शिवराज बोले- मास्क की कमी नहीं, 7 लैबों में हो रही जांच;कमलनाथ का आरोप, सरकार गिराने का इंतजार था

Published : Apr 12, 2020, 05:59 PM IST
शिवराज बोले- मास्क की कमी नहीं, 7 लैबों में हो रही जांच;कमलनाथ का आरोप, सरकार गिराने का इंतजार था

सार

पूर्व मुख्यमंत्री कमलनाथ ने कहा कि मध्य प्रदेश देश का इकलौता राज्य है जहां न स्वास्थ्य मंत्री है और न गृहमंत्री। वहीं, सीएम शिवराज सिंह चौहान ने कहा, राज्य में अब मास्क की कोई कमी नहीं है। आज हमारे पास 7 लैब हैं। जिनमें हम रोज़ 1020 टेस्ट कर सकते हैं।' 

भोपाल. मध्यप्रदेश में कोरोना संक्रमण के मामले बढ़ते ही जा रहे हैं। प्रदेश में जहां संक्रमण के 33 नए केस सामने आए हैं और 3 लोगों की जान गई है। वहीं, दूसरी तरफ राजनीतिक आरोप-प्रत्यारोप का दौर भी जारी है। पूर्व मुख्यमंत्री कमलनाथ ने रविवार को प्रेस कॉन्फ्रेंस में शिवराज सिंह चौहान सरकार पर गंभीर आरोप लगाए। उन्होंने कहा कि मध्य प्रदेश देश का इकलौता राज्य है जहां न स्वास्थ्य मंत्री है और न गृहमंत्री। वहीं, सीएम शिवराज सिंह चौहान ने प्रेस कांफ्रेंस कर प्रदेश में कोरोना से जारी जंग को लेकर मौजूदा स्थितियों के बारे में जानकारी दी। 

7 लैब में रोज 1020 टेस्टः शिवराज सिंह चौहान 

कोरोना के कारण पैदा हुए संकट के बीच सीएम शिवराज सिंह चौहान ने रविवार को कहा, 'मध्य प्रदेश में हम 5000 PPE कीट रोज़ बना रहे हैं, जल्द ही इसको हम बढ़ाकर 10000 तक कर लेंगे।' उन्होंने कहा, 'हमने टेस्टिंग सुविधा बढ़ाई है, आज हमारे पास 7 लैब हैं। जिनमें हम रोज़ 1020 टेस्ट कर सकते हैं, इस सुविधा को और बढ़ाया जाएगा। राज्य में अब मास्क की कोई कमी नहीं है। हमने प्रदेश में 23 कोविड अस्पताल चिन्हित किए हैं, हमारे पास 712 ICU बेड हैं, जरूरत हुई तो इसको और बढ़ाया जाएगा।' 

क्या कहा कमलनाथ ने? 

पूर्व सीएम कमलनाथ ने कहा, “ अजीब हाल हैं, 20 मार्च को मेरी सरकार गिराई। 23 मार्च को शिवराज मुख्यमंत्री बने। फिर लॉकडाउन कर दिया। इसे समझिए, मेरी सरकार गिराने का इंतज़ार हो रहा था।” उन्होंने आरोप लगाया, 'देश में कोरोना की स्थिति गंभीर है। टेस्टिंग किट नहीं हैं, इसलिए जांच भी नहीं हो रही।'

कोरोना का संकट है और राज्य में स्वास्थ्य मंत्री ही नहीं कमलनाथ ने आगे कहा, “ लोग ई-मेल करके पूछ रहे हैं कि जो मजदूर शहरों से गांव लौटे हैं, उनकी न तो जांच हुई और न खाना मिल पा रहा है। मैं कहता हूं कि हमारे पास न तो टेस्टिंग किट हैं और न जांच हो पा रही हैं। देश इकोनॉमिक क्राइसिस से गुजर रहा है। इसे ठीक करने के लिए सरकार को योजना बनानी होगी। पैकेज देना होगा। गेहूं की फसल तैयार है। ये एक तरह से एक्सप्लोसिव जैसा है। क्योंकि पके हुए खेतों में एक तिनके से आग लग सकती है।”

प्रदेश में कोरोना की स्थति

प्रदेश में कोरोना का संकट बढ़ता जा रहा है। यहां संक्रमित मरीजों की संख्या 562 तक पहुंच गई है। जबकि अब तक 43 लोगों की मौत हो चुकी है। कोरोना के संक्रमण से अब तक 41 लोग ठीक भी हो चुके हैं। प्रदेश में रविवार को 33 नए केस सामने आए हैं। जबकि 3 लोगों की जान गई है।

प्रदेश का इंदौर जिला सबसे अधिक प्रभावित है। यहां संक्रमित मरीजों की संख्या 311 हो गई है। रविवार को 30 नए केस यहां सामने आए हैं। जबकि भोपाल में 3 नए मरीज मिले हैं। जिसके बाद यहां मरीजों की संख्या 134 तक पहुंच गई है। वहीं, उज्जैन में 15, खरगौन में 14, बड़वानी में 14, विदिशा और मुरैना में 13, होशंगाबाद में 10, जबलपुर में 9 संक्रमित मरीज हैं। 
 

PREV

National News (नेशनल न्यूज़) - Get latest India News (राष्ट्रीय समाचार) and breaking Hindi News headlines from India on Asianet News Hindi.

Recommended Stories

बाइक पर पत्नी ने 27 सेकेंड में पति को जड़े 14 थप्पड़, देखें Viral Video
Viral Road Rage Video: HR नंबर प्लेट Thar के कारनामें ने इंटरनेट पर मचाई खलबली