
Budget 2026 Tourism: संसद में केंद्रीय बजट 2026 पेश करते हुए, केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने यात्रा, परिवहन और पर्यटन से संबंधित कई महत्वपूर्ण घोषणाएं कीं। इस बजट का स्पष्ट संदेश है कि घरेलू यात्रा को हाई स्पीड, सेफ और अधिक आरामदायक बनाया जाए, और आम आदमी के लिए अंतर्राष्ट्रीय यात्रा को और ज्यादा किफायती बनाया जाए। रेलवे, हाई-स्पीड कॉरिडोर, पर्यटन विकास और टियर-2 और टियर-3 शहरों पर विशेष ध्यान इस बजट की मुख्य बातें थीं।
बजट 2026 में रेलवे सेक्टर में महत्वपूर्ण निवेश का प्रस्ताव है। इसमें रेलवे स्टेशनों का पुनर्निर्माण, बेहतर कनेक्टिविटी और आधुनिक यात्री सुविधाएं शामिल हैं। वंदे भारत ट्रेनों और अमृत भारत सेवाओं के विस्तार के संकेत हैं, जिससे लंबी दूरी की यात्राओं में लगने वाला समय कम होगा। 'कवच' जैसे आधुनिक सुरक्षा प्रणालियों के माध्यम से यात्री सुरक्षा को मजबूत करने पर भी जोर दिया गया है।
प्रमुख शहरों के बीच यात्रा को तेज और अधिक आरामदायक बनाने के लिए, सरकार ने 7 नए हाई-स्पीड रेल कॉरिडोर विकसित करने का प्रस्ताव दिया है। इनमें मुंबई-पुणे, पुणे-हैदराबाद, हैदराबाद-बेंगलुरु, हैदराबाद-चेन्नई, चेन्नई-बेंगलुरु, दिल्ली-वाराणसी और वाराणसी-सिलीगुड़ी शामिल हैं। ये कॉरिडोर न केवल यात्रा का समय कम करेंगे बल्कि व्यापार और क्षेत्रीय विकास को भी बढ़ावा देंगे।
वित्त मंत्री ने कहा कि पर्यटन क्षेत्र रोजगार सृजन और विदेशी मुद्रा आय का एक प्रमुख स्रोत हो सकता है। बजट में पर्यटन केंद्रों पर गाइडों को प्रशिक्षित करने, विश्व स्तरीय ट्रेकिंग और हाइकिंग स्थलों को विकसित करने, और ओडिशा, कर्नाटक और केरल में कछुओं के घोंसले बनाने वाली जगहों के संरक्षण और विकास की योजनाओं की घोषणा की गई। इससे इको-टूरिज्म को भी बढ़ावा मिलेगा।
ये भी पढ़ें- Rann of Kutch: सफेद रेत की सैर होगी शानदार, IRCTC लाया है बजट में शानदार ऑफर
बजट 2026 में टियर-2 और टियर-3 शहरों पर विशेष जोर दिया गया है। मंदिर शहरों के विकास के लिए ₹5,000 करोड़ का प्रावधान किया गया है, जिससे धार्मिक पर्यटन और स्थानीय अर्थव्यवस्था मजबूत होगी।
आम यात्रियों के लिए एक बड़ी राहत के तौर पर, विदेशी यात्रा पर TCS (स्रोत पर कर संग्रह) को घटाकर 2 प्रतिशत कर दिया गया है। इससे अंतर्राष्ट्रीय यात्रा पहले से ज्यादा किफायती हो जाएगी। कुल मिलाकर, बजट 2026 ट्रैवल और टूरिज्म सेक्टर के लिए एक नई दिशा तय करता है, जो देश की कनेक्टिविटी को बेहतर बनाने और यात्रियों के अनुभव को बढ़ाने की दिशा में एक बड़ा कदम है।
ये भी पढ़ें- बजट 2026 में टूरिज्म को बड़ा बूस्ट: नया हॉस्पिटैलिटी संस्थान, 10 हजार गाइड्स की ट्रेनिंग और हेरिटेज मिशन
बजट 2026 में 7 नए हाई-स्पीड रेल कॉरिडोर और रेलवे में महत्वपूर्ण इंफ्रास्ट्रक्चर निवेश की घोषणा की गई।
मुंबई-पुणे, पुणे-हैदराबाद, हैदराबाद-बेंगलुरु, हैदराबाद-चेन्नई, चेन्नई-बेंगलुरु, दिल्ली-वाराणसी, और वाराणसी-सिलीगुड़ी।
हां, विदेश यात्रा पर TCS (टैक्स कलेक्टेड एट सोर्स) घटाकर 2 प्रतिशत कर दिया गया है, जिससे इंटरनेशनल ट्रैवल सस्ता हो गया है।
बजट में टूरिज्म गाइड ट्रेनिंग, ट्रेकिंग और हाइकिंग डेस्टिनेशन, इको-टूरिज्म और कछुआ संरक्षण जैसी परियोजनाओं पर ध्यान दिया गया है।
टियर-2 और टियर-3 शहरों, खासकर मंदिर शहरों के विकास के लिए ₹5,000 करोड़ का प्रावधान किया गया है।