रोना है? ₹1000 दीजिए! मुंबई के बीच पर ‘दुख सुनने’ का वायरल हुआ अनोखा स्टार्टअप

Published : Mar 20, 2026, 05:05 PM IST
रोना है? ₹1000 दीजिए! मुंबई के बीच पर ‘दुख सुनने’ का वायरल हुआ अनोखा स्टार्टअप

सार

मुंबई के एक बीच पर एक शख्स पैसे लेकर लोगों की परेशानियां सुन रहा है। वह छोटी समस्याओं के लिए 250, गंभीर के लिए 500 और साथ रोने के लिए 1,000 रुपये लेता है। यह अनोखा बिजनेस आइडिया सोशल मीडिया पर वायरल हो गया है।

अक्सर आपने लोगों को यह शिकायत करते सुना होगा, 'अरे यार, हमारी सुनने वाला तो कोई है ही नहीं'। घर की महिलाएं हों या ऑफिस में काम करने वाले पुरुष, हर कोई कभी न कभी ऐसा महसूस करता है। आजकल की भागदौड़ भरी जिंदगी में लोगों के पास बात करने का तो समय है, लेकिन दूसरों की सुनने का सब्र नहीं। इसी समस्या को एक शख्स ने बिजनेस आइडिया में बदल दिया है। अब तक आपने किराए के दोस्त या पार्टनर के बारे में सुना होगा, लेकिन भारत में अब पैसे लेकर आपका दुख सुनने का भी बिजनेस शुरू हो गया है। मुंबई के एक शख्स का वीडियो इसी वजह से सोशल मीडिया पर छाया हुआ है।

मुंबई के बीच पर शख्स का नया बिजनेस

जी हां, मुंबई के एक बीच पर एक शख्स फीस लेकर लोगों की पर्सनल परेशानियां सुनने के लिए तैयार है। आज के दौर में वक्त ही पैसा है। बीता हुआ पैसा तो वापस कमाया जा सकता है, लेकिन बीता हुआ वक्त नहीं। ऐसे में अगर कोई आपकी बातें सुनने के लिए अपना कीमती वक्त दे रहा है, तो वह उसकी कीमत भी वसूल रहा है।

पृथ्वीराज बोहरा नाम के इस शख्स ने मुंबई के बीच पर यह अनोखा काम शुरू किया है। वह अपने हाथ में एक बोर्ड लेकर खड़े रहते हैं, जिस पर लिखा है, 'किसी को अपना दुःख सुनाना है तो मैं सुन सकता हूं'। बीच पर आए किसी शख्स ने उनका वीडियो बनाकर सोशल मीडिया पर डाल दिया, जो अब वायरल हो गया है। वीडियो में पृथ्वीराज ने अपनी सर्विस के रेट भी बताए हैं। छोटी-मोटी परेशानियां सुनने के लिए वह 250 रुपये लेते हैं। अगर समस्या ज्यादा गंभीर है तो 500 रुपये, और अगर कोई उनके साथ बैठकर रोना चाहता है तो इसके लिए 1,000 रुपये चार्ज करते हैं। जब उनसे पूछा गया कि क्या लोग सच में पैसे देकर अपनी समस्याएं सुनाने आते हैं, तो उन्होंने जवाब दिया, 'हां, लोग आते हैं और पैसे भी देते हैं'।

लोगों की क्या प्रतिक्रिया है?

इस नए बिजनेस को शुरू करने वाले पृथ्वीराज बोहरा का एक इंस्टाग्राम और यूट्यूब चैनल भी है। उनके इस अनोखे काम ने मुंबई जैसे व्यस्त शहरों में मानसिक स्वास्थ्य और इमोशनल सपोर्ट की बढ़ती जरूरत पर एक नई बहस छेड़ दी है। कई सोशल मीडिया यूजर्स ने अकेलेपन से जूझ रहे लोगों के लिए 'सुनने वाला कान' बनने पर उनकी तारीफ की है। वहीं, कुछ लोगों ने इस तरह की बातचीत के लिए पैसे लेने के आइडिया पर सवाल उठाए। हालांकि, कई लोगों का यह भी मानना है कि अगर कोई अपना कीमती वक्त दे रहा है, तो पैसे लेने में कुछ गलत नहीं है। आखिर उसे भी तो अपना घर चलाना है। इस बारे में आपकी क्या राय है?

 

 

PREV

Asianet News Hindi पर पढ़ें देशभर की सबसे ताज़ा National News in Hindi, जो हम खास तौर पर आपके लिए चुनकर लाते हैं। दुनिया की हलचल, अंतरराष्ट्रीय घटनाएं और बड़े अपडेट — सब कुछ साफ, संक्षिप्त और भरोसेमंद रूप में पाएं हमारी World News in Hindi कवरेज में। अपने राज्य से जुड़ी खबरें, प्रशासनिक फैसले और स्थानीय बदलाव जानने के लिए देखें State News in Hindi, बिल्कुल आपके आसपास की भाषा में। उत्तर प्रदेश से राजनीति से लेकर जिलों के जमीनी मुद्दों तक — हर ज़रूरी जानकारी मिलती है यहां, हमारे UP News सेक्शन में। और Bihar News में पाएं बिहार की असली आवाज — गांव-कस्बों से लेकर पटना तक की ताज़ा रिपोर्ट, कहानी और अपडेट के साथ, सिर्फ Asianet News Hindi पर।

Read more Articles on

Recommended Stories

मां की निगरानी में कीचड़ में लोटपोट होता नन्हा गैंडा, दिल जीत रहा ये वायरल वीडियो
Eid Kab Hai : ईद की नमाज को लेकर लखनऊ के मौलाना ने दी A to Z जानकारी । Eid Namaz