Wife Swapping: क्यों हो रही है पत्नियों की अदला-बदली? जानें वजह

Published : Jan 06, 2026, 06:16 PM IST
Wife Swapping: क्यों हो रही है पत्नियों की अदला-बदली? जानें वजह

सार

'वाइफ स्वैपिंग' एक विदेशी चलन है, जिसमें शादीशुदा जोड़े सहमति से यौन साथी बदलते हैं। भारत में यह अनैतिक है और तलाक का आधार बन सकता है। हालांकि व्यभिचार अब अपराध नहीं, पर साथी को मजबूर करना क्रूरता व रेप माना जाता है।

इतने सालों से दूसरे देशों में चल रहा 'वाइफ स्वैपिंग' या पत्नियों की अदला-बदली का चलन अब भारत में भी आ गया है। इसकी वजह से कुछ तलाक भी हुए हैं। एक्ट्रेस करिश्मा कपूर भी इसी से तंग आकर तलाक ले चुकी हैं। यह एक ऐसी प्रक्रिया है जिसमें दो या उससे ज़्यादा शादीशुदा जोड़े आपसी सहमति से अपनी यौन इच्छाओं के लिए कुछ समय के लिए अपने पार्टनर बदल लेते हैं। विदेशों में इसे 'स्विंगिंग' कहा जाता है। भारत में आज भी यह एक टैबू और अनैतिक विषय माना जाता है।

यह कैसे होता है?

आमतौर पर, एक जैसी सोच वाले कपल्स पार्टी करते हैं या ऑनलाइन क्लब में मिलते हैं। इस काम के लिए दोनों कपल्स की 'आपसी सहमति' होनी चाहिए। यह सब तभी होता है जब दोनों पार्टनर्स की पूरी रज़ामंदी हो। पार्टी में कार की चाबियों को एक टोकरी में डाला जाता है, फिर आँखें बंद करके चाबी निकालनी होती है। जिस पुरुष की कार की चाबी किसी और को मिलती है, उस पुरुष की पत्नी को चाबी पाने वाले के साथ जाना पड़ता है। इसमें कोई इमोशनल भावनाएँ नहीं होतीं, यह सिर्फ एक रात के लिए होता है।

वजहें

शादीशुदा ज़िंदगी में होने वाली बोरियत को दूर करने और नए तरह का यौन अनुभव पाने के लिए लोग यह रास्ता अपनाते हैं। लेकिन, यह बात सब पर लागू नहीं होती।

भारतीय कानून क्या कहता है?

व्यभिचार (Adultery): 2018 में सुप्रीम कोर्ट ने IPC की धारा 497 को खत्म कर दिया था। अब भारत में व्यभिचार कोई क्रिमिनल अपराध नहीं है।

तलाक का आधार: भले ही व्यभिचार अपराध न हो, लेकिन अगर कोई पार्टनर अपनी सहमति के बिना ऐसा कुछ करता है, तो इसे तलाक के लिए एक मज़बूत वजह माना जा सकता है।

ज़बरदस्ती अदला-बदली: अगर कोई पति अपनी पत्नी को उसकी मर्ज़ी के खिलाफ पत्नियों की अदला-बदली के लिए मजबूर करता है, तो यह 'क्रूरता' और 'रेप' के दायरे में आएगा।

सामाजिक और नैतिक असर

  • भारतीय संस्कृति में शादी एक बहुत पवित्र बंधन है। पत्नियों की अदला-बदली करना शादी की इस पवित्रता को ठेस पहुँचाता है। भले ही शुरू में इस यौन गतिविधि के लिए सहमति दे दी जाए, लेकिन बाद में पार्टनर्स के बीच जलन और अविश्वास पैदा हो सकता है।
  • इससे लंबे समय तक मानसिक तनाव और डिप्रेशन हो सकता है।
  • अगर समाज में ऐसी बातें पता चलती हैं, तो परिवार की इज़्ज़त खराब होती है।
  • यौन संचारित रोग (STDs) हो सकते हैं।
  • शादी का रिश्ता विश्वास, प्यार और आपसी सम्मान पर टिका होता है। सिर्फ यौन रुचि के लिए रिश्ते को बर्बाद करना सही नहीं है।

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