मुर्शिदाबाद हिंसा: पीड़ितों से मिले राज्यपाल बोस, बीजेपी ने कहा- केजरीवाल-सोरेन जेल जा सकते हैं तो ममता क्यों नहीं?

Published : Apr 20, 2025, 07:17 AM IST
Murshidabad Violence

सार

Murshidabad Violence: मुर्शिदाबाद हिंसा के बाद राज्यपाल और राष्ट्रीय महिला आयोग ने पीड़ितों से मुलाकात की। राज्यपाल ने घटना को शर्मनाक बताया और केंद्र व राज्य सरकार के साथ मिलकर हल निकालने का भरोसा दिलाया। 

Murshidabad Violence:पश्चिम बंगाल के मुर्शिदाबाद जिले में हुई हिंसा के पीड़ितों से राज्यपाल सी.वी. आनंद बोस और राष्ट्रीय महिला आयोग की अध्यक्ष रेखा शर्मा ने मुलाकात की। इस दौरान पीड़ितों ने अपने साथ हुई घटनाओं को साझा किया और न्याय की मांग की। पश्चिम बंगाल के राज्यपाल डॉ. सी.वी. आनंद बोस ने मुर्शिदाबाद जिले में हुई हिंसा को शर्मनाक और निंदनीय करार दिया है। शनिवार को मालदा के दौरे के बाद उन्होंने मुर्शिदाबाद के हिंसा प्रभावित जाफराबाद और बेदवान इलाकों का दौरा किया था।

पीड़ितों से मिले राज्यपाल बोस

राज्यपाल ने कहा कि यह एक नृशंस घटना है और ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकने के लिए ठोस कदम उठाए जाने चाहिए। जाफराबाद में उन्होंने हिंसा में मारे गए पिता-पुत्र के परिजनों से मुलाकात की, जबकि बेदवान गांव में उन्होंने उन लोगों से बात की जिनके घर और धार्मिक स्थल हिंसा में क्षतिग्रस्त हुए हैं। उन्होंने प्रशासन को शांति बहाली और पीड़ितों को राहत देने के लिए तत्परता से काम करने के निर्देश दिए।

केंद्र और राज्य सरकार के साथ मिलकर हल निकालने का भरोसा

राज्यपाल सी.वी. आनंद बोस ने मुर्शिदाबाद के बेदवान गांव में हिंसा पीड़ितों से मुलाकात के दौरान कहा, "यहां जो हुआ वह बहुत ही शर्मनाक है। लोकतंत्र में हिंसा, डर और धमकी की कोई जगह नहीं होनी चाहिए। मैं यहां लोगों से सीधे बात करने आया हूं।" उन्होंने कहा कि शांति बहाल करना उनकी पहली प्राथमिकता है और संविधान की रक्षा करना सबका कर्तव्य है। राज्यपाल ने भरोसा दिलाया कि वे केंद्र और राज्य सरकार के साथ मिलकर इस समस्या का हल निकालने की कोशिश करेंगे।

यह भी पढ़ें: हैदराबाद NIMS हॉस्पिटल में लगी आग, बिजली की स्पार्क ने लिया खतरनाक रूप

बीजेपी ने किया तीखा हमला

भाजपा विधायक अग्निमित्रा पाल ने मुर्शिदाबाद हिंसा को राज्य प्रायोजित बताते हुए मुख्यमंत्री ममता बनर्जी पर तीखा हमला बोला है। उन्होंने सवाल उठाया कि जब दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल और झारखंड के पूर्व मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन जेल जा सकते हैं, तो राज्य में हिंसा फैलाने के लिए ममता बनर्जी को सजा क्यों नहीं मिल सकती? पाल ने कहा, "मुर्शिदाबाद में जो कुछ हुआ, वह आंखें खोल देने वाला है। ऐसा लग रहा था मानो हम सीरिया, अफगानिस्तान या पाकिस्तान में हैं। हिंसा की भयावहता रूह कंपा देने वाली थी।"उन्होंने आरोप लगाया कि इन घटनाओं के पीछे सीधे तौर पर ममता बनर्जी की भूमिका है, लेकिन वह भाजपा और बीएसएफ पर बेबुनियाद आरोप लगाकर ध्यान भटका रही हैं।

 

PREV

National News (नेशनल न्यूज़) - Get latest India News (राष्ट्रीय समाचार) and breaking Hindi News headlines from India on Asianet News Hindi.

Recommended Stories

राज्यसभा: 'खुलेआम बेचा जा रहा जहर', आप सांसद राघव चढ्ढा ने उठाया खतरनाक मुद्दा
झगड़ा, बदला या कुछ और? दिल्ली में 3 डिलीवरी एजेंटों ने कैसे और क्यों किया बिजिनेसमैन का मर्डर?