
कोलकाता. प बंगाल में अगले साल होने वाले विधानसभा चुनाव को देखते हुए गृह मंत्री और भाजपा नेता अमित शाह ने दो दिन का दौरा किया। दौरे के आखिरी दिन उन्होंने प्रेस कॉन्फ्रेंस को संबोधित किया। इस दौरान उन्होंने कहा, टीएमसी सरकार और पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी पिछले 10 सालों में उम्मीदों पर खरा नहीं उतर पाईं। इसलिए यही उम्मीद सत्ताधारी दल के खिलाफ गुस्से में तब्दील हो गई है।
शाह ने कहा, मेरा बंगाल का दो दिवसीय दौरा खत्म हो रहा है। इस दौरे के दौरान भाजपा के 4 विभागों के कार्यकर्ता और समाज के अन्य कार्यकर्ताओं से मिलना हुआ। करीब 180 से ज्यादा संस्थाओं के प्रतिनिधियों से भी संवाद हुआ।
तुष्टिकरण, तानाशाही में बदली सत्ता
गृह मंत्री ने कहा, 2010 में बड़े चाव के साथ 11 अप्रैल को मां, माटी और मानुष के नारे के साथ बंगाल में परिवर्तन हुआ था। बंगाल की जनता के मन मे ढेर सारी अपेक्षाएं और आशाएं थीं। कम्यूनिस्ट शासन से त्रस्त होकर ममता बनर्जी के हाथों में बंगाल की कमान दी गई थी। मगर आज मां, माटी और मानुष का नारा तुष्टिकरण, तानाशाही और टोलबाजी में परिवर्तित हो गया है। तृणमूल सरकार जनता की अपेक्षाओं को पूरा नहीं कर सकी है।
'बंगाल की जनता में एक अजीब प्रकार का वातावरण'
शाह ने कहा, बंगाल की जनता में एक अजीब प्रकार का वातावरण दिख रहा है। मैं जहां भी गया तो सैकड़ों लोग सकड़ों पर आए थे। जब वो भारत माता की जय, वंदे मातरम, जय श्रीराम के नारे लगाते थे, वो हमारे स्वागत में कम, ममता सरकार के प्रति गुस्से को ज्यादा दिखाते थे।
उन्होंने कहा, मैं बंगाल की जनता को आश्वस्त करने आया हूं कि आपने कांग्रेस को भी 1 मौका दिया, कम्युनिस्टों को भी बार-बार मौके दिए और 2 मौके ममता जी को दिए। एक मौका मोदी जी के नेतृत्व में भाजपा को दे दीजिए, हम 5 वर्ष के भीतर सोनार बांग्ला बनाने का वादा करते हैं।
'हमारा लक्ष्य साफ, बंगाल का हो विकास'
अमित शाह ने कहा, हमारा लक्ष्य स्पष्ट है कि बंगाल का विकास हो, देश की सीमाएं सुरक्षित हों, बंगाल के अंदर घुसपैठ रुके। TMC और दीदी का एकमात्र लक्ष्य है कि अगले टर्म में भतीजे को मुख्यमंत्री बना देना है। अब बंगाल की जनता को तय करना है कि परिवारवाद चाहिए या विकासवाद चाहिए।
अपराधों का रिकॉर्ड नहीं दे रहीं ममता जी- शाह
शाह ने कहा, मैं ममता जी से पूछना चाहता हूं कि उन्होंने 2018 से बंगाल का क्राइम रिकॉर्ड एनसीआरबी को क्यों नहीं भेजा। वे क्या और क्यों छिपाना चाहती हैं। लोग राज्य में कानून और व्यवस्था के बारे में जानना चाहते हैं।
बंगाल में 3 कानून- शाह
शाह ने आरोप लगाया कि साइक्लोन और कोरोना महामारी में भी भ्रष्टाचार करने से तृणमूल कांग्रेस पीछे नहीं हटी है। तुष्टिकरण से बंगाल की जनता के बहुत बड़े वर्ग के मन में सवाल खड़े हुए हैं। एक प्रकार से बंगाल में 3 कानून हैं-
1- एक अपने भतीजे के लिए
2- एक अपने वोट बैंक के लिए
3- एक आम लोगों के लिए
National News (नेशनल न्यूज़) - Get latest India News (राष्ट्रीय समाचार) and breaking Hindi News headlines from India on Asianet News Hindi.