Layoffs in Argentina: राष्ट्रपति माइली ने राज्य में बड़ी छंटनी का दिया संकेत, 70,000 लोगों की जायेगी जॉब

Published : Mar 27, 2024, 11:43 AM ISTUpdated : Mar 27, 2024, 12:07 PM IST
president javier milei argentina

सार

Layoffs in Argentina:राष्ट्रपति जेवियर माइली 70,000 राज्य नौकरियों में कटौती की योजना बना चुके हैं। ऐसा कहा जा रहा है कि ऐसा करने के बाद उन्हें श्रमिक संघों के भारी विरोध का सामना करना पड़ सकता है। जानिए पूरी डिटेल

Layoffs in Argentina: ब्लूमबर्ग की एक रिपोर्ट के अनुसार अर्जेंटीना के राष्ट्रपति जेवियर माइली ने आने वाले महीनों में 70,000 सरकारी कर्मचारियों की छंटनी करने का इरादा जताया है। हालांकि यह प्लांड छंटनी अर्जेंटीना के 3.5 मिलियन पब्लिक सेक्टर के कर्मचारियों का केवल एक छोटा सा हिस्सा है, बावजूद इसके कारण संभावना है कि माइली को बड़े श्रमिक संघों के प्रतिरोध का सामना करना पड़ सकता है।

राज्य कर्मचारियों के 70,000 कॉन्ट्रैक्ट जल्द होंगे खत्म

मंगलवार को एक भाषण में अर्जेंटीना के राष्ट्रपति जेवियर माइली ने इस बात पर प्रकाश डाला कि छंटनी की सामान्य लहर के बीच राज्य कर्मचारियों के 70,000 कॉन्ट्रैक्ट जल्द ही समाप्त होने वाले हैं। वह ब्यूनस आयर्स में इंटरनेशनल इकोनॉमिक फोरम ऑफ अमेरिका (आईईएफए) द्वारा आयोजित एक सम्मेलन में बोल रहे थे।

50,000 कर्मचारी पहले किये जा चुके हैं बाहर

माइली ने बुधवार को ब्यूनस आयर्स के फोर सीजन्स होटल के कॉन्फ्रेंस फ्लोर पर कहा, हमने प्रांतों में विवेकाधीन तबादलों को खत्म कर दिया, हमने 50,000 सार्वजनिक कर्मचारियों को भी बर्खास्त कर दिया। इतना ही नहीं - जॉब कॉन्ट्रैक्ट समाप्त कर दिए गए, ध्यान दें कि अब और भी अनुबंध समाप्त हो रहे हैं और 70,000 अनुबंध समाप्त होने वाले हैं।

 

 

वर्कर्स यूनियनों का विरोध शुरू

इससे पहले मंगलवार को, सार्वजनिक कर्मचारियों का प्रतिनिधित्व करने वाली यूनियनों में से एक एसोसिएशन ऑफ स्टेट वर्कर्स (एटीई) ने छंटनी की सामान्य लहर के खिलाफ विभिन्न शहरों में विरोध प्रदर्शन किया। 

31 मार्च तक खत्म कर दिये जायेंगे 70,000 जॉब कॉन्ट्रैक्ट

एटीई की ब्यूनस आयर्स सिटी ब्रांच के प्रवक्ता, रोमिना पिकिरिलो ने हेराल्ड को बताया कि कुछ राज्य कर्मचारी अस्थायी अनुबंधों के तहत कार्यरत हैं जिन्हें अनिश्चित काल के लिए सालाना नवीनीकृत किया जाता है। उन्होंने कहा कि यूनियन के प्रतिनिधियों से मिली जानकारी के आधार पर वे माइली के समान ही संख्या पर पहुंचे, 31 मार्च को 70,000 अनुबंध समाप्त होने की उम्मीद थी। हालांकि उन्होंने कहा कि माइली के आईईएफए भाषण से पहले उन्होंने गणना की थी कि केवल 15 से 30% के बीच कॉन्ट्रैक्ट रिन्यूअल नहीं किया जाएगा।

70,000 कर्मचारी इस सेक्टर से

पिकिरिलो ने कहा कि वे 70,000 कर्मचारी जिनके जॉब कॉन्ट्रैक्ट खत्म होंगे वे देश के सभी राज्य संगठनों - ह्यूमन कैपिटल, मिनिस्ट्री ऑफ साइंस एंड इकोनॉमी, सोशल सिक्योरिटी एजेंसी,एनर्जी सेक्रिटेरियट और अन्य से संबंधित हैं।

वीडियो हो रहा था वायरल

इससे पहले एक वीडियो भी वायरल हो रहा था जिसमें दिखाया गया था कि कैसे एक कर्मचारी को ऑफिस में एंट्री से रोका गया। हालांकि इस वीडियो को गलत बताया जा रहा है क्योंकि इन 70 हजार लोगों का जॉब कॉन्ट्रैक्ट 31 मार्च को खत्म हो रहा है। वहीं कहा गया है कि मंत्रालय के सभी कॉन्ट्रैक्ट में से मात्र 15 प्रतिशत ही जॉब कॉन्ट्रैक्ट रिन्यूअल नहीं किया जायेगा।

ये भी पढ़ें

CUET UG 2024 Registration: आवेदन की लास्ट डेट बढ़ी, अब 31 मार्च तक करें अप्लाई, Direct Link

विधायक रह चुके परदादा के नक्शेकदम पर कंगना रनौत, जानिए कितनी की पढ़ाई

PREV

Education News: Read about the Latest Board Exam News, School & Colleges News, Admission news in hindi, Cut-off list news - Asianet Hindi

AT
About the Author

Anita Tanvi

अनीता तन्वी। मीडिया जगत में 15 साल से ज्यादा का अनुभव। मौजूदा समय में ये एशियानेट न्यूज हिंदी के साथ जुड़कर एजुकेशन सेगमेंट संभाल रही हैं। इन्होंने जुलाई 2010 में मीडिया इंडस्ट्री में कदम रखा और अपने करियर की शुरुआत प्रभात खबर से की। पहले 6 सालों में, प्रभात खबर, न्यूज विंग और दैनिक भास्कर जैसे प्रमुख प्रिंट मीडिया संस्थानों में राष्ट्रीय, अंतरराष्ट्रीय, ह्यूमन एंगल और फीचर रिपोर्टिंग पर काम किया। इसके बाद, डिजिटल मीडिया की दिशा में कदम बढ़ाया। इन्हें प्रभात खबर.कॉम में एजुकेशन-जॉब/करियर सेक्शन के साथ-साथ, लाइफस्टाइल, हेल्थ और रीलिजन सेक्शन को भी लीड करने का अनुभव है। इसके अलावा, फोकस और हमारा टीवी चैनलों में इंटरव्यू और न्यूज एंकर के तौर पर भी काम किया है।Read More...

Recommended Stories

Education Budget 2026: लड़कियों के हॉस्टल, नई यूनिवर्सिटी टाउनशिप्स- छात्रों के लिए क्या-क्या नया?
Parth Pawar Education: कितने पढ़े-लिखे हैं पार्थ पवार? HR कॉलेज से UK तक की पढ़ाई और राजनीति का सफर