जल गंगा: मध्यप्रदेश की प्यास बुझाने का अनोखा अभियान

Published : Apr 22, 2025, 12:36 PM IST
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सार

मध्यप्रदेश में जल गंगा संवर्धन अभियान जोरों पर है। नदियों की सफाई, वृक्षारोपण, जल संचयन जैसे प्रयासों से जल स्रोतों को पुनर्जीवित किया जा रहा है। जनप्रतिनिधि से लेकर आम जनता तक, सभी बढ़-चढ़कर इस मुहिम में शामिल हो रहे हैं।

भोपाल। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के नेतृत्व में संचालित जल गंगा संवर्धन अभियान एक महत्वपूर्ण पर्यावरणीय पहल है, जिसका उद्देश्य जल स्रोतों का संरक्षण और पुनर्जीवन करना है। इस अभियान में नदियों को स्वच्छ और प्रदूषण मुक्त बनाने के लिए विभिन्न गतिविधियाँ चलाई जा रही है। इनमें नदी तटों की सफाई, वृक्षारोपण, जल संचयन और औद्योगिक कचरे पर नियंत्रण की पहल की जा रही है। साथ ही नागरिकों को जल की महत्ता और उसके संरक्षण के प्रति जागरूक किया जा रहा है। जनप्रतिनिधि से लेकर आम नागरिक इस अभियान में बढ़-चढ़कर भाग ले रहे हैं। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने प्रदेशवासियों से आहवान किया है कि जल संरक्षण एवं संवर्धन हम सभी की जिम्मेदारी है, एकजुट होकर अभियान को सफल बनायें।

नगरीय प्रशासन एवं शहरी विकास राज्यमंत्री एवं जिले की प्रभारी मंत्री प्रतिमा बागरी रविवार को डिण्डोरी जिले की शहपुरा जनपद पंचायत के ग्राम बरगांव में जल गंगा संवर्धन कार्यक्रम में शामिल हुई। मंत्री श्रीमती प्रतिमा बागरी ने सिलगी नदी के तट पर जल संवर्धन का सन्देश देते हुए, जनप्रतिनिधियों और अधिकारीगण के साथ सिलगी नदी की स्वच्छता के लिए सफाई कार्य में सहभागिता की। जल संरक्षण केवल अभियान तक सीमित प्रक्रिया नहीं है, यह एक सतत प्रक्रिया है। इसमें शासन प्रशासन की भूमिका के साथ ही हम सभी का सहयोग आवश्यक है।

जलदूत बनने के लिए माय भारत पोर्टल पर रजिस्ट्रेशन कराएं

उमरिया जिले के कलेक्टर धरणेन्द्र कुमार जैन ने कहा कि जल गंगा संवर्धन अभियान 30 जून तक संचालित किया जाएगा। अभियान के तहत माय भारत पोर्टल पर वॉलंटियर जलदूत के लिए पंजीयन करायें। उन्होंने कहा कि माय भारत पोर्टल पर अधिक से अधिक संख्या में रजिस्ट्रेशन कर जलदूत बने। उन्होंने बताया कि पंजीयन के लिए माय भारत पोर्टल की लिंक पर क्लिक कर नाम, मोबाइल नंबर एवं अन्य आवश्यक जानकारी भरें। सबमिट बटन पर क्लिक करें और पंजीकरण की प्रक्रिया पूरी करें। उन्होंने कहा कि जल संरक्षण और जल गंगा संवर्धन अभियान में योगदान दें।

जनप्रतिनिधियों, अधिकारियों एवं जनमानस ने किया श्रमदान

शहडोल जिले के जनपद पंचायत सोहागपुर के ग्राम पड़मनियां के बड़का तालाब में जल गंगा संवर्धन अभियान के तहत जल के एक-एक बूंद को सहेजने के लिए सफाई कार्य तथा तालाब के किनारे से गाद भी निकाली गई। इसमें कलेक्टर डॉ. केदार सिंह, जिला पंचायत शहडोल के मुख्य कार्यपालन अधिकारी श्री नरेंद्र धुर्वे सहित अन्य लोगों बढ़ चढ़कर सहभागिता निभाते हुए श्रमदान किया।

“अपनी मिट्टी अपना जल’’ संरक्षित करने के लिये युवा टीम ने किया बोरी बंधान

उमरिया जिले में नवाचार करते हुए “अपनी मिट्टी अपना जल’’ के अंतर्गत बोरी बंधान का कार्य किया जा रहा है। इसी क्रम में उमरिया कलेक्टर धरणेन्द्र कुमार जैन व मुख्य कार्यपालन अधिकारी जिला पंचायत सीईओ अभय सिंह के मार्गदर्शन पर जिले की सक्रिय युवाओं की टोली युवा टीम के द्वारा ग्राम पंचायत उचेहरा की नदी में बोरी बंधान कर जल संरक्षण का संदेश दिया। पर्यावरण मित्र हिमांशु तिवारी ने कहा कि बोरी बंधान हो जाने पर वाटर लेबल बढ़ेगा। साथ ही पेयजल संकट से भी मुक्ति मिलेगी, पानी को सहेजना हम सबकी जिम्मेदारी है।

देवास जिले में जल गंगा अभियान के अंतर्गत पुराने तालाबों, बावड़ियों और कुँओं का जीर्णोद्धार किया जा रहा है। इसके साथ ही वृक्षारोपण एवं नदियों को साफ-स्वच्छ करने का भी अभियान चलाया जायेगा। इसके लिए जिले में विस्तृत कार्ययोजना तैयार की गई है। अभियान में गर्मी को देखते हुए देवास जिले की नगरीय निकाय पीपलरावां एवं करनावद में सार्वजनिक प्याऊ लगाई गई। इन सार्वजनिक प्याऊ की पहल से आमजनों, पथिकों, यात्रियों आदि को गर्मी के दौरान शीतल पेयजल मिल रहा है। जिले के नगरीय एवं ग्रामीण क्षेत्रों में सार्वजनिक प्याऊ लगाई गई है। इन प्याऊ के माध्यम से राहगीरों के सूखे कंठ की प्यास बुझेगी।

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