
शादीशुदा लोगों के लिए सबसे बुरा सपना होता है पत्नी और मां-बाप के बीच फंस जाना. 28 साल के एक आदमी के साथ भी कुछ ऐसा ही हो रहा है. उसने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म रेडिट (Reddit) की 'r/InsideIndianMarriage' कम्युनिटी में अपनी पूरी कहानी बताई है.
उस आदमी ने बताया कि वह और उसकी 26 साल की पत्नी 2017 में फेसबुक पर मिले थे. सात साल तक रिलेशनशिप में रहने के बाद उन्होंने 2024 में शादी कर ली. उसने बताया कि उसकी पत्नी बचपन से ही जिद्दी स्वभाव की है और लोगों से जल्दी घुलती-मिलती नहीं है. वहीं, उसके पिता काफी सख्त और धार्मिक हैं, जबकि मां बहुत इमोशनल हैं और बेटे से बहुत ज़्यादा लगाव रखती हैं. आर्थिक तौर पर, वह आदमी अपनी पत्नी से सात गुना ज़्यादा कमाता है और घर के काम पत्नी ही संभालती है.
पत्नी और मां-बाप के बीच मतभेद शादी के समय ही शुरू हो गए थे. दोनों की जाति और खान-पान की आदतें अलग-अलग हैं (लड़के का परिवार शाकाहारी है, जबकि लड़की का मांसाहारी). शादी के दौरान हुई कुछ घटनाओं ने हालात और बिगाड़ दिए.
लड़के वालों ने शादी का खर्च उठाया था. लेकिन उन्होंने परंपरा के नाम पर कुछ तोहफे (जैसे सोने की अंगूठी) मांगे, जो लड़की वालों को दहेज जैसा लगा और वे नाराज़ हो गए. शादी के बाद पत्नी अपने सारे गहने अपने पास रखना चाहती थी और कुछ गहने उसने मायके में छोड़ दिए थे, यह बात सास-ससुर को पसंद नहीं आई. एक त्योहार के समय पत्नी के घर से तोहफे में फल न आने पर उस आदमी की मां ने वीडियो कॉल पर रोते हुए नाराज़गी जताई.
इतना ही नहीं, घर में उनकी तस्वीर न लगाने और 'घर में भगवान का वास नहीं दिखता' जैसे कमेंट्स से पत्नी को बहुत दुख पहुंचा. प्रेग्नेंसी के दौरान पत्नी अपनी मां के साथ रहना चाहती थी, जिससे उसकी सास को लगा कि उन्हें नज़रअंदाज़ किया जा रहा है. हालात तब बेकाबू हो गए, जब पत्नी ने सास-ससुर पर चिल्लाते हुए कहा, "बच्चे पर आपका कोई हक़ नहीं है, आप मुझसे या बच्चे से बात नहीं करेंगे."
ये झगड़े अब तलाक तक पहुंच गए हैं. उस आदमी ने लिखा, "गलतियां दोनों तरफ से हुई हैं. मेरी मां की उम्मीदें बहुत ज़्यादा हैं और वह इमोशनली मुझ पर निर्भर हैं, वहीं मेरी पत्नी के सख्त नियम अपमानजनक लगते हैं. मैं तलाक नहीं चाहता, लेकिन मां-बाप को भी नहीं छोड़ सकता."
रेडिट यूज़र्स ने उस आदमी से हमदर्दी दिखाने के बजाय, पत्नी का पक्ष लिया और उसे जमकर खरी-खोटी सुनाई. एक यूज़र ने लिखा, "आपके मां-बाप छोटी-छोटी बातों का बतंगड़ बना रहे हैं और आपको इमोशनली ब्लैकमेल कर रहे हैं. आपकी पत्नी को आपका सपोर्ट नहीं मिल रहा." एक और ने कहा, "पत्नी कोई बच्चा पैदा करने की मशीन नहीं है. प्रेग्नेंसी के दौरान आपके मां-बाप ने उसे परेशान किया. पत्नी की रक्षा करना आपकी ज़िम्मेदारी थी, जिसमें आप फेल हो गए."
कई लोगों ने समझाया, "आपकी पत्नी और बच्चा अब आपकी पहली फैमिली हैं. मां-बाप अब 'एक्सटेंडेड फैमिली' (विस्तारित परिवार) हैं. पहले तय करो कि आपकी प्राथमिकता क्या है." कुछ यूज़र्स ने तो उसे "बिना रीढ़ की हड्डी वाला" तक कह दिया और चेतावनी दी कि अगर मां-बाप की दखलअंदाजी पर लगाम नहीं लगाई, तो परिवार नहीं बचेगा.