
Lakhisarai Ashok Dham Temple Stampede: बिहार के लखीसराय में सावन के तीसरे सोमवार की सुबह आस्था का माहौल अचानक चीख-पुकार में बदल गया। अशोक धाम मंदिर जाने वाले रास्ते पर बिजली का पोल गिरने और करंट की चपेट में आने की बात फैलने के बाद भगदड़ मच गई। देखते ही देखते बांस की बैरिकेडिंग टूट गई और भीड़ एक-दूसरे के ऊपर गिरने लगी। हादसे में 7 महिलाओं की मौत की खबर है, जबकि 12 से ज्यादा लोग घायल बताए जा रहे हैं। मृतकों की संख्या बढ़ने की आशंका भी जताई जा रही है। घायलों को एंबुलेंस की मदद से सदर अस्पताल पहुंचाया गया है। प्रशासन की टीम मौके पर पहुंचकर हालात संभालने में जुटी है।
सावन के सोमवार पर अशोक धाम मंदिर में सुबह से ही बड़ी संख्या में श्रद्धालु जुटे थे। लोग लाइन में लगकर भगवान शिव के दर्शन का इंतजार कर रहे थे। इसी दौरान बिजली के पोल गिरने और लोगों को करंट लगने की खबर फैली। इसके बाद भीड़ में अचानक डर फैल गया। लोग सुरक्षित जगह की तरफ भागने लगे। रास्ते में लगी बैरिकेडिंग पर भीड़ का दबाव बढ़ा और उसका एक हिस्सा टूट गया। कई श्रद्धालु जमीन पर गिर पड़े और पीछे से आ रही भीड़ उनके ऊपर गिरती चली गई।
VIDEO | Bihar: Stampede-like situation at Ashok Dham Temple in Lakhisarai; several injuried.
A devotee says, "There were women standing in a queue. Around 10-12 women pushed their way in and started pushing us. We fell, and around 20-25 women fell on top of one another. Many… pic.twitter.com/ecaqF5VeQj— Press Trust of India (@PTI_News) August 17, 2026
शुरुआती जानकारी के मुताबिक, बिजली का पोल गिरने के बाद कुछ लोगों के करंट की चपेट में आने की बात सामने आई। उप-मंडल पुलिस अधिकारी (SDPO) शिवम कुमार ने बताया कि बिजली का एक पोल गिरा था और लोग बिजली की चपेट में आए, जिसके बाद भगदड़ जैसी स्थिति बन गई। SDPO ने साफ कहा कि घटना की पूरी जांच के बाद ही इसके पीछे की सही वजह सामने आएगी।
घटना के वक्त दर्शन के लिए लाइन में लगे एक श्रद्धालु ने बताया कि मंदिर के रास्ते पर काफी भीड़ थी। उसके मुताबिक, अचानक बिजली का पोल गिरने और करंट लगने की बात लोगों के बीच फैल गई। इसके बाद लोगों में डर पैदा हो गया और लोग अपनी जान बचाने के लिए इधर-उधर भागने लगे। इसी दौरान बैरिकेडिंग टूट गई और कई लोग एक-दूसरे के ऊपर गिर गए।
हादसे में बैरिकेडिंग टूटने की बात सामने आने के बाद अब भीड़ प्रबंधन पर भी सवाल उठ रहे हैं। मौके पर मौजूद एक प्रत्यक्षदर्शी ने दावा किया कि मंदिर की ओर जाने वाला रास्ता ढलान वाला था और श्रद्धालुओं को बांस की बैरिकेडिंग के बीच से आगे बढ़ाया जा रहा था। उसके मुताबिक, पीछे से भीड़ का दबाव बढ़ने पर बैरिकेडिंग टूट गई और कई लोग नीचे गिर गए।
लखीसराय के जिलाधिकारी शैलेंद्र कुमार के मुताबिक, प्रशासन ने बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं के पहुंचने को देखते हुए इंतजाम किए थे। लेकिन मौके पर भीड़ अनुमान से कहीं ज्यादा हो गई। उनके मुताबिक, भीड़ के दबाव में एक तरफ की बैरिकेडिंग टूट गई और लोग एक-दूसरे के ऊपर गिरने लगे। प्रशासन ने स्थिति बिगड़ने के बाद तत्काल राहत का काम शुरू किया और कई लोगों को अस्पताल पहुंचाया।
अशोक धाम की घटना ने बिहार में धार्मिक स्थलों पर भीड़ प्रबंधन को लेकर फिर सवाल खड़े कर दिए हैं। करीब 5 महीने पहले 31 मार्च को नालंदा के मघड़ा शीतला मंदिर में भी बड़ी भगदड़ हुई थी। चैत्र के आखिरी मंगलवार के मौके पर मंदिर में 25 हजार से ज्यादा श्रद्धालु पहुंचे थे। दर्शन की जल्दी और भीड़ के दबाव के बीच वहां भगदड़ मच गई थी। उस हादसे में 8 महिलाओं समेत 9 लोगों की मौत हुई थी।
अशोक धाम मंदिर में भगदड़ की यह पहली घटना नहीं है। 12 अगस्त 2019 को भी सावन के दौरान मंदिर परिसर में भगदड़ मची थी। उस घटना में एक श्रद्धालु की मौत हुई थी, जबकि करीब 15 लोग घायल हुए थे।
Asianet News Hindi पर पढ़ें देशभर की सबसे ताज़ा National News in Hindi, जो हम खास तौर पर आपके लिए चुनकर लाते हैं। दुनिया की हलचल, अंतरराष्ट्रीय घटनाएं और बड़े अपडेट — सब कुछ साफ, संक्षिप्त और भरोसेमंद रूप में पाएं हमारी World News in Hindi कवरेज में। अपने राज्य से जुड़ी खबरें, प्रशासनिक फैसले और स्थानीय बदलाव जानने के लिए देखें State News in Hindi, बिल्कुल आपके आसपास की भाषा में। उत्तर प्रदेश से राजनीति से लेकर जिलों के जमीनी मुद्दों तक — हर ज़रूरी जानकारी मिलती है यहां, हमारे UP News सेक्शन में। और Bihar News में पाएं बिहार की असली आवाज — गांव-कस्बों से लेकर पटना तक की ताज़ा रिपोर्ट, कहानी और अपडेट के साथ, सिर्फ Asianet News Hindi पर।