कुछ लोग ऐसे होते हैं जो एक समय के बाद पार्टनर को इग्नोर करना शुरू कर देते हैं। इसका संवेदनशील लोगों के मन पर बहुत बुरा असर पड़ता है और वे तनाव की समस्या से जूझने लगते हैं।
रिलेशनशिप डेस्क। कुछ लोग ऐसे होते हैं जो एक समय के बाद पार्टनर को इग्नोर करना शुरू कर देते हैं। शुरुआती दौर में तो ये पार्टनर से अच्छा संबंध रखते हैं, लेकिन एक समय के बाद ये पार्टनर की उपेक्षा करने लगते हैं। वे उसकी भावनात्मक जरूरतों का ख्याल नहीं रखते। इसका संवेदनशील लोगों के मन पर बहुत बुरा असर पड़ता है और वे तनाव की समस्या से जूझने लगते हैं। कई बार जब पार्टनर का उपेक्षापूर्ण रवैया बढ़ता जाता है, तो इससे ज्यादा संवेदनशील लोग डिप्रेशन के भी शिकार हो जाते हैं। ऐसे लोगों के चरित्र की खासियत यह होती है कि ये किसी भी रिश्ते में समर्पण का भाव रखते हैं। लेकिन जब वे देखते हैं कि पार्टनर उन्हें तवज्जो नहीं दे रहा तो भीतर से टूट जाते हैं। ऐसे में खुद को संभालना बहुत जरूरी होता है।
1. भावनात्मक निर्भरता से बचें
बहुत से लोग अधिक संवेदनशील होने के कारण अपने पार्टनर पर भावनात्मक रूप से निर्भर हो जाते हैं। वे दुख-सुख, हर हाल में पार्टनर का साथ या कम से कम उसकी सहानुभूति ही चाहते हैं। लेकिन पार्टनर जब उन पर ध्यान नहीं देता तो वे काफी दुखी महसूस करने लगते हैं। किसी पर भी भावनात्मक निर्भरता से बचना चाहिए। भावनात्मक निर्भरता व्यक्तित्व की कमजोरी बन सकती है।
2. अपनी समस्या का खुद करें समाधान
ऐसा देखा गया है कि लोग पार्टनर की समस्या को अपनी निजी समस्या मानते हुए उसका समाधान करने की कोशिश करते हैं। लेकिन जरूरी नहीं कि सभी लोग ऐसा करें। जो लोग ज्यादा संवेदनशील नहीं होते, वे पार्टनर की समस्या पर कोई ध्यान देने की जरूरत नहीं समझते। इसलिए कोशिश करनी चाहिए कि अपनी समस्या का खुद ही समाधान करें। इसके लिए किसी पर निर्भरता ठीक नहीं।
3. रचनात्मक काम से जुड़ें
अगर पार्टनर लगातार आपकी उपेक्षा कर रहा हो तो उसके पीछे नहीं पड़ें। उसे उसके हाल पर छोड़ दें और अपना ध्यान बंटाने के लिए किसी रचनात्मक काम से जुड़ें। हो सके तो अपने आसपास रहने वाले गरीब बच्चों को ही कुछ समय पढ़ा दिया करें। इससे आपका मन भी बहलेगा और उनका भी भला होगा।
4. पार्टनर से साफ बात करें
अगर पार्टनर लगातार आपकी उपेक्षा कर रहा है और आपको मानसिक रूप से तकलीफ पहुंचा रहा है, तो उससे साफ बात करें कि वह क्या चाहता है। कुछ लोग सैडिस्ट होते हैं। उन्हें दूसरों को दुखी देख मजा आता है। अगर आपका पार्टनर इस नेचर का है तो उससे दूरी बना लें।
5. काउंसलिंग का सहारा लें
अगर पार्टनर के उपेक्षापूर्ण व्यवहार से आपको ज्यादा ही मानसिक परेशानी हो रही हो और डिप्रेशन के लक्षण उभर रहे हों तो आप बिना देर किए काउंसलिंग का सहारा लें। इससे काफी फायदा होता है। काउंसलिंग से आपको अति संवेदनशीलता से होने वाली परेशानियों से छुटकारा मिलेगा।