केंद्रीय वित्तमंत्री निर्मला सीतारमण ने 2023-24 के लिए बजट पेश कर दिया है। इस बार के बजट में कोई बड़ा ऐलान तो नहीं किया गया है लेकिन नई टैक्स स्कीम में अब 7 लाख तक की आय करने वालों को कोई टैक्स नहीं देना होगा।
Union Budget 2023. केंद्रीय वित्तमंत्री निर्मला सीतारमण ने 2023-24 के लिए बजट पेश कर दिया है। इस बार के बजट में कोई बड़ा ऐलान तो नहीं किया गया है लेकिन नई टैक्स स्कीम में अब 7 लाख तक की आय करने वालों को कोई टैक्स नहीं देना होगा। इसके साथ ही वित्तमंत्री कई नए ऐलान किए हैं।
7 संकल्पों पर आधारित है बजट- केंद्रीय वित्तमंत्री निर्मला सीतारमण ने कहा कि सरकार ने 7 संकल्पों के आधार पर बजट तैयार किया है। यह सप्तऋर्षि की तरह काम करेगा। इसमें सभी क्षेत्रों को शामिल किया गया है।
1 साल के लिए बढ़ाई गई मुफ्त राशन की स्कीम- वित्तमंत्री निर्मला सीतारमण ने कहा कि कोविड के दौरान हमने यह सिक्योर किया कि कोई भी भूखा नहीं रहे। इसलिए सरकार प्रधानमंत्री अन्न योजना को अगले 1 साल के लिए बढ़ा रही है।
भारत की प्रति व्यक्ति आय दोगुनी हुई- वित्तमंत्री ने कहा कि देश के नागरिकों का जीवन स्तर बेहतर हो रहा है और प्रति व्यक्ति आय दोगुनी हो चुकी है। हम दुनिया की 5वीं सबसे बड़ी अर्थव्यस्था हैं।
स्वास्थ्य, शिक्षा के लिए 157 कॉलेज- वित्तमंत्री ने देश में स्वास्थ्य और शिक्षा के लिए 157 कॉलेजों के निर्माण की बात कही। वित्तमंत्री ने आदिवासी समुदाय के लिए एकलव्य मॉडर्न स्कूल की भी बात कही।
पीएम आवास योजना में 66 फीसदी का इजाफा- वित्तमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री आवासा योजना का बजट करीब 66 फीसदी तक बढ़ाया गया है ताकि देश के हर नागरिक को छत मुहैया हो सके।
आधारभूत ढांचे के लिए 10 लाख करोड़ का प्रस्ताव। कमजोर जनजातीय लोगों के लिए पीवीजीटी योजना। सहकार से समृद्धि तक की योजना। छोटे किसानों के लिए सहकारिया मॉडल।
50 नए एयरपोर्ट बनेंगे- वित्तमंत्री ने रीजनल कनेक्टिविटी बढ़ाने के लिए 50 नए एयरपोर्ट बनाने का एलान किया। इसके साथ ही रोड इंफ्रास्ट्रक्टर को भी बेहतर बनाया जाएगा। टीयर 2 और टीयर 3 शहरों के लिए विशेष योजना चलाई जाएगी।
सरकारी कर्मचारियों के लिए कर्मयोगी योजना- ज्यादा से ज्यादा लोगों की सेवा के लिए सरकारी कर्मचारियों के स्किल डेवलपमेंट के लिए कर्मयोगी स्कीम चलाई जाएगी।
ईज ऑफ डूइंग बिजनेस को बढ़ावा- देश में ईज ऑफ डूइंग बिजनेस को बढ़ावा देने के लिए डिजिटल प्लेटफॉर्म को बढ़ावा दिया जाएगा। फाइनांसियल सेक्टर के डिजिटल इंडिया को भी बढ़ावा दिया जाएगा।
ई-कोर्ट प्रोजेक्ट के लिए 7 हजार करोड़- कोर्ट्स में डिजिटलीकरण को बढ़ावा देने के लिए ई कोर्ट स्कीम के तहत 7 हजार करोड़ का प्रावधान किया जा रहा है। डिजीलॉकर और आधार के माध्यम से सभी डाक्यूमेंट को डिजिटली ट्रांसफर करने को मान्य बनाया जा रहा है।
पीएम प्रणाम योजना- कृषि योग्य जमीन को बेहतर बनाने के लिए पीएम प्रणाम योजना चलाई जाएगी। इसके अलावा गोवर्धन स्कीम के माध्यम से गोबर गैस प्लांट्स को बढ़ावा दिया जाएगा।
मैंग्रो प्लांटेशन को बढ़ावा- मिष्टी योजना के तहत मैंग्रो प्लांटेशन को बढ़ावा दिया जाएगा। 1 करोड़ किसानों को जैविक खेती से जोड़ा जाएगा। अमृत धरोधर स्कीम से वेटलैंड्स को बेहतर बनाया जाएगा।
टूरिज्म के लिए 50 नए स्पॉट- टूरिज्म को बढ़ावा के लिए 50 नए स्पॉट को चिन्हित किया गया है। इन सभी जगहों के लिए बेहतर कनेक्टिविटी होगी और सभी स्थानों को पैकेज की तरह तैयार किया जाएगा। डोमेस्टिक टूरिज्म के लिए देखो अपना देश और स्वदेश दर्शन स्कीम लांच।
फाइनेंसियल सेक्टर के लिए बड़ी योजना- नेशनल फाइनांसियल रजिस्ट्री का सेटअप होगा जिसमें सभी तरह की जानकारी उपलब्ध होगी। अमृत काल की जरूरतों को पूरा करने के लिए पब्लिक कंसल्टेशन को बढ़ावा दिया जाएगा।
महिला सम्मान बचत पत्र- निवेशक अब अनक्लेम इंवेस्टमेंट को भी क्लेम कर सकेंगे इसके लिए सेटअप तैयार किया जा रहा है। महिला सम्मान बचत पत्र दिया जाएगा। इसमें महिला और लड़की को 2 लाख के निवेश का अवसर मिलेगा।
बुजुर्गों की सेविंग स्कीम- बुजुर्गों के लिए अधिकतम सेविंग स्कीम को 30 लाख रुपए तक बढ़ा दिया गया है। महिला सम्मान बचत पत्र की शुरूआत की जा रही है।
लग्जरी आईटम पर टैक्स बढ़ाया गया- लग्जरी आइटम जैसे आर्टिफिशियल गोल्ड-सिल्वर डोर्स के आयात पर टैक्स बढ़ाया जाएगा। चांदी पर कस्टम ड्यूटी घटाई गई है। इस साल 6.5 करोड़ रिटर्न की प्रोसेसिंग हुई है।
छोटे उद्योगों की 9000 करोड़ की क्रेडिट गारंटी- छोटे उद्योगों को बढ़ावा देने के लिए 9000 करोड़ की क्रेडिट गारंटी की व्यवस्था की जा रही है। 2030 तक हाइड्रोजन उत्पादन 5 एमएमटी तक पहुंचाने का लक्ष्य है। सालाना शहरी विकास के लिए 10,000 करोड़ सालाना दिया जाएगा।
इनकम टैक्स में बड़ी राहत- वित्तमंत्री ने आयकर छूट की सीमा बढ़ाते हुए 7 लाख कर दी है। 7 लाख तक की आय पर कोई टैक्स नहीं देना होगा।
9 लाख से उपर वालों को 45000 का टैक्स- 9 लाख रुपए सालाना आय वालों को सिर्फ 45000 का टैक्स देना होगा। 15.5 लाख की सैलरी पाने वालों को 52,500 रुपए का फायदा होगा।
12 से 15 लाख की आय पर 20 प्रतिशत टैक्स- वित्तमंत्री ने कहा कि 12 से 15 लाख की आय करने वालों को 20 प्रतिशत का टैक्स देना होगा।
व्यापार समाचार: Read latest business news in Hindi, Investment News, Insurance News, Personal Finance Tips & Budget News Live Updates at Asianet Hindi News