June 2026 Hindu Calendar: जून में कब है सोमवती अमावस्या और निर्जला एकादशी? जानें पूरे महीने के व्रत-त्योहारों की डिटेल

Published : May 25, 2026, 01:01 PM IST
June 2026 Hindu Calendar

सार

June 2026 Hindu Calendar In Hindi: साल 2026 के छठे महीने जून में कईं बड़े व्रत-त्योहार मनाए जाएंगे। इनमें गायत्री जयंती, निर्जला एकादशी आदि प्रमुख हैं। इस महीने में 15 तारीख तक ज्येष्ठ का अधिक मास रहेगा।

June 2026 Hindu Festival List: साल 2026 का छठा महीना जून बहुत ही खास रहेगा क्योंकि इस महीने की 15 तारीख तक ज्येष्ठ का अधिक मास रहेगा। इसके बाद ज्येष्ठ मास का शुक्ल पक्ष शुरू हो जाएगा। इस महीने में कई प्रमुख व्रत-त्योहार मनाए जाएंगे, जिनमें कमला एकादशी, गायत्री जयंती, निर्जला एकादशी आदि प्रमुख हैं। इसलिए धार्मिक दृष्टिकोण से इस महीने का विशेष महत्व है। आगे जानिए जून 2026 में कब, कौन-सा त्योहार मनाया जाएगा…

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जून 2026 के व्रत-त्योहार (Fasts and festivals of June 2026)

3 जून, बुधवार- गणेश चतुर्थी व्रत
11 जून, गुरुवार- कमला एकादशी
12 जून, शुक्रवार- प्रदोष व्रत
13 जून, शनिवार- मासिक शिवरात्रि
14 जून, रविवार- श्राद्ध अमावस्या
15 जून, सोमवार- सोमवती अमावस्या अधिक मास
17 जून, बुधवार- रंभा तीज व्रत
18 जून, गुरुवार- विनायकी चतुर्थी व्रत
20 जून, शनिवार- विंध्यवासिनी पूजा
23 जून, मंगलवार- महेश नवमी
24 जून, बुधवार- गायत्री जयंती
25 जून, गुरुवार- निर्जला एकादशी
27 जून, शनिवार- प्रदोष व्रत
29 जून, सोमवार- स्नान दान व्रत पूर्णिमा

साल की सबसे बड़ी एकादशी इस महीने

जून 2026 में साल की सबसे बड़ी एकादशी का व्रत किया जाएगा, जिसे निर्जला एकादशी कहते हैं। इस बार निर्जला एकादशी 25 जून, गुरुवार को है। ऐसी मान्यता है कि इस एकादशी का व्रत करने से साल भर की जाने वाली एकादशी का पुण्य प्राप्त हो जाता है। महाभारत के अनुसार पांडु पुत्र भीम सिर्फ यही एक एकादशी का व्रत करते थे, इसलिए इसका एक नाम भीमसेनी एकादशी भी है। इस व्रत में बिना पानी पीए व्रत करने का नियम है।

अधिक मास में सोमवती अमावस्या का संयोग

ज्येष्ठ के अधिक मास के अंतिम यानी 15 जून को सोमवती अमावस्या का संयोग बन रहा है। ऐसा संयोग कईं दशकों में एक बार बनता है। इस शुभ संयोग में नदी में स्नान करने और जरूरतमंदों को दान करने का विशेष महत्व बताया गया है। इस दिन देश की पवित्र नदियों में भक्त स्नान-दान के लिए आते हैं। इसी दिन ज्येष्ठ के अधिक मास का समापन भी होगा।


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इस आर्टिकल में जो जानकारी है, वो धर्म ग्रंथों, विद्वानों और ज्योतिषियों से ली गईं हैं। हम सिर्फ इस जानकारी को आप तक पहुंचाने का एक माध्यम हैं। यूजर्स इन जानकारियों को सिर्फ सूचना ही मानें।

 

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