
नई दिल्ली. पैगम्बर मोहम्मद पर विवादित टिप्पणी का विरोध शुक्रवार को हिंसक हो गया। जुमे की नमाज के बाद यूपी, पश्चिम बंगाल और झारखंड में लोग सड़कों पर उतर आए और पत्थरबाजी की। यूपी के प्रयागराज में बमबारी भी हुई और कई पुलिसकर्मी घायल हो गए। वहीं झारखंड में पत्थरबाजी, गोलीबारी के बाद रांची में कर्फ्यू लगा दिया और इंटरनेट सेवाएं अगले आदेश तक के लिए बंद कर दी गई हैं। सबसे ज्यादा बवाल यूपी के प्रयागराज, मुरादाबाद, सहारनपुर, फिरोजाबाद, अंबेडकरनर, हाथरस, अलीगढ़ और जालौन में हुआ। हालांकि शनिवार तक पुलिस ने हिंसा करने के आरोप में करीब 227 लोगों को गिरफ्तार किया है।
यूपी में 227 लोगों की हुई गिरफ्तारी
यूपी के अतिरिक्त पुलिस महानिदेशक (कानून व्यवस्था) प्रशांत कुमार ने शनिवार को कहा कि प्रदेश के विभिन्न जिलों से शुक्रवार को हुई हिंसा के सिलसिले में कुल 227 लोगों को गिरफ्तार किया गया है। इनमें 68 को प्रयागराज से और 50 को हाथरस से गिरफ्तार किया गया। बाकी लोगों में से सहारनपुर में 48, अंबेडकरनगर में 28, मुरादाबाद में 25 और फिरोजाबाद में आठ लोगों को पकड़ा गया है. प्रयागराज और सहारनपुर में लोगों ने जुमे की नमाज के बाद प्रदर्शन करते हुए पुलिस कर्मियों पर पथराव किया था.
कई शहरों में हिंसक प्रदर्शन
पुलिस अधिकारियों ने बताया कि कम से कम चार अन्य शहरों में मार्च के दौरान इसी तरह के दृश्य देखे गए। प्रयागराज में भीड़ ने कुछ मोटरसाइकिलों और गाड़ियों में आग लगा दी और एक पुलिस वाहन को भी फूंक दिया गया। वहीं पुलिस ने भीड़ को तितर-बितर करने के लिए आंसू गैस के गोले छोड़े। लाठीचार्ज भी करना पड़ा। भीड़ द्वारा एक पुलिसकर्मी घायल हो गया। सहारनपुर में प्रदर्शनकारियों ने नूपूर शर्मा के खिलाफ नारेबाजी की और उन्हें मौत की सजा देने की मांग की. वहीं बिजनौर, मुरादाबाद, रामपुर और लखनऊ में भी विरोध प्रदर्शन हुए. स्थानीय लोगों ने कहा कि करीब 15 मिनट तक जमकर पत्थरबाजी की गई।
पश्चिम बंगाल में दूसरे दिन भी बवाल जारी
पश्चिम बंगाल में तो शुक्रवार के बाद शनिवार को भी बवाल जारी है। यहां के कुछ नेताओं ने तो यहां तक कहा कि राज्य में रोहिंग्याओं की घुसपैठ इतनी बढ़ गई है कि उन्हें रोकना मुश्किल हो रहा है। यही कारण है कि यहां जगह-जगह हिंसा हो रही है। हावड़ा के पांचला बाजार में प्रदर्शनकारियों ने पुलिस पर पथराव किया है और पुलिस को आंसू गैस के गोले छोड़ने पड़े हैं। हालात को देखते हुए यहां के नेशनल हाईवे और रेलवे स्टेशन, बस अड्डों के पास धारा 144 लागू कर दी गई है ताकि वबाल को बढ़ने से रोका जा सके।
झारखंड में इंटरनेट सेवा ठप
जुमे की नमाज के बाद सिर्फ यूपी, बंगाल ही नहीं झारखंड में भी जमकर बवाल किया गया। पुलिस की मानें तो हिंसा में अभी तक दो लोगों की मौत हुई है जबकि एक दर्जन से ज्यादा लोग घायल हैं। भीड़ को इकट्ठा होने से रोकने और मैसेज का आदान-प्रदान रोकने के लिए फिलहाल इंटरनेट सेवा रोक दी गई है। हिंसा प्रभावित रांची सहित प्रदेश के 24 जिलों में अलर्ट घोषित कर दिया गया है। पुलिस को भी अलर्ट मोड पर रखा गया है। धारा 144 लागू की गई है और किसी भी तरह के सार्वजनिक जुटान पर रोक लगा दी गई है।
क्या है नीली टोपी का कनेक्शन
यूपी के सहारनपुर में हुई हिंसा को लेकर एक चौंकाने वाला तथ्य सामने आया है। स्थानीय लोगों का कहना है कि हिंसा में कई ऐसे लोगों के शामिल होने की आशंका है जिन्हें यहां पहले कभी नहीं देखा गया था। जानकारी के अनुसार कुछ लोग काला कुर्ता पहने थे और नीली टोपी लगाकर बाहर बैठे थे। उन्होंने कोल्ड ड्रिंक में शराब मिलाकर पी और जैसे ही लोग मस्जिद से बाहर निकले, वे नारेबाजी करने लगे। देखते ही देखते यह भीड़ हिंसक हो गई और जमकर बवाल काटा। पुलिस उस तथ्य की भी जांच कर रही है।
यह भी पढ़ें
National News (नेशनल न्यूज़) - Get latest India News (राष्ट्रीय समाचार) and breaking Hindi News headlines from India on Asianet News Hindi.