Emergency की आपदा में नरेंद्र मोदी ने देखा था अवसर, RSS के नेताओं के साथ मिलकर किया काम

Published : Jun 25, 2024, 02:59 PM ISTUpdated : Jun 25, 2024, 03:00 PM IST
Narendra Modi work in Emergency

सार

इंदिरा गांधी के 25 जून 1975 को आपातकाल लगाया था। नरेंद्र मोदी ने इसे आपदा में अवसर के रूप में देखा और RSS के नेताओं के साथ मिलकर काम किया। 

नई दिल्ली। 50 साल पहले 25 जून 1975 को कांग्रेस की नेता इंदिरा गांधी के देश में आपातकाल (Emergency) लगाया था। नरेंद्र मोदी ने आपातकाल के दिनों में RSS के नेताओं के साथ मिलकर काम किया था। इमरजेंसी के दिनों में उन्होंने किस तरह काम किया इसकी जानकारी एक्स पर मोदी आर्काइव नाम के हैंडल से पोस्ट की गई है।

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने मोदी आर्काइव द्वारा किए गए पोस्ट को रीट्वीट किया है। इसके साथ ही उन्होंने लिखा, "इमरजेंसी के काले दिन बहुत चुनौतीपूर्ण थे। उन दिनों सभी क्षेत्रों के लोग एक साथ आए और लोकतंत्र पर इस हमले का विरोध किया। मुझे भी उस दौरान विभिन्न लोगों के साथ काम करने के कई अनुभव हुए। यह थ्रेड उस समय की एक झलक देता है...।"

 

 

मोदी आर्काइव ने पोस्ट किया, "नरेंद्र मोदी ने आपातकाल को आपदा में अवसर बताया था। इस दौरान उन्हें नेताओं और संगठनों के साथ काम करने का मौका मिला। इससे उन्हें उन्हें विविध विचारधाराओं और दृष्टिकोणों से परिचित होने का मौका मिला। आपातकाल की कहानी 25 जून 1975 को शुरू नहीं हुई थी। कांग्रेस पार्टी के भ्रष्टाचार के खिलाफ छात्रों के नेतृत्व में आंदोलन पूरे देश में फैल रहा था। गुजरात इसका अपवाद नहीं था। 1974 में गुजरात में नवनिर्माण आंदोलन के दौरान नरेंद्र मोदी ने देश में बदलाव लाने में छात्रों की आवाज की शक्ति को देखा। उन्हें आरएसएस के युवा प्रचारक के रूप में युवा आंदोलन को आवाज देने के लिए अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद में नियुक्त किया गया था।"

यह भी पढ़ें- 50 साल पहले आज के दिन लगी थी इमरजेंसी, कांग्रेस पर निशाना साध बोले PM- उन्हें संविधान से प्रेम जताने का अधिकार नहीं

एक दूसरे पोस्ट में मोदी आर्काइव ने लिखा, “आपातकाल लागू होने के बाद नरेंद्र मोदी इसके खिलाफ विरोध प्रदर्शनों में शामिल हो गए थे। उस समय सेंसरशिप अपने चरम पर थी। मोदी और अन्य स्वयंसेवकों ने बैठकें आयोजित कीं और भूमिगत साहित्य के प्रसार की जिम्मेदारी ली। उन्होंने नाथ जागड़ा और वसंत गजेंद्रगडकर जैसे सीनियर आरएसएस नेताओं के साथ मिलकर काम किया।”

यह भी पढ़ें- कौन हैं के सुरेश?, आठवीं बार चुने गए सांसद, 1946 के बाद पहली बार होगा चुनाव

PREV

National News (नेशनल न्यूज़) - Get latest India News (राष्ट्रीय समाचार) and breaking Hindi News headlines from India on Asianet News Hindi.

Recommended Stories

Ariha Shah Case: साढ़े 4 साल से Germany में फंसी मासूम, मौसी ने बताया क्या है पूरा मामला
Delhi Red Fort Blast: डॉक्टर, प्रोफेसर और मौलवी ने कैसे बुनी साजिश? NIA रिमांड पर उगलेंगे राज़