
लोकसभा में हुए हंगामे को लेकर बड़ा खुलासा सामने आया है। लोकसभा स्पीकर ओम बिरला ने सदन में बयान देते हुए कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को सदन में आने से उन्होंने खुद मना किया था। स्पीकर के मुताबिक, उस समय हालात ऐसे थे कि प्रधानमंत्री के साथ कुछ भी अप्रत्याशित हो सकता था। ओम बिरला ने सदन में हुई घटना को लोकतंत्र पर “काले धब्बे” की तरह बताया। आखिर लोकसभा में ऐसा क्या हुआ था? क्यों पीएम को सदन में आने से रोका गया? क्या यह सुरक्षा से जुड़ा मामला था या राजनीतिक तनाव की वजह?