
पोर्ट ब्लेयर। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने सोमवार को अंडमान और निकोबार द्वीपसमूह के 21 द्वीपों का नाम परमवीर चक्र विजेताओं के नाम पर रखा। इन द्वीपों का पहली बार नामकरण किया गया। प्रधानमंत्री इस अवसर पर आयोजित कार्यक्रम में वर्चुअली शामिल हुए।
पराक्रम दिवस पर आयोजित इस कार्यक्रम में पीएम मोदी ने नेताजी सुभाष चंद्र बोस द्वीप पर बनने वाले राष्ट्रीय स्मारक के मॉडल का भी अनावरण किया। यह स्मारक नेताजी को समर्पित है। 29 दिसंबर 1943 को नेताजी सुभाष चंद्र बोस पहली बार अंडमान एंड निकोबार द्वीप के पोर्ट ब्लेयर पहुंचे थे। उन्होंने 30 दिसंबर 1943 को जिमखाना ग्राउंड पर तिरंगा फहराया था।
द्वीप और परमवीर चक्र विजेता के नाम
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अंडमान और निकोबार द्वीप समूह का है बहुत सामरिक महत्व
गौरतलब है कि अंडमान और निकोबार द्वीप समूह का भारत के लिए काफी सामरिक महत्व है। पहले सबसे बड़े बिना नाम वाले द्वीप का नाम पहले परमवीर चक्र विजेता के नाम पर रखा गया है। इसी प्रकार सभी 21 बिना नाम वाले द्वीपों को नाम दिया गया है।
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