
नई दिल्ली: ब्राज़ील और मोरक्को के बीच हुए वर्ल्ड कप के रोमांचक मैच के बाद फुटबॉल की दुनिया में एक ही नाम की चर्चा है- अयूब बुआदी। मैदान पर ब्राज़ील की टीम को पानी पिलाने वाले इस 18 साल के लड़के को फुटबॉल एक्सपर्ट्स इस वर्ल्ड कप की सबसे बड़ी खोज बता रहे हैं।
साल 2018. एक 10 साल का बच्चा अपने पापा का हाथ थामे वर्ल्ड कप मैच देखने स्टेडियम पहुंचा। चारों तरफ के शोर से बेपरवाह, उसकी नज़रें सिर्फ मैदान पर घूमती गेंद पर टिकी थीं। उस छोटे से दिल ने उसी दिन ठान लिया था, "एक दिन मैं भी यह गेंद खेलूंगा और दुनिया देखेगी।" ठीक आठ साल बाद, जब वो लड़का मोरक्को की जर्सी पहनकर अपने पहले वर्ल्ड कप में उतरा, तो पूरी दुनिया हैरान रह गई। गैलरी में बैठा वो 10 साल का बच्चा कोई और नहीं, बल्कि ब्राज़ील को घुटनों पर लाने वाला अयूब बुआदी ही था!
इस मैच में अयूब ने ब्राज़ील के मजबूत मिडफील्ड को पूरी तरह से बेअसर कर दिया। सिर्फ 18 साल की उम्र में उन्होंने मैदान पर जो शांति और समझदारी दिखाई, वो अविश्वसनीय थी। 91% पासिंग एक्यूरेसी, हमले के लिए सटीक पासे और ब्राज़ील के हर मूव को रोकने की उनकी काबिलियत ने सबको चौंका दिया।
ब्राज़ील के अनुभवी खिलाड़ी कैसेमिरो और ब्रूनो गिम्मारेस जैसे दिग्गजों को भी अयूब ने एक इंच आगे नहीं बढ़ने दिया। कई फुटबॉल फैंस का तो यह भी मानना है कि 'मैन ऑफ द मैच' का अवॉर्ड विनीसियस जूनियर से ज़्यादा अयूब बुआदी को मिलना चाहिए था। अयूब फिलहाल फ्रेंच क्लब लिली (Lille) के लिए खेलते हैं। उनकी प्रतिभा को पहचानते हुए इंग्लिश क्लब आर्सेनल ने 60 मिलियन यूरो का बड़ा ऑफर भी दिया था, लेकिन लिली ने उन्हें बेचने से साफ इनकार कर दिया।
अगर एक्सपर्ट्स की मानें तो यह वर्ल्ड कप खत्म होते-होते अयूब बुआदी की ट्रांसफर वैल्यू 100 मिलियन यूरो के पार चली जाएगी। अब देखना यह है कि क्या यह मोरक्कन लड़का वाकई इतिहास रच पाएगा, जैसा कि दुनिया उम्मीद कर रही है।