Durga Mata Ki Aarti: चैत्र नवरात्रि में जय अम्बे गौरी... आरती गाकर करें मां दुर्गा को प्रसन्न, बदल जाएगी किस्मत

Published : Mar 19, 2026, 11:06 AM ISTUpdated : Mar 21, 2026, 09:42 AM IST
Maa Durga Aarti in Hindi

सार

Durga Mata ki Aarti in Hindi: मां दुर्गा की आरती जय अम्बे गौरी... के संपूर्ण हिंदी लिरिक्स यहां पढ़ें। चैत्र नवरात्रि 2026 पूजा के दौरान माता दुर्गा की यह आरती गाने से मां अपने भक्तों से प्रसन्न होती हैं और सुख-सौभाग्य का आशीर्वाद देते हुए मनोकामना पूर्ण करती हैं। पढ़ें मां दुर्गा की आरती।

Maa Durga Aarti Lyrics in Hindi: चैत्र नवरात्रि की शुरुआत आज, 19 मार्च, गुरुवार से हो गई है और समापन 27 मार्च को नवमी तिथि के साथ होगा। आज से लेकर पूरे नौ दिनों तक नवरात्रि में मां दुर्गा के नौ रूपों की अराधना की जायेगी। बता दें कि नवरात्रि में मां दुर्गा की विधि-विधान से पूजा के साथ ही माता की आरती का भी विशेष महत्व है। नवरात्रि में हर दिन मां दुर्गा की पूजा के बाद घी के दीए प्रज्जवलित कर आरती करने से माता प्रसन्न होती हैं और अपने भक्त की मनोकामना पूर्ण करती हैं। यदि आप भी इस चैत्र नवरात्र मां दुर्गा का आशीर्वाद पाना चाहते हैं, तो यहां पढ़ें मां दुर्गा की आरती- जय अम्बे गौरी, मैया जय श्यामा गौरी...।

Maa Durga Aarti in Hindi: जय अम्बे गौरी, मैया जय श्यामा गौरी... दुर्गा माता की आरती

जय अम्बे गौरी, मैया जय श्यामा गौरी।

तुमको निशिदिन ध्यावत, हरि ब्रह्मा शिवरी॥ ओम जय अंबे गौरी

मांग सिन्दूर विराजत, टीको मृगमद को।

उज्जवल से दो‌उ नैना, चन्द्रवदन नीको॥ ओम जय अंबे गौरकनक समान कलेवर, रक्ताम्बर राजै।

रक्तपुष्प गल माला, कण्ठन पर साजै॥ ओम जय अंबे गौरी

केहरि वाहन राजत, खड्ग खप्परधारी।

सुर-नर-मुनि-जन सेवत, तिनके दुखहारी॥ ओम जय अंबे गौरी

कानन कुण्डल शोभित, नासाग्रे मोती। कोटिक चन्द्र दिवाकर,

सम राजत ज्योति॥ ओम जय अंबे गौरी

शुम्भ-निशुम्भ बिदारे, महिषासुर घाती। धूम्र विलोचन नैना,

निशिदिन मदमाती॥ ओम जय अंबे गौरी

चण्ड-मुण्ड संहारे, शोणित बीज हरे।

मधु-कैटभ दो‌उ मारे, सुर भयहीन करे॥ ओम जय अंबे गौरी

ब्रहमाणी रुद्राणी तुम कमला रानी।

आगम-निगम-बखानी, तुम शिव पटरानी॥ ओम जय अंबे गौरी

चौंसठ योगिनी मंगल गावत, नृत्य करत भैरूं।

बाजत ताल मृदंगा, अरु बाजत डमरु॥ ओम जय अंबे गौरी

तुम ही जग की माता, तुम ही हो भरता।

भक्‍तन की दु:ख हरता, सुख सम्पत्ति करता॥ ओम जय अंबे गौरी

भुजा चार अति शोभित, वर-मुद्रा धारी।

मनवान्छित फल पावत, सेवत नर-नारी॥ ओम जय अंबे गौरी

कंचन थाल विराजत, अगर कपूर बाती।

श्रीमालकेतु में राजत, कोटि रतन ज्योति॥ ओम जय अंबे गौरी

श्री अम्बेजी की आरती, जो को‌ई नर गावै।

कहत शिवानन्द स्वामी, सुख सम्पत्ति पावै॥ ओम जय अंबे गौरी, ओम जय अंबे गौरी

जोर से बोलो जय माता दी, सारे बोले जय माता दी। बोल सांचे दरबार की जय

नवरात्रि विशेष आरती: जय अंबे गौरी, मैया जय श्यामा गौरी आरती वीडियो नीचे देखें और सुनें

नवरात्रि का महत्व

नवरात्रि हिंदू धर्म का एक महत्वपूर्ण पर्व है, जो मां दुर्गा की आराधना के लिए समर्पित होता है। इन नौ दिनों में देवी के विभिन्न रूपों की पूजा की जाती है, जो शक्ति, साहस और बुराई पर अच्छाई की जीत का प्रतीक हैं। यह पर्व आत्मशुद्धि, भक्ति और संयम का संदेश देता है। नवरात्रि के दौरान व्रत, पूजा और गरबा-डांडिया जैसे आयोजन होते हैं, जो श्रद्धा और उत्साह को दर्शाते हैं।

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Anita Tanvi

अनीता तन्वी। मीडिया जगत में 15 साल से ज्यादा का अनुभव। मौजूदा समय में ये एशियानेट न्यूज हिंदी के साथ जुड़कर एजुकेशन सेगमेंट संभाल रही हैं। इन्होंने जुलाई 2010 में मीडिया इंडस्ट्री में कदम रखा और अपने करियर की शुरुआत प्रभात खबर से की। पहले 6 सालों में, प्रभात खबर, न्यूज विंग और दैनिक भास्कर जैसे प्रमुख प्रिंट मीडिया संस्थानों में राष्ट्रीय, अंतरराष्ट्रीय, ह्यूमन एंगल और फीचर रिपोर्टिंग पर काम किया। इसके बाद, डिजिटल मीडिया की दिशा में कदम बढ़ाया। इन्हें प्रभात खबर.कॉम में एजुकेशन-जॉब/करियर सेक्शन के साथ-साथ, लाइफस्टाइल, हेल्थ और रीलिजन सेक्शन को भी लीड करने का अनुभव है। इसके अलावा, फोकस और हमारा टीवी चैनलों में इंटरव्यू और न्यूज एंकर के तौर पर भी काम किया है।Read More...
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