Khamenei Funeral Mystery: खामेनेई के जनाजे में दिखा नकाबपोश शख्स कौन था? खुल गया राज

Published : Jul 13, 2026, 07:52 AM IST
Khamenei Funeral

सार

Ali Khamenei Funeral Mystery: अली खामेनेई के अंतिम संस्कार में दिखे रहस्यमयी नकाबपोश शख्स की पहचान को लेकर बड़ा खुलासा हुआ है। जानिए वह कौन था और चेहरा क्यों ढक रखा था।

Ali Khamenei Funeral: ईरान के पूर्व सुप्रीम लीडर अयातुल्ला अली खामेनेई के अंतिम संस्कार के दौरान सामने आई एक तस्वीर ने पूरी दुनिया का ध्यान अपनी ओर खींच लिया था। अंतिम प्रार्थना के दौरान आगे की लाइन में बैठे एक ब्लैक मास्क और काली कैप पहने शख्स को देखकर सोशल मीडिया पर तरह-तरह के दावे किए जाने लगे। कई लोगों ने अनुमान लगाया कि यह शख्स खामेनेई के बेटे मोजतबा खामेनेई हैं, जिन्हें संभावित उत्तराधिकारी माना जाता रहा है। अब इस रहस्य को लेकर नया दावा सामने आया है, जिसने लंबे समय से चल रही अटकलों पर विराम लगा दिया है।

आखिर कौन था नकाबपोश शख्स?

ईरानी मीडिया की रिपोर्ट के अनुसार, अंतिम संस्कार में दिखाई देने वाला नकाबपोश व्यक्ति मोहम्मद जवाद खामेनेई था। बताया गया कि वह अली खामेनेई के सबसे बड़े पोते हैं और मुस्तफा खामेनेई के बेटे हैं। रिपोर्ट में दावा किया गया है कि हाल के संघर्ष के दौरान हुए हमलों में उन्हें गंभीर चोटें लगी थीं। उनके चेहरे पर गहरे घाव और जलने के निशान होने की वजह से उन्होंने अंतिम संस्कार के दौरान अपना चेहरा काले मास्क से ढका हुआ था।

क्यों मोजतबा खामेनेई समझा गया?

जब अंतिम संस्कार की तस्वीरें सामने आईं, तब सोशल मीडिया पर कई लोगों ने दावा किया कि मास्क पहने व्यक्ति मोजतबा खामेनेई हैं। इसके पीछे दो बड़ी वजहें थीं क्योंकि वह पहली लाइन में बैठे दिखाई दिए और उन्होंने पूरा चेहरा मास्क और कैप से ढक रखा था। इसी कारण उत्तराधिकारी को लेकर नई चर्चाएं शुरू हो गई थीं। हालांकि बाद में आई रिपोर्टों ने अलग पहचान का दावा किया।

चोटों की वजह से ढका था चेहरा?

रिपोर्ट के मुताबिक, हालिया सैन्य हमलों में मोहम्मद जवाद गंभीर रूप से घायल हुए थे। उनके चेहरे पर गहरी चोटें और जलने के निशान बताए गए, जिसके चलते उन्होंने सार्वजनिक रूप से चेहरा ढककर अंतिम संस्कार में हिस्सा लिया। हालांकि इस दावे की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है और इसे आधिकारिक रूप से सार्वजनिक नहीं किया गया।

मोजतबा खामेनेई को लेकर भी बनी हुई हैं चर्चाएं

मोजतबा खामेनेई को लेकर भी अलग-अलग रिपोर्टों में कई तरह के दावे सामने आए हैं। कुछ इंटरनेशनल मीडिया संस्थानों ने कहा कि हालिया घटनाओं में वह भी घायल हुए थे। इसके बाद से उनकी सार्वजनिक मौजूदगी बेहद सीमित रही है। इसी वजह से उनकी सेहत और भविष्य की भूमिका को लेकर लगातार अटकलें लगाई जाती रही हैं।

अली खामनेई के अंतिम संस्कार में उमड़ा था भारी जनसमूह

अली खामेनेई के अंतिम संस्कार के कार्यक्रम कई दिनों तक चले। इसके बाद उनके पार्थिव शरीर को मशहद स्थित इमाम रज़ा दरगाह में सुपुर्द-ए-खाक किया गया। ईरानी सरकारी मीडिया ने दावा किया कि शोक समारोहों में करोड़ों लोगों ने हिस्सा लिया। वहीं सुरक्षा कारणों और क्षेत्रीय तनाव के चलते अंतिम संस्कार तय समय से काफी बाद आयोजित किया गया।

PREV

Asianet News Hindi पर पढ़ें देशभर की सबसे ताज़ा National News in Hindi, जो हम खास तौर पर आपके लिए चुनकर लाते हैं। दुनिया की हलचल, अंतरराष्ट्रीय घटनाएं और बड़े अपडेट — सब कुछ साफ, संक्षिप्त और भरोसेमंद रूप में पाएं हमारी World News in Hindi कवरेज में। अपने राज्य से जुड़ी खबरें, प्रशासनिक फैसले और स्थानीय बदलाव जानने के लिए देखें State News in Hindi, बिल्कुल आपके आसपास की भाषा में। उत्तर प्रदेश से राजनीति से लेकर जिलों के जमीनी मुद्दों तक — हर ज़रूरी जानकारी मिलती है यहां, हमारे UP News सेक्शन में। और Bihar News में पाएं बिहार की असली आवाज — गांव-कस्बों से लेकर पटना तक की ताज़ा रिपोर्ट, कहानी और अपडेट के साथ, सिर्फ Asianet News Hindi पर।

Read more Articles on

Recommended Stories

होर्मुज में बढ़ा तनाव: अमेरिका ने तबाह किए ईरानी मिसाइल सिस्टम, ईरान ने खाड़ी देशों पर बरसाए बम!
13 जुलाई 2026 मौसम अपडेट: दिल्ली-NCR, यूपी, बिहार, झारखंड, एमपी, गुजरात और महाराष्ट्र में बारिश का अलर्ट, जानिए कहां कैसा रहेगा मौसम