
NEET UG Paper leak: मेडिकल प्रवेश परीक्षा NEET में हुए पेपर लीक की जांच अब सीबीआई करेगी। नीट पेपर लीक के मुद्दे पर देशव्यापी विरोध प्रदर्शनों और विपक्ष के हमलावर होने पर चहुंओर से घिरी केंद्र सरकार ने पेपर लीक प्रकरण को सीबीआई के हवाले करने का निर्णय लिया है। केंद्रीय शिक्षा मंत्रालय द्वारा शिकायत के बाद सीबीआई ने इस मामले में एफआईआर दर्ज कर लिया है। सीबीआई ने अज्ञात लोगों के खिलाफ पेपर लीक का मामला दर्ज किया है। माना जा रहा है कि राज्यों में इस संबंध में हुई गिरफ्तारियों को भी अब सीबीआई को हस्तगत कर दिया जाएगा। सीबीआई जांच कराने, एनटीए महानिदेश को हटाने और हाईलेवल कमेटी को गठित करने के पहले सरकार लगातार पेपर लीक से इनकार करती रही।
नीट परीक्षा शुरू से रही विवादों में
NEET-UG परीक्षा शुरू से ही विवादों में रहा। परीक्षा कराए जाने के दौरान पेपर लीक का आरोप लगा लेकिन सरकार लगातार इससे नकारती रही। एनटीए द्वारा संचालित स्नातक चिकित्सा कार्यक्रमों के लिए 5 मई को आयोजित नीट-यूजी 2024 परीक्षा में लगभग 24 लाख छात्रों ने भाग लिया था। परीक्षा का रिजल्ट 4 जून को जब जारी किया तो विवाद और गहरा गया। दरअसल, 67 छात्रों के 720 अंक लाने के बाद विवाद खड़ा हो गया। आधा दर्जन से अधिक स्टूडेंट्स तो एक ही सेंटर के थे। देशव्यापी आंदोलन शुरू हो गया। हजारों की संख्या में छात्र सड़कों पर आ गए। विपक्ष ने भी नीट को मुद्दा बना दिया। अब पेपर लीक और रिजल्ट दोनों को लेकर सरकार घिरने लगी। हालांकि, इसके बाद भी शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान पेपर लीक से नकारते रहे।
उधर, अधिक मार्क पाने वाले स्टूडेट्स को लेकर नेशनल टेस्टिंग एजेंसी ने स्पष्ट किया कि उन्होंने गलत प्रश्न और उम्मीदवारों को प्रश्नपत्र देरी से मिलने के कारण कुछ छात्रों को ग्रेस मार्क्स दिए थे।
लेकिन प्रश्नपत्र लीक होने और 1,500 से अधिक छात्रों को ग्रेस अंक दिए जाने के दावों के बीच नीट का विवाद बढ़ता ही गया। देश के विभिन्न हाईकोर्ट्स और सुप्रीम कोर्ट में याचिकाएं दायर हुईं। सुप्रीम कोर्ट सख्त हुआ तो सरकार और एजेंसी बैकफुट पर आई। सुप्रीम कोर्ट ने एनटीए पर सवाल उठाए।
उधर, शिक्षा मंत्री के दावों के बीच बिहार और कई अन्य राज्यों में पेपर लीक गिरोह का भंड़ाफोड़ शुरू हो गया। लगातार बढ़ रहे दबाव और सामने आ रहे सबूतों के बाद धर्मेंद्र प्रधान ने स्वीकार किया कि गड़बड़ियां हुईं हैं। इसके बाद उन्होंने एक हाईलेवल कमेटी के गठन का ऐलान करते हुए निष्पक्ष जांच का आश्वासन दिया।
नीट के बाद नेट पेपर भी हुआ लीक
एनटीए की शुचिता पर एक बार फिर सवाल उठे जब यूजीसी-नेट परीक्षा कराए जाने के एक दिन बाद उसे रद्द करना पड़ा। करीब 11 अभ्यर्थियों का हायर एजुकेशन में शिक्षक बनने का ख्वाब भी टूटता नजर आया। एक दिन पहले एनटीए ने सीएसआईआर-नेट की परीक्षा भी रद्द कर दी है।
महानिदेशक हटाए गए
एनटीए के महानिदेशक सुबोध कुमार सिंह पर कार्रवाई करते हुए 22 जून यानी शनिवार को हटा दिया गया। सुबोध कुमार सिंह की जगह पर कार्यभार देखने के लिए पूर्व आईएएस प्रदीप सिंह खरोला को नया डीजी बनाया गया है। खरोला, नए महानिदेशक की नियुक्ति तक पद पर बने रहेंगे। उधर, संसद सत्र के एक दिन पहले सरकार ने नीट पेपर लीक को सीबीआई के भी हवाले कर दिया है।
यह भी पढ़ें:
National News (नेशनल न्यूज़) - Get latest India News (राष्ट्रीय समाचार) and breaking Hindi News headlines from India on Asianet News Hindi.