भले ही ये तीनों देश अलग-अलग जगहों पर बसे हैं, लेकिन इनकी सफलता का फॉर्मूला एक जैसा ही है।
• हाई प्रोडक्टिविटी: ये देश सिर्फ बिजनेस ही नहीं, बल्कि फाइनेंशियल सर्विस और मॉडर्न टेक्नोलॉजी के जरिए भी खूब दौलत कमाते हैं।
• स्किल्ड आबादी: यहां क्वालिटी एजुकेशन, प्रोफेशनल स्किल्स और ट्रेनिंग को सबसे ज्यादा अहमियत दी जाती है, जिससे हर किसी को आसानी से रोजगार मिल जाता है।
• मजबूत सरकार: स्थिर सरकार, बिजनेस फ्रेंडली नियम और शानदार इंफ्रास्ट्रक्चर इनकी सफलता का बड़ा कारण हैं।
• मजबूत सोशल प्रोटेक्शन: सरकार लोगों की सेहत, शिक्षा और बुनियादी जरूरतों की पूरी जिम्मेदारी लेती है, जिससे लोग कभी गरीबी में नहीं जाते।
मोनाको, लक्जमबर्ग और लिकटेंस्टीन भले ही आकार में छोटे हों, लेकिन इनकी दौलत, लाइफस्टाइल और आर्थिक नीतियां पूरी दुनिया को हैरान कर रही हैं। इनकम टैक्स हटाना, पब्लिक ट्रांसपोर्ट फ्री करना और हाई-टेक इंडस्ट्री को बढ़ावा देना, इन्हीं वजहों से ये देश दुनिया के नक्शे पर अलग ही चमकते हैं।