'अब बच्चा पैदा करके ही बीच पर आएं?', बीच पर छाता लगाने का अजीब नियम

Published : Jun 18, 2026, 04:43 PM IST
'अब बच्चा पैदा करके ही बीच पर आएं?', बीच पर छाता लगाने का अजीब नियम

सार

इटली के सार्डिनिया में पुंटा मोलेंटिस बीच पर 10 से 65 साल के लोगों के लिए छाते पर प्रतिबंध है। यह नियम सुरक्षा और आपातकालीन पहुँच सुनिश्चित करने के लिए है। बीच पर 10 यूरो का प्रवेश शुल्क भी लागू है।

रोम: बीच पर छुट्टियां मनाने जाने से पहले अब आपको अपनी उम्र भी देखनी पड़ सकती है। इटली के मशहूर सार्डिनिया द्वीप पर मौजूद पुंटा मोलेंटिस बीच पर अधिकारियों ने एक ऐसा ही अजीबोगरीब नियम लागू किया है। इस नए नियम के मुताबिक, 10 से 65 साल की उम्र के लोग बीच पर छाता या धूप से बचने वाली कोई और चीज़ इस्तेमाल नहीं कर सकते।

जी हां, आपने सही पढ़ा। इस नए नियम के अनुसार, बीच पर छाता इस्तेमाल करने की इजाज़त सिर्फ उन परिवारों को है जिनके साथ 10 साल से कम उम्र के बच्चे हैं, या फिर उन बुज़ुर्गों को जो 65 साल से ज़्यादा के हैं। बाकी सभी लोगों को तेज़ धूप में ही रहना होगा। इतना ही नहीं, जून से अक्टूबर के अंत तक इस बीच पर आने के लिए 10 यूरो (करीब 900 रुपये) की एंट्री फीस भी देनी होगी। इस फीस से सिर्फ दिव्यांगों और उनकी मदद करने वालों को छूट दी गई है।

इस अजीब नियम को लेकर लोगों में ज़बरदस्त गुस्सा है। एक टूरिस्ट ने मज़ाक में पूछा, "तो क्या अब धूप से बचने के लिए हमें बच्चा पैदा करके साथ लाना होगा?" वहीं एक दूसरे शख्स ने नगर पालिका की वेबसाइट पर कमेंट किया, "बीच पर एक दिन बिताने के बाद शरीर जल जाएगा और 20 घंटे इमरजेंसी वॉर्ड में बिताने पड़ेंगे। लगता है यह नियम बनाने वालों का दिमाग़ पहले ही धूप में पिघल चुका है।"

हालांकि, नगर पालिका के अधिकारियों का कहना है कि इस फैसले के पीछे सुरक्षा एक बड़ी वजह है। पिछले साल इस बीच पर भयंकर आग लग गई थी। उस वक्त लोगों ने हज़ारों छाते लगा रखे थे, जिसकी वजह से एम्बुलेंस और बचाव टीमों को ज़मीनी रास्ते से अंदर आने में बहुत मुश्किल हुई। घायलों को नाव के ज़रिए अस्पताल पहुंचाना पड़ा था। नगर पालिका का कहना है कि किसी भी इमरजेंसी में लोगों को जल्दी से बाहर निकालने के लिए छातों पर कंट्रोल करना ज़रूरी है। साथ ही, लोगों के बेतरतीब ढंग से छाते लगाने से समंदर का नज़ारा भी छिप जाता है।

इटली में समुद्र तटों से जुड़े नियम अक्सर अजीब होते हैं। यहां के ज़्यादातर मशहूर बीच प्राइवेट क्लबों के कंट्रोल में हैं। इन जगहों पर एक कुर्सी और एक छाते के लिए एक दिन का किराया 10,000 रुपये से लेकर 45,000 रुपये तक वसूला जाता है। सार्डिनिया के बीचों पर पहले भी सख्त नियम लागू हो चुके हैं। यहां से बीच की रेत घर ले जाने पर पाबंदी है। अगर कोई ऐसा करते पकड़ा जाता है तो उस पर 3,000 डॉलर (करीब 2.5 लाख रुपये) से ज़्यादा का जुर्माना लगाया जा सकता है। यहां तक कि कपड़ों या तौलियों में रेत चिपकने से बचाने के लिए सिर्फ पुआल (straw) से बनी चटाई इस्तेमाल करने की ही इजाज़त है।

PREV

Asianet News Hindi पर पढ़ें देशभर की सबसे ताज़ा National News in Hindi, जो हम खास तौर पर आपके लिए चुनकर लाते हैं। दुनिया की हलचल, अंतरराष्ट्रीय घटनाएं और बड़े अपडेट — सब कुछ साफ, संक्षिप्त और भरोसेमंद रूप में पाएं हमारी World News in Hindi कवरेज में। अपने राज्य से जुड़ी खबरें, प्रशासनिक फैसले और स्थानीय बदलाव जानने के लिए देखें State News in Hindi, बिल्कुल आपके आसपास की भाषा में। उत्तर प्रदेश से राजनीति से लेकर जिलों के जमीनी मुद्दों तक — हर ज़रूरी जानकारी मिलती है यहां, हमारे UP News सेक्शन में। और Bihar News में पाएं बिहार की असली आवाज — गांव-कस्बों से लेकर पटना तक की ताज़ा रिपोर्ट, कहानी और अपडेट के साथ, सिर्फ Asianet News Hindi पर।

Read more Articles on

Recommended Stories

CPR की ताकत का जीता-जागता उदाहरण, बीकानेर मंदिर की घटना ने इंटरनेट को किया भावुक
एक पॉडकास्ट, एक बयान और इंटरनेट पर तूफ़ान! जानें क्यों ट्रेंड में हैं पाकिस्तानी इन्फ्लुएंसर फ़रिहा फ़ारुख़