
रांची. 12 जुलाई को सोशल मीडिया पर विवादित पोस्ट शेयर करने को लेकर गिरफ्तार हुईं ऋचा भारती को कोर्ट ने सशर्त रिहा किया है। रांची जिला कोर्ट के जज मनीष कुमार सिंह ने 15 दिनों की अंदर कुरान बांटने आदेश दिया। ऋचा भारती के खिलाफ सदर अंजुमन कमेटी ने एफआईआर दर्ज कराते हुए सांप्रदायिक तनाव भड़कने की आशंका जताई थी।
कोर्ट के फैसला मानने से किया इंकार- कहा हाईकोर्ट जाऊंगी
कोर्ट से सशर्त जमानत पर बाहर आईं ऋचा ने कोर्ट के फैसले को मानने से इंकार कर दिया है। ऋचा ने कोर्ट के फैसला का सम्मान करते हुए इसे अपने मौलिक अधिकारों का हनन बताया है। साथ ही हाईकोर्ट में फैसले के खिलाफ अपील करने की बात कही है। ऋचा का कहना है कि फेसबुक पोस्ट के लिए दूसरे धर्म के केंद्र पर जाकर कुरान बांटने का आदेश सही नहीं है।
कौन हैं ऋचा पटेल
ऋचा झारखंड के पिठोरिया की रहने वाली हैं। वे राचीं वीमेंस कॉलेज में ग्रेजुएशन की अंतिम वर्ष की स्टूडेंट हैं। ऋचा के खिलाफ मुसलमानों के सामाजिक संगठन अंजुमन इस्लामिया के प्रमुख मंसूर खलीफा ने एफआईआर दर्ज कराई थी। उन्होंने अपनी याचिका में लिखा था, कि ऋचा भारती के फेसबुक और व्हाट्सएप पोस्ट से इस्लाम मानने वालों की धार्मिक भावनाएं आहत हो रही हैं। इससे समाजिक सदभाव बिगड़ सकता है। एफआईआर के बाद पुलिस ने 12 जुलाई की शाम उन्हें गिरफ्तार कर जेल भेज दिया था।
दोनों पक्षों की सुलह पर कोर्ट ने दी जमानत
दोनों पक्षों की तरफ से रांची सिविल कोर्ट में जमानत अर्जी दाखिल होने के बाद जज मनीष कुमार ने ऋचा को जमानत दे दी। साथ ही कुरान की पांच कॉपी खरीदकर उसे अंजुमन कमेटी और पुस्तकालयों में बांटने का आदेश दिया। इस दौरान कोर्ट ने पुलिस से ऋचा को सुरक्षा देने का भी आदेश दिया है।
National News (नेशनल न्यूज़) - Get latest India News (राष्ट्रीय समाचार) and breaking Hindi News headlines from India on Asianet News Hindi.