
मुंबई. पनामा पेपर्स केस (Panama Papers Case) में अमिताभ बच्चन (Amitabh Bachchan) की बहू और एक्ट्रेस ऐश्वर्या राय (Aishwarya Rai) से सोमवार को ईडी ने करीब पांच घंटे तक पूछताछ की है। ऐश्वर्या दिल्ली स्थित ED के दफ्तर में पहुंची थीं। ऐश्वर्या ने ईडी के ढेर सारे सवालों का सामना किया। बता दें कि ED के अधिकारी ऐश्वर्या राय से पूछे जाने वाले सवालों की सूची पहले ही तैयार कर चुके थे। रिपोर्ट्स के मुताबिक, पनामा पेपर्स मामले में भारत के करीब 500 लोगों के शामिल होने की बात सामने आई थी। इनमें कई पॉलिटिशियन के अलावा एक्टर्स, खिलाड़ी और उद्योगपतियों के नाम शामिल हैं। ईडी के सवालों का जवाब देने के बाद ऐश्वर्या राय आधी रात को मुंबई पहुंची। एयरपोर्ट से उनकी कई सारी फोटोज सोशल मीडिया पर वायरल हो रही है। इन फोटोज में देखा जा सकता है कि ऐश्वर्या राय के चेहरे और आंखों में उदासी नजर आ रही है। इतना ही नहीं वे किसी को कोई रिसपॉन्स नहीं दिया। इस दौरान उन्होंने काले रंग के कपड़े पहन रखे थे।
सिक्युरिटी से घिरी रही ऐश्वर्या राय
मुंबई वापस लौटने पर ऐश्वर्या राय सिक्युरिटी गार्ड से घिरी नजर आईं। एयरपोर्ट से अपने घर जाने के लिए पहले से कार खड़ी थी। ऐश्वर्या कार में बैठकर घर चली गईं। आपको बता दें कि पनामा पेपर्स मामले में करीब महीनेभर पहले ही अभिषेक बच्चन भी ED ऑफिस पहुंचे थे। वे कुछ डॉक्यूमेंट्स भी ED अधिकारियों को सौंपे चुके हैं। ED सूत्रों की मानें तो जांच एजेंसी जल्द ही इस मामले में उनके पापा अमिताभ बच्चन को भी समन भेजने वाली है।
क्या है पनामा पेपर्स लीक मामला
पनामा एक लैटिन अमेरिकी देश है, जहां लॉ फर्म मोसेक फोंसेका के एक करोड़ 10 लाख दस्तावेज लीक हुए थे। लीक दस्तावेज बताते हैं कि ताकतवर लोगों ने पनामा, वर्जिन आईलैंड और बहामास जैसे टैक्स हैवन देशों में बड़े पैमाने पर इन्वेस्टमेंट किया था। यहां ताकतवर और रसूखदार लोगों ने इसलिए निवेश किया, क्योंकि यहां टैक्स के नियम काफी आसान हैं और निवेश करने वाले लोगों की पहचान सीक्रेट रखी जाती है।
मोटी फीस के बदले वित्तीय मदद देती है मोसेक फोंसेका
1977 में बनी मोसेक फोंसेका एक लॉ फर्म है, जिसके 35 देशों में ऑफिस है, लेकिन इसका हेडक्वार्टर पनामा में है। ये फर्म अलग-अलग देशों में ताकतवर औार अमीर लोगों से मोटी फीस लेकर उन्हें वित्तीय सलाह देती है। सलाह देने की आड़ में ये फर्म शैल कपंनी भी बनाती है। ये शैल कंपनीज सिर्फ दिखावे के लिए बनाई जाती हैं। इसे बनाने का मकसद होता है किसी भी कानूनी प्रक्रिया से बचना और पैसे को ठिकाने लगाना या फिर काले धन को सफेद करना।
- 2016 में पनामा पेपर्स लीक का खुलासा इंटरनेशनल कन्सॉर्टियम ऑफ इन्वेस्टिगेटिव जर्नलिस्ट्स यानी ICIJ ने किया था। ये दुनियाभर के खोजी पत्रकारों का अंतरराष्ट्रीय महासंघ है। इसमें 70 देशों के 370 पत्रकारों ने चार साल तक दस्तावेजों की पड़ताल की थी। इनमें कुछ भारतीय जर्नलिस्ट्स भी थे। इस कन्सॉर्टियम में ऐसे पत्रकार शामिल होते हैं, जो सरकारी कागजों को पढ़ सकते हैं।
ये भी पढ़ें-
जब प्यार में मिले धोखे के कारण बदहवास हो गई थी Deepika Padukone, BF को दूसरी लड़की संग पकड़ा था रंगे हाथ
सास-ससुर संग मस्ती में जीभ चिढ़ाती दिखी Priyanka Chopra, लेकिन खली इस खास की कमी, याद कर कही ये बात
Kareena Kapoor का बेटा इनके आगे मम्मी-पापा को कुछ नहीं समझता, इनपर जान छिड़कता है Taimur Ali Khan
पत्नी संग करोड़ों का बिजनेस करते हैं Salman Khan के भाई, 22 साल पहले इसलिए किया था मौलवी को किडनेप
मनोरंजन जगत की सबसे खास खबरें अब एक क्लिक पर। फिल्में, टीवी शो, वेब सीरीज़ और स्टार अपडेट्स के लिए Bollywood News in Hindi और Entertainment News in Hindi सेक्शन देखें। टीवी शोज़, टीआरपी और सीरियल अपडेट्स के लिए TV News in Hindi पढ़ें। साउथ फिल्मों की बड़ी ख़बरों के लिए South Cinema News, और भोजपुरी इंडस्ट्री अपडेट्स के लिए Bhojpuri News सेक्शन फॉलो करें — सबसे तेज़ एंटरटेनमेंट कवरेज यहीं।