सुरक्षा देगी। जानें UPS और NPS में अंतर।
UPS sarkari employees pension: ओल्ड पेंशन स्कीम बंद कर एनपीएस लागू होने के बाद सरकारी कर्मचारी लगातार बीजेपी सरकार के खिलाफ मोर्चा खोले हुए थे। ओल्ड पेंशन स्कीम लागू करने के लिए संघर्षरत कर्मचारियों के लिए मोदी सरकार ने यूनिफाइड पेंशन स्कीम लागू करने का ऐलान किया है। पहली अप्रैल से यह स्कीम लागू होगी। हालांकि, सरकारी कर्मचारी इसको लेकर अभी असमंजस में हैं। मोदी सरकार द्वारा यूनिफाइड पेंशन स्कीम (Unified Pension Scheme - UPS) की घोषणा 2024 में की गई थी। सरकार का दावा है कि यह नई पेंशन योजना कर्मचारियों को एक सुनिश्चित पेंशन सुरक्षा (Guaranteed Pension Security) प्रदान करने के उद्देश्य से लाई गई है।
अगर आप सरकारी कर्मचारी हैं और पहले से नेशनल पेंशन सिस्टम (NPS) का हिस्सा हैं, तो आपके पास यूपीएस चुनने (Switch to UPS) का विकल्प होगा।
फिलहाल, UPS योजना सिर्फ केंद्र सरकार के कर्मचारियों के लिए उपलब्ध है, लेकिन भविष्य में इसे राज्य सरकार के कर्मचारियों (State Government Employees) के लिए भी लागू किया जा सकता है।
2004 में सरकार ने ओल्ड पेंशन स्कीम (OPS) को बंद कर NPS की शुरुआत की। 2009 में इसे आम नागरिकों, NRI, स्व-रोज़गार (Self-employed) और असंगठित क्षेत्र (Unorganized Sector) के श्रमिकों के लिए भी खोल दिया गया।
कर्मचारी के वेतन से एक निश्चित राशि कटती है, जिसे मार्केट-आधारित निवेश योजनाओं (Market-based Investment Schemes) में लगाया जाता है।
रिटायरमेंट पर निवेश की गई राशि का 60% एकमुश्त निकाला जा सकता है, जबकि 40% ऐन्युटी (Annuity) में अनिवार्य रूप से निवेश करना पड़ता है जिससे मासिक पेंशन मिलती है।
यूनिफाइड पेंशन स्कीम (UPS) को कई लोग ओल्ड पेंशन स्कीम (OPS) की वापसी की तरह देख रहे हैं लेकिन इसमें NPS जैसी कुछ निवेश-आधारित विशेषताएं भी शामिल हैं।