
करियर डेस्क. हर जून के महीने में फादर्स डे (Fathers Day 2022) मनाया जाता है। इस दिन बच्चे अपने पिता को अहसास दिलाते हैं कि वो उनके लिए कितने खास हैं। फादर्स डे के मौके पर हम आपको एक ऐसे पिता की कहानी बता रहे हैं। जिसने अपने बेटे के लिए वो किया जो शायद एक पिता के अलावा कोई और नहीं कर सकता है। बेटे की पढ़ाई नहीं रूके इसलिए पिता ने बेटे को साइकिल में बैठाकर 105 किमी साइकिल चलाकर उसे एग्जाम सेंटर तक पहुंचाया। ये कहानी है 2020 के लाॉकडाउन की।
दरअसल, मध्यप्रदेश के धार जिले के रहने वाले शोभाराम ने अपने बेटे को 10वीं क्लास के कंपार्टमेंट एग्जाम दिलाने के लिए 105 किलो मीटर साइकिल चलाकर उसे परीक्षा के लिए पहुंचाया था। लॉकडाउन के कारण सड़कों पर वाहन नहीं चल रहे थे। लेकिन बेटे को परीक्षा दिलाना जरूरी थी ऐसे में उन्होंने अपनी साइकिल से ही रास्ता तय किया। 8 घंटे साइकलि चलाने के बाद भी वो बेटे को लेकर एग्जाम सेंटर में केवल 15 मिनट पहले पहुंचे थे। खाने के लिए उनके पास पैसे नहीं थे इसलिए घर से ही तीन दिनों का खाना लेकर आए थे।
शोभाराम मजदूर हैं और वो अनपढ़ हैं। ऐसे में उन्होंने कहा था कि वो नहीं चाहते थे कि उनका बेटा भी अनपढ़ रहे और मजदूरी करे। इसलिए शोभाराम ने तय किया वह अपने बेटे की परीक्षा नहीं रूकने देंगे। उन्होंने 8 घंटे में 105 किमी साइकिल चलाई। शोभाराम ने बताया था कि उनकी हैसियत साइकिल खरीदने की भी नहीं थी। जिस साइकिल से वो अपने बेटे को लेकर आए थे वो साइकिल उनके बेटे को 9वीं क्लास में मिली थी।
आनंद महिन्द्रा ने की थी तारीफ
शोभाराम की ये तस्वीर सोशल मीडिया में जमकर वायरल हुई थी। इस वायरल फोटो पर बिजनेसमैन आनंद महिन्द्रा भी प्रभावित हुए थे। उन्होंने शोभाराम की तारीफ की थी। इसके साथ ही उन्होंने बेटे की पढ़ाई का खर्च भी उठाया था।
इसे भी पढ़ें- Fathers Day 2022: बेटा IPS बने इसलिए पिता ने पहले बेची जमीन फिर किडनी बेचने को था तैयार, पढ़ें इमोशनल स्टोरी
Education News: Read about the Latest Board Exam News, School & Colleges News, Admission news in hindi, Cut-off list news - Asianet Hindi