शिवलिंग पर एक लोटा जल चढ़ाने से कैसे बदल सकती है किस्मत? जानें पं. प्रदीप मिश्रा का अचूक उपाय

Published : Jul 26, 2025, 12:44 PM ISTUpdated : Jul 26, 2025, 12:49 PM IST
Shivling Puja

सार

Shivling Puja Vidhi: भगवान शिव पर एक लोटा जल चढ़ाने से आपकी किस्मत बदल सकती है। ये बात हम नहीं बल्कि कथावचक प्रदीप मिश्रा कहते हुए नजर आए हैं। आइए जानते हैं चढ़ाएं महादेव पर जल।

Bhagwan Shiv Puja Vidhi: सावन के महीने में भगवान शिव और माता पार्वती की पूजा धूमधाम से करने का रिवाज है। भगवान शिव के मंदिरों में भक्तों की भीड़ आसानी से देखने को मिल जाती है। भगवान शिव को खुश करने के लिए भक्त तरह-तरह के उपाय और खास पूजा करते हैं, ताकि भोलेनाथ का आशीर्वाद मिल सकें। वो कहते हैं ना देवों के देव महादेव की महिमा अपरंपार है। महादेव को खुश करने के लिए एक लोटा जल का ही काफी है। ये बात हम नहीं बल्कि कथावचक प्रदीप मिश्रा कहते हुए नजर आए हैं। उन्होंने बताया कि कैसे एक लोटा जल किसी भी इंसान की किस्मत बदल सकता है।

 

ये भी पढ़ें- Sawan Special: कुंभकर्ण के बेटे का वध कर महादेव ऐसे बने भीमाशंकर, रोचक है ये कथा

एक वीडियो खुद कथावचक प्रदीप मिश्रा ने अपने सोशल मीडिया अकाउंट पर शेयर किया है, जिसमें इस बात का जिक्र किया गया है कि हर परेशानी का हल एक लोटे जल के इस्तेमाल से मिल सकता है। कथावचक प्रदीप मिश्रा ने कहा, शिवपुराण की कथा कहती है कि जब में सारे रास्ते बंद हो जाएं, सारी दुनिया में तुम धक्के खाकर आ जाओ, सब जगह से होकर आ जाओ और आखिरी तक भी तुम्हारा काम ना बने तो एक बार मेरे शंकर के मंदिर में एक लोटा जल चढ़ाना शुरू कर दो आपके सारे रास्ते खुलना शुरू हो जाएंगे। एक लोटा जल जो हम शिव को चढ़ाते हैं वह हमारा कल बदल देता है। यहां देखिए प्रदीप मिश्रा का वीडियो।

ये भी पढ़ें- Janmashtami 2025: जन्माष्टमी पर कैसे करें लड्डू गोपाल की पूजा? जानें पूरी विधि

महादेव को कैसे चढ़ाएं जल

सबसे पहले ध्यान रखें कि शिवलिंग पर हमेशा बैठकर ही जल चढ़ाएं। धीरे-धीरे करके उन्हेम जल अर्पित करें। जब आप शिवलिंग पर जल चढ़ाएं उस वक्त आपका मुख उत्तर दिशा की ओर होना चाहिए। ध्यान रहें कि आप पश्चिम की तरफ मुख न करें। कुछ लोग ऐसे होते हैं जोकि तांबे के बर्तन में दूध लेकर भगवान शिव पर चढ़ा देते हैं, लेकिन ऐसा नहीं करना चाहिए। तांबे से शिवलिंग पर दूध अर्पित करना अशुभ माना जाता है। वहीं, जल की धारा पतली होनी चाहिए, बीच में रूकनी नहीं चाहिए। शिवलिंग पर जल चढ़ाते वक्त "ॐ नमः शिवाय" मंत्र का जाप करना चाहिए। जल चढ़ाते वक्त मन को बिल्कुल शांत रखना चाहिए।

Disclaimer

“इस लेख में दी गई सारी जानकारी केवल सामान्य सूचना के लिए है। एशियानेट हिंदी इसकी पुष्टि नहीं करता है।”

PREV

पूजा व्रत कथा: Read everthing about Puja Vrat Katha, Puja Vrat Muhurat, tyohar and puja vidhi for Hindu festivals at Asianet news hindi

Read more Articles on

Recommended Stories

Shattila Ekadashi 2026: षटतिला एकादशी व्रत कब? जानें पूजा विधि, मंत्र और शुभ मुहूर्त
Makar Sankranti 2026: मकर संक्रांति पर कैसे करें पूजा, कौन-सा मंत्र बोलें? जानें शुभ मुहूर्त