Chandra Grahan Food Restrictions: 3 मार्च 2026 को साल का पहला पूर्ण चंद्र ग्रहण दिखाई देगा। इसे रेड मून भी कहा जाता है, क्योंकि इस दौरान चंद्रमा पूरे लाल रंग का हो जाता है। इस समय खाने को लेकर क्या नियम होते हैं आइए जानते हैं...
वैसे तो ग्रहण एक खगोलीय घटना है, जो प्रकृति की शक्ति और सुंदरता दोनों को दिखाती है। जब पृथ्वी सूरज चंद्रमा के बीच आ जाता है और चंद्रमा अपनी छाया डालता है तब चंद्र ग्रहण होता है। 3 मार्च 2026, मंगलवार को पहला पूर्ण चंद्र ग्रहण दिखाई देगा। इस दौरान चंद्रमा लाल रंग का हो जाता है, इसलिए इसे रेड मून भी कहा जाता है। चंद्र ग्रहण केवल खगोलीय घटना नहीं बल्कि इसके धार्मिक और आध्यात्मिक महत्व भी होते हैं। इस दौरान नाम जप, पूजा और ध्यान पर विशेष का विशेष महत्व होता है और खाने पीने को लेकर भी कई सारे नियम होते हैं।
धार्मिक मान्यताओं के अनुसार ग्रहण के समय खाना पकाना और खाना दोनों ही अच्छा नहीं माना जाता है। आयुर्वेद के अनुसार, इस समय पाचन शक्ति कमजोर होती है, इसलिए उपवास करना बेहतर होता है। जो लोग व्रत नहीं रख सकते वो हल्का और सात्विक भोजन कर सकते हैं।
36
चंद्र ग्रहण के दौरान भोजन करने से क्या होगा
ऐसा माना जाता है कि ग्रहण के दौरान हमारा शरीर और मन कमजोर होता है। ग्रहण के दौरान पाचन धीमा हो जाता है, इसलिए प्याज, लहसुन, मांसाहार, शराब और हैवी खाना खाने से शारीरिक समस्याएं हो सकती हैं। कहते कि इस समय जो बना हुआ भोजन रखा है, उसमें भी तुलसी के पत्ते डालना चाहिए। तुलसी बैक्टीरिया को बढ़ने से रोकती है और इम्यूनिटी को बढ़ाती है।
46
गर्भवती महिलाओं को क्या ग्रहण के दौरान खाना चाहिए?
मान्यताओं के अनुसार, ग्रहण के दौरान गर्भवती महिलाओं को खाने पीने से बचना चाहिए। हालांकि, ग्रहण अगर लंबे समय का है, तो गर्भवती महिलाएं पानी पी सकती है, फल खा सकती हैं। लेकिन पका हुआ भोजन न खाएं, ना ही फलों को काटे।
56
ग्रहण के समय क्या करें और क्या ना करें
ग्रहण के समय मंत्र जाप, नाम जाप मन को शांति देते हैं। ग्रहण के बाद दान करना भी शुभ माना जाता है। ग्रहण के समय खाना ना खाने की सलाह दी जाती है। इस दौरान खाना पकाने से भी बचना चाहिए।
66
चंद्र ग्रहण 2026: तिथि और समय
चंद्र ग्रहण का उपछाया चरण दोपहर 2:14 से शुरू हो जाएगा। आंशिक ग्रहण 3:20 से शुरू होगा। वहीं, पूर्ण चंद्र ग्रहण 4:34 से शुरू होकर 5:32 तक रहेगा। ग्रहण की समाप्ति 6:45 से 7:53 के बीच हो जाएगी। इस दौरान से ज्यादा से ज्यादा नाम जप करें, मंत्र जाप करें और ध्यान करें।