Plant Growth Tips: क्या 10 रु. की सफेद चीज डालने से पौधों की ग्रोथ बढ़ती है ? क्या इस लीक्विड के गंभीर भी पौधों के लिए हो सकते हैं? टमाटर, मिर्च, से अंगूर के पौधे में इस्तेमाल करने का सही तरीका क्या है?
बागवनी और हम गार्डनिंग भारत में ट्रेंड से बढ़ गया है। इसमें भले थोड़ी मेहनत लगती हो लेकिन स्वाद और फ्रेशनेस 100% शुद्ध रहती हैं। अगर आपने भी घर में प्लांट्स लगाए हुए हैं तो तरह-तरह की खाद का इस्तेमाल भी करते होंगे, लेकिन बीत कुछ समय से छाछ या मट्ठा का इस्तेमाल फर्टीलाइजर के रूप में बढ़ गया है। कहा जाता है कि ये पौधों की ग्रोथ बढ़ाने, रोगों को नियंत्रित करने और मिट्टी की गुणवत्ता सुधारने में मदद करती हैं, लेकिन क्या वाकई सच है? क्या हर पौधे में छाछ डालना सुरक्षित है? इन सभी सवालों के जवाब इस आर्टिकल में हम आपको देंगे।
पौधों के लिए छाछ के फायदे
छाछ में लैक्टिक एसिड बैक्टीरिया, कैल्शियम, मैग्नीशियम और कई पोषक तत्व पाए जाते हैं। ये तत्व को मिट्टी में मौजूद लाभकारी सूक्ष्मजीवों को बढ़ाने का काम करता है।
किन पौधों को छाछ का इस्तेमाल करना चाहिए?
अम्लीय मिट्टी वाले पौधे- यदि आपने घर में ब्लूबेरी, क्रैनबेरी, अजेलिया जैसे पौधे लगा रखे हैं तो इनमें खाद के तौर पर छाछ का इस्तेमाल किया जा सकता है। यह मिट्टी का PH ताममान कंट्रोल करने के साथ पौधों में आयरन की कमी दूर कर सकता है।
फलदार पौधे- आप सेब, नाशपाती, अंगूर के पौधों में भी छाछ डाल सकते हैं। यह मिट्टी को जैविक और हल्दी बनाता है।
सब्जियां- छाछ का पानी टमाटर, मिर्च, बैंगन, आलू, खीरा, लौकी और कद्दू जैसे फसलों में भी इस्तेमाल किया जा सकता है। यह पौधों में कैल्शियम उपलब्धता बढ़ाता है।