
बिजनेस डेस्क। कम रकम के लिए डिजिटल मोड में ट्रांजेक्शन को लेकर मोदी सरकार ने 26 सौ करोड़ रुपए की प्रोत्साहन राशि को मंजूरी दे दी है। कैबिनेट की बैठक के बाद केंद्रीय मंत्री भूपेंद्र यादव ने कहा कि मोदी कैबिनेट ने रुपे डेबिट कार्ड और भीम यूपीआई ट्रांजेक्शन को बढ़ावा देने के लिए प्रोत्साहन योजना को मंजूरी दी है। कैबिनेट ने तीन मल्टी लेवल यानी बहुस्तरीय को-ऑपरेटिव सोसाइटी के गठन का भी फैसला लिया है।
मोदी सरकार ने प्रधानमंत्री मुफ्त अनाज योजना का नाम बदलने का फैसला लिया है। अब से प्रधानमंत्री गरीब कल्याण अन्न योजना कार्यक्रम का नाम होगा। पिछली कैबिनेट में मुफ्त अन्न योजना को एक साल के लिए बढ़ा दिया गया था। वहीं, कैबिनेट की बैठक के बाद केंद्रीय मंत्री भूपेंद्र यादव ने बताया कि मोदी सरकार ने मल्टी स्टेट कोऑपरेटिव सोसाइटी एक्ट 2022 के तहत एक नेशनल लेवल की मल्टी स्टेट को-ऑपरेटिव एक्सपोर्ट सोसाइटी की स्थापना को मंजूरी दे दी है।
मुफ्त अन्न योजना 31 दिसंबर को खत्म हो गई थी
यह सहकारी समितियों के समावेशी विकास मॉडल से सहकार के लक्ष्य को हासिल करने में मदद करेगी। बता दें कि प्रधानमंत्री मुफ्त अन्न योजना की अवधि 31 दिसंबर को खत्म हो गई थी। कोरोना महामारी के दौरान गरीबों को मुफ्त अनाज वितरण की शुरुआत अप्रैल 2020 में की गई थी। इसे ही एक साल के लिए पिछले कैबिनेट मीटिंग में बढ़ा दिया गया था।
Business Success Mantra: आप भी चाहते हैं कारोबार में कामयाबी तो गांठ बांध लीजिए रतन टाटा के टिप्स
व्यापार समाचार: Read latest business news in Hindi, Investment News, Insurance News, Personal Finance Tips & Budget News Live Updates at Asianet Hindi News