
नई दिल्ली. पश्चिम बंगाल में 8 चरणों में विधानसभा का चुनाव होगा। चुनाव आयोग के इस फैसले पर ममता बनर्जी ने सवाल उठाए हैं। उन्होंने कहा कि भाजपा के कहने और पार्टी को फायदा पहुंचाने के लिए ऐसा किया गया है। हालांकि आप को जानकर आश्चर्य होगा कि साल 2011 में पश्चिम बंगाल में विधानसभा चुनाव 6 चरणों में हुए थे, तब ममता बनर्जी ने आयोग के फैसले का स्वागत किया था।
साल 2021: 8 चरणों में चुनाव, ममता बनर्जी ने उठाए सवाल
पश्चिम बंगाल के मुख्यमंत्री और तृणमूल कांग्रेस प्रमुख ममता बनर्जी ने चुनाव आयोग से पूछा कि अगर असम चुनाव तीन चरणों में और तमिलनाडु एक में आयोजित किए जा सकते हैं तो बंगाल चुनाव आठ चरणों में क्यों हो रहे हैं? उन्होंने कहा कि भाजपा की सुविधा के हिसाब से यह फैसला लिया गया है। उन्होंने पूछा कि क्या यह पीएम नरेंद्र मोदी और अमित शाह की सलाह से किया गया है? क्या यह उनके चुनाव प्रचार की सुविधा के लिए किया गया है? ताकि वे बंगाल आने से पहले असम और तमिलनाडु में चुनाव प्रचार खत्म कर सकें? इससे भाजपा को मदद नहीं मिलेगी?
साल 2011: 6 चरणों में चुनाव, ममता ने किया था स्वागत
साल 2011 में पश्चिम बंगाल में विधानसभा चुनाव 6 चरणों में हुए थे, तब ममता ने आयोग के इस फैसले का स्वागत किया था। उन्होंने कहा था, राज्य में छह चरणों में विधानसभा चुनाव कराने के चुनाव आयोग के फैसले का मैं स्वागत करती हूं। इसमें कानून व्यवस्था, आतंकवाद और हथियारों के भंडार सहित कई कारकों पर विचार किया गया है।
कैलाश विजयवर्गीय ने किया स्वागत
भाजपा नेता कैलाश विजयवर्गीय ने कहा, मैं चुनाव आयोग से अपेक्षा करता हूं कि चुनाव शांतिपूर्ण हो। इसके लिए आप अतिरिक्त बल के साथ अतिरिक्त अधिकारियों की भी नियुक्ति करे ताकि लोग निर्भीक होकर मतदान कर सके।
कांग्रेस नेता गुलाम नबी आजाद ने कहा, कांग्रेस डट के मुकाबला करेगी। कांग्रेस पार्टी का प्रयास होगा हम पांचों राज्यों में चुनाव लडेंगे और अच्छा करेंगे। हमारा प्रयास होगा कि कांग्रेस की विजय हो जाए।
National News (नेशनल न्यूज़) - Get latest India News (राष्ट्रीय समाचार) and breaking Hindi News headlines from India on Asianet News Hindi.