Kisan Kalyan Varsh 2026: सीएम मोहन यादव ने कलेक्टर्स को दिए किसानों के हित में अहम निर्देश

Published : Jan 31, 2026, 07:10 PM IST
madhya pradesh kisan kalyan varsh 2026 mohan yadav farmers welfare

सार

किसान कल्याण वर्ष 2026 को लेकर मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कलेक्टर्स को दिशा-निर्देश दिए। किसान रथ, जैविक खेती, पराली प्रबंधन, कृषि उद्योग, सहकारिता सम्मेलन और योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन पर विशेष जोर दिया गया।

भोपाल। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने आज निवास स्थित समत्व भवन से वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से प्रदेश के सभी कमिश्नर और कलेक्टर्स के साथ बैठक की। बैठक में “किसान कल्याण वर्ष – 2026” के लक्ष्यों को धरातल पर उतारने के लिए जरूरी दिशा-निर्देश दिए गए।

किसानों का जीवन संवारना सरकार का मिशन: सीएम मोहन यादव

मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा कि जो किसान पूरे समाज का पेट भरते हैं, उनके जीवन को बेहतर बनाना सरकार का कर्तव्य है। किसानों का समग्र कल्याण राज्य सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता है। इसी उद्देश्य से वर्ष 2026 को किसान कल्याण वर्ष (कृषि वर्ष) घोषित किया गया है। उन्होंने निर्देश दिए कि कृषि वर्ष का क्रियान्वयन मिशन मोड में किया जाए।

किसान रथ, संवाद कार्यक्रम और फसल विविधीकरण पर जोर

मुख्यमंत्री ने निर्देश दिए कि कृषि वर्ष के दौरान किसान रथ चलाए जाएं, जिनका शुभारंभ स्थानीय सांसदों, विधायकों और जनप्रतिनिधियों से कराया जाए। किसानों से छोटे-छोटे समूहों में निरंतर संवाद किया जाए। उन्होंने ग्रीष्मकालीन मूंग के स्थान पर मूंगफली और उड़द की खेती को बढ़ावा देने, साथ ही प्राकृतिक और जैविक खेती को प्रोत्साहित करने के निर्देश दिए।

ई-विकास पोर्टल, उर्वरक संतुलन और योजनाओं का लाभ

सीएम मोहन यादव ने कहा कि ई-विकास पोर्टल के माध्यम से जलवायु, ऊर्जा और सतत कृषि को बढ़ावा दिया जाए। किसानों को संतुलित मात्रा में उर्वरकों के उपयोग के लिए जागरूक किया जाए। प्रधानमंत्री धन-धान्य योजना के तहत आकांक्षी जिलों में अधिक से अधिक किसानों को लाभ दिलाने पर जोर दिया जाए। साथ ही दलहनी और तिलहनी फसलों के उत्पादन क्षेत्र को बढ़ाने के लिए व्यापक प्रचार-प्रसार किया जाए।

कृषि आधारित उद्योग और दुग्ध उत्पादन बढ़ाने के निर्देश

किसान कल्याण वर्ष के दौरान कृषि आधारित उद्योगों के विकास के लिए सभी जरूरी प्रयास करने के निर्देश दिए गए। मुख्यमंत्री ने कलेक्टर्स से अपने-अपने जिलों में दुग्ध उत्पादन बढ़ाने के लिए समन्वित प्रयास करने को कहा।

पराली-नरवाई जलाने पर सख्ती, गौशालाओं तक भूसा पहुंचाने की पहल

मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने पराली और नरवाई जलाने की घटनाओं पर सख्त रोक लगाने के निर्देश दिए। हर जिले में नरवाई प्रबंधन योजना बनाने को कहा गया। खेतों से निकलने वाली पराली और भूसे का उपयोग कंपोजिट बायोगैस संयंत्रों में किया जाए। किसानों को प्रेरित किया जाए कि वे भूसा नजदीकी गौशालाओं तक पहुंचाएं, जिससे गौवंश को ताजा आहार मिल सके।

कृषि वर्ष की कार्ययोजना का जमीनी स्तर पर प्रभावी अमल

मुख्यमंत्री ने निर्देश दिए कि कृषि वर्ष की तय कार्ययोजना का फील्ड स्तर पर बेहतर क्रियान्वयन हो। विशेष अभियान चलाए जाएं, छोटे-बड़े कार्यक्रम आयोजित हों और किसानों से सघन संपर्क स्थापित किया जाए। सभी हितग्राहियों का सत्यापन, नए लाभार्थियों का चयन और योजनाओं के नियमों का सरलीकरण भी किया जाए।

मार्च में होगा राज्यस्तरीय सहकारिता सम्मेलन

मुख्यमंत्री ने बताया कि फरवरी के पहले सप्ताह में डिंडोरी जिले में कोदो-कुटकी बोनस वितरण कार्यक्रम आयोजित किया जाएगा। मार्च में राज्यस्तरीय सहकारिता सम्मेलन होगा, जिसमें नए कृषि ऋण, कृषक न्याय मित्र योजना के लाभ और जिला सहकारी बैंकों के माध्यम से डोर-स्टेप बैंकिंग सेवाओं की शुरुआत की जाएगी।

PREV

Asianet News Hindi पर पढ़ें देशभर की सबसे ताज़ा National News in Hindi, जो हम खास तौर पर आपके लिए चुनकर लाते हैं। दुनिया की हलचल, अंतरराष्ट्रीय घटनाएं और बड़े अपडेट — सब कुछ साफ, संक्षिप्त और भरोसेमंद रूप में पाएं हमारी World News in Hindi कवरेज में। अपने राज्य से जुड़ी खबरें, प्रशासनिक फैसले और स्थानीय बदलाव जानने के लिए देखें State News in Hindi, बिल्कुल आपके आसपास की भाषा में। उत्तर प्रदेश से राजनीति से लेकर जिलों के जमीनी मुद्दों तक — हर ज़रूरी जानकारी मिलती है यहां, हमारे UP News सेक्शन में। और Bihar News में पाएं बिहार की असली आवाज — गांव-कस्बों से लेकर पटना तक की ताज़ा रिपोर्ट, कहानी और अपडेट के साथ, सिर्फ Asianet News Hindi पर।

Read more Articles on

Recommended Stories

Sunetra Pawar के शपथ ग्रहण की 4 तस्वीरें, झुकी और नम थीं सबकी नजरें
अजित पवार के बाद कौन संभालेगा सत्ता? महाराष्ट्र को मिली पहली महिला डिप्टी CM!