
नई दिल्ली: दूरसंचार नियामक ट्राई ने दूरसंचार कंपनियों से प्रीपेड ग्राहकों की वैधता अवधि बढ़ाने के लिए कहा है, ताकि 21 दिन के राष्ट्रव्यापी लॉकडाउन के दौरान ग्राहकों को निर्बाध सेवा मिल सके। भारतीय दूरसंचार विनियामक प्राधिकरण (ट्राई) ने ऐसे ग्राहकों को ‘प्राथमिकता के साथ’ निर्बाध दूरसंचार सेवाएं देने पर कंपनियों की पहल की भी जानकारी मांगी है।
ट्राई ने रविवार को सभी कंपनियों से कहा, ‘‘सार्वजनिक बंद के दौरान प्रीपेड ग्राहकों को निर्बाध सेवाएं मिल सकें इसके लिए आपको उनकी वैधता बढ़ाने समेत अन्य आवश्यक कदम उठाने की जरूरत है।’’ ट्राई का यह निर्देश 21 दिन की राष्ट्रव्यापी बंद के दौरान लोगों को रिचार्ज कूपन और अन्य भुगतान विकल्पों की उपलब्धता सुनिश्चित करने के क्रम में आया है।
21 दिन की राष्ट्रव्यापी बंद की घोषणा
कोरोना वायरस के सामुदायिक फैलाव को रोकने के लिए सरकार ने देशभर में 24 मार्च को 21 दिन की राष्ट्रव्यापी बंद की घोषणा की थी। ट्राई ने कहा, ''दूरसंचार सेवाओं को अनिवार्य सेवाओं के दायरे में रखा गया है और उसे इस बंद से छूट दी गयी है। हालांकि इस बंद से ग्राहक देखभाल केंद्रों और बिक्री केंद्रों पर विपरीत प्रभाव पड़ा है।''
ट्राई ने कंपनियों को वैधता बढ़ाने पर विचार
नियामक ने कहा कि ऐसे में संभावना है कि प्रीपेड ग्राहक अपना टॉपअप या वैधता बढ़वाना चाहें। इसमें ऑफलाइन इन सुविधाओं का इस्तेमाल करने वाले ग्राहकों को दिक्कत का सामना करना पड़ सकता है या उनकी सेवा बाधित हो सकती है। इसलिए ट्राई ने कंपनियों को वैधता बढ़ाने पर विचार करने के लिए कहा है।
(यह खबर समाचार एजेंसी भाषा की है, एशियानेट हिंदी टीम ने सिर्फ हेडलाइन में बदलाव किया है।)
(फाइल फोटो)
व्यापार समाचार: Read latest business news in Hindi, Investment News, Insurance News, Personal Finance Tips & Budget News Live Updates at Asianet Hindi News