
Gemstone Effects: ज्योतिष शास्त्र में शुभ फल पाने के लिए और परेशानियों से बचने के लिए रत्न पहनने की सलाह दी जाती है। इन रत्नों को अंगूठी में, ब्रेसलेट में और लॉकेट के रूप में पहना जाता है। इन रत्नों के पहनने के बाद जीवन में चल रही परेशानियां खत्म हो सकती हैं लेकिन कईं बार ऐसा नहीं भी होता। यानी रत्न पहनने के बाद भी मनचाहे लाभ नहीं मिल पाते। इसके पीछे कुछ खास गलतियां हो सकती हैं। आगे जानिए कौन-सी हैं ये 4 गलतियां…
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कुछ लोग दूसरों की सलाह मानकर या इंटरनेट पर पढ़कर अपनी मनमर्जी से कोई भी रत्न पहन लेते हैं। यही उनकी सबसे बड़ी गलती होती है। हर व्यक्ति की कुंडली अलग होती है और उसी के अनुसार रत्न का चयन किया जाता है। आपके लिए सही रत्न कौन-सा है ये सिर्फ योग्य ज्योतिषी ही बता सकते हैं। गलत रत्न लाभ की बजाय नुकसान भी पहुंचा सकता है।
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आजकल बाजार में असली दिखने वाले नकली रत्न बहुत ज्यादा देखने में आते हैं। कम कीमत होने के कारण लोग इन्हें खरीदकर पहन भी लेते हैं। लेकिन नकली होने के कारण ये अपना प्रभाव नहीं दिखाते। इनके अलावा टूटा हुआ, दरारयुक्त या दोषयुक्त रत्न भी उतने प्रभावी नहीं होते। इसलिए हमेशा प्रमाणित और अच्छी गुणवत्ता वाला रत्न ही पहनना चाहिए।
ज्योतिष शास्त्र में हर रत्न के लिए विशेष धातु और उंगली निर्धारित बताई गई है। जैसे माणिक्य सोने में और अनामिका उंगली में, जबकि पन्ना कनिष्ठिका में पहनने की सलाह दी जाती है। यदि रत्न गलत धातु या गलत उंगली में पहना जाए तो इससे मनचाहे लाभ लाभ नहीं मिल पाते। इसके लिए भी ज्योतिषी से सलाह जरूर लें।
ज्योतिष शास्त्र में रत्न धारण करने के लिए विशेष दिन, नक्षत्र और मंत्र बताए गए हैं। इन नियमों का पालन करना जरूरी है। बिना मुहूर्त देखे और गलत विधि से पहने गए रत्नों का भी पूरा फल नहीं मिल पाता। इसलिए रत्न धारण करने से पहले विशेषज्ञ की सलाह लेना उचित माना जाता है।
Disclaimer
इस आर्टिकल में जो जानकारी है, वो धर्म ग्रंथों, विद्वानों और ज्योतिषियों से ली गईं हैं। हम सिर्फ इस जानकारी को आप तक पहुंचाने का एक माध्यम हैं। यूजर्स इन जानकारियों को सिर्फ सूचना ही मानें।