
Suspected ISIS Terrorist. दिल्ली पुलिस स्पेशल सेल द्वारा गिरफ्तार किए गए संदिग्ध ISIS आतंकी अरसद वारसी के तार दिल्ली दंगों से भी जुड़ गए हैं। सूत्रों की मानें तो वह दिल्ली दंगे और एंटी-सीएए प्रदर्शनों के दौरान सोशल मीडिया पर प्रचार-प्रसार से जुड़ा हुआ था। वह कट्टरपंथियों के बॉर्डर नेटवर्क से जुड़ा हुआ था और देश के भीतर कट्टरपंथ और धर्म परिवर्तन को बढ़ावा देने का काम भी कर रहा था।
जामिया से पीएचडी होल्डर है संदिग्ध आतंकी
अरसद वारसी ने दिल्ली के जामिया मिलिया इस्लामिया यूनिवर्सिटी से पीएचडी की है। दिल्ली पुलिस की स्पेशल सेल ने उसे यूपी के मुरादाबाद से गिरफ्तार किया था। 2019 में सीएए विरोधी प्रदर्शनों के दौरान वह सोशल मीडिया पर प्रोपगंडा चलाने के काम में शामिल था। उसके प्रोपगंडा पेज पर लिखा था- देश से तेरा मेरा रिश्ता क्या, ला इलाहा इल्ललाह। इसका मतलब है कि देश से हमारा क्या मतलब है। सिर्फ यही सच है कि कोई भगवान नहीं है सिर्फ अल्लाह हैं। सूत्रों की मानें से वारसी ने पूछताछ के दौरान दिल्ली में हुए दंगों में भी अपनी भूमिका स्वीकार की है। वह दंगों के बाद कई स्थानों पर टेटर अटैक की प्लाटिंग भी कर रहा था। फिलहाल शाहीन बाग में हुए प्रदर्शन के दौरान उसकी भूमिका की जांच की जा रही है।
संदिग्ध आतंकी की मदद भी करता था
वारसी आईएसआईएस संदिग्ध आतंकी मोहम्मद शाहनवाज को शेल्टर देने का भी काम करता था। दिल्ली में शाहनवाज की गिरफ्तारी के बाद पुणे भागने की फिराक में भी था। वह शरजील इमाम के साथ मिलकर और भी बड़े दंगों की साजिश रच रहा था। भारत सरकार के खिलाफ हुए प्रदर्शनों में शरजील का नाम भी सामने आया था। वारसी व्हाट्एप ग्रुप स्टूडेंट आफ जामिया पर कई तरह के पोस्ट करता था। फिलहाल इसकी भी जांच की जानी है। दिल्ली पुलिस ने अपनी चार्जशीट में इस बात का भी जिक्र किया है कि वारसी ने बाबरी मस्जिद गिराने से जुड़े कई पोस्ट किए थे।
यह भी पढ़ें
Sikkim Flash Floods: प्राकृतिक आपदा ने मचाई भयंकर तबाही-10 प्वाइंट से जानें क्या हुआ?
National News (नेशनल न्यूज़) - Get latest India News (राष्ट्रीय समाचार) and breaking Hindi News headlines from India on Asianet News Hindi.