Aaj Ka Panchang 16 अगस्त 2022 का पंचांग: मंगलवार को रेवती नक्षत्र होने से बनेगा शुभ योग, जानें राहुकाल का समय

Published : Aug 16, 2022, 05:30 AM IST
Aaj Ka Panchang 16 अगस्त 2022 का पंचांग: मंगलवार को रेवती नक्षत्र होने से बनेगा शुभ योग, जानें राहुकाल का समय

सार

16 अगस्त को भाद्रमास मास के कृष्ण पक्ष की पंचमी तिथि है। सोमवार को रेवती नक्षत्र होने से शुभ नाम का योग इस दिन रहेगा। साथ ही इस दिन शूल नाम का एक अन्य योग भी रहेगा। मंगलवार को राहुकाल दोपहर 03:43 से शाम 05:19 तक रहेगा।   

उज्जैन. भारत में कई तरह के पंचांग प्रचलित हैं। लेकिन सर्वाधिक प्रचलित पंचांग है विक्रम, जो भारत के उत्तरी, पश्चिमी और मध्य भाग में प्रचलित है। इसके बाद तमिल पंचांग का उपयोग किया जाता है जो दक्षिण भारत में प्रचलित है। मलयालम पंचांग केरल में प्रचलित है। हमारे आस-पास के देश नेपाल, कम्बोडिया, लाओस, थाईलैण्ड, बर्मा, श्रीलंका आदि में भी स्थानीय पंचांग का उपयोग किया जाता है। आगे जानिए आज के पंचांग से जुड़ी खास बातें…

16 अगस्त का पंचांग (Aaj Ka Panchang 16 August 2022)
16 अगस्त 2022, दिन मंगलवार को भाद्रमास मास के कृष्ण पक्ष की पंचमी तिथि है। इस दिन गोगा पंचमी का व्रत किया जाएगा। इस दिन सूर्योदय रेवती नक्षत्र में होगा, जो दिन भर रहेगा। सोमवार को रेवती नक्षत्र होने से शुभ नाम का योग इस दिन रहेगा। साथ ही इस दिन शूल नाम का एक अन्य योग भी रहेगा। मंगलवार को राहुकाल दोपहर 03:43 से शाम 05:19 तक रहेगा। इस दौरान कोई भी शुभ काम न करें।   

ग्रहों की स्थिति कुछ इस प्रकार रहेगी...
मंगलवार को चंद्रमा मीन राशि में, इस दिन मंगल वृषभ राशि में, शुक्र कर्क राशि में, बुध सिंह राशि में, सूर्य कर्क राशि में, शनि मकर राशि (वक्री), राहु मेष राशि में, गुरु मीन राशि में (वक्री) और केतु तुला राशि में रहेंगे। मंगलवार को उत्तर दिशा की यात्रा नहीं करनी चाहिए। यदि निकलना पड़े तो गुड़ खाकर यात्रा पर जाना चाहिए।

16 अगस्त के पंचांग से जुड़ी अन्य खास बातें
विक्रम संवत- 2079
मास पूर्णिमांत- भादौ
पक्ष- कृष्ण
दिन- मंगलवार
ऋतु- वर्षा
नक्षत्र- रेवती
करण- कौलव और तैतिल
सूर्योदय - 6:07 AM
सूर्यास्त - 6:55 PM
चन्द्रोदय - Aug 16 10:08 PM
चन्द्रास्त - Aug 17 11:03 AM
अभिजीत मुहूर्त- दोपहर 12:05 से 12:56 तक

16 अगस्त का अशुभ समय (इस दौरान कोई भी शुभ काम न करें)
यम गण्ड - 9:19 AM – 10:55 AM
कुलिक - 12:31 PM – 2:07 PM
दुर्मुहूर्त - 08:40 AM – 09:32 AM, 11:24 PM – 12:08 AM
वर्ज्यम् - 05:49 PM – 07:28 PM

कुंडली का सातवां भाव
ज्योतिष शास्त्र में जन्म कुंडली के सातवें भाव को विवाह का भाव कहा जाता है। इस भाव में शादी से जुड़ी हर बात समाहित है। यह भाव इस बात का कारण बताता है कि आप रिश्ते में क्यों और किस प्रकार लिप्त हैं। क्या यह प्यार, पैसा, व्यावहारिक कारण, सामाजिक दबाव या जीवन में शून्य को भरने के लिए है?  यह भाव सब कुछ बताता है। यह आपकी संतान का भी संकेत देता है। सातवां घर प्रथम भाव के ठीक सामने स्थित है। 

ये भी पढ़ें-

Janmashtami 2022: 2 राजयोग में मनेगा जन्माष्टमी पर्व, जानें कब से कब तक रहेगी अष्टमी तिथि?


Karwa Chauth 2022: साल 2022 में कब किया जाएगा करवा चौथ व्रत, जानिए तारीख, पूजा विधि और मुहूर्त

Janmashtami 2022: कब मनाएं जन्माष्टमी पर्व? जानिए सही तारीख, शुभ मुहूर्त, पूजा विधि और आरती
 

PREV

Aaj Ka Rashifal, ग्रह-नक्षत्रों की स्थिति और आज का दिन आपके लिए कैसा रहेगा—यहां सबसे सटीक जानकारी पढ़ें। इसके साथ ही विस्तृत Rashifal in Hindi में जीवन, करियर, स्वास्थ्य, धन और रिश्तों से जुड़े रोज़ाना के ज्योतिषीय सुझाव पाएं। भविष्य को बेहतर समझने के लिए Tarot Card Reading के insights और जीवन पथ, भाग्यांक एवं व्यक्तित्व को समझने हेतु Numerology in Hindi गाइड भी पढ़ें। सही दिशा और सकारात्मक मार्गदर्शन के लिए भरोसा करें — Asianet News Hindi पर उपलब्ध विशेषज्ञ ज्योतिष कंटेंट पर।

Recommended Stories

12 जनवरी का राशिफल, शुक्र के राशि बदलने से 4 राशियों की चमकेगी किस्मत
Weekly Tarot Horoscope: इस सप्ताह 5 राशि वालों को मिलेगी गुड न्यूज