
Trump Drug Pricing Plan: अमेरिका में दवाओं की ऊंची कीमतों को कम करने के लिए डोनाल्ड ट्रंप प्रशासन ने Medicaid के लिए GENEROUS मॉडल को आगे बढ़ाया है। इसका मकसद कुछ दवाओं की कीमतों को दूसरे विकसित देशों में मिलने वाली कम कीमतों के करीब लाना है। CMS के मुताबिक, सभी 50 राज्यों के साथ Washington, D.C. और Puerto Rico ने इस मॉडल में शामिल होने के लिए आवेदन किया है।
GENEROUS यानी GENErating cost Reductions fOr U.S. Medicaid मॉडल को CMS ने जनवरी 2026 में शुरू किया था। इसके तहत भाग लेने वाली दवा कंपनियां Medicaid कार्यक्रमों को कुछ दवाओं पर अतिरिक्त छूट देंगी, ताकि अंतिम कीमत चुनिंदा दूसरे देशों में चुकाई जाने वाली कीमतों के स्तर तक लाई जा सके। यह मॉडल फिलहाल पांच साल के लिए चलाया जा रहा है।
इसमें कैंसर, डायबिटीज और अस्थमा जैसी बीमारियों में इस्तेमाल होने वाली दवाओं समेत कई प्रमुख श्रेणियों की दवाएं शामिल हो सकती हैं। CMS के अनुसार, मॉडल के तहत दवा कंपनियों और राज्यों के बीच कीमत तथा कवरेज को लेकर समझौते किए जाएंगे।
इस योजना का आधार Most Favored Nation यानी MFN मूल्य निर्धारण है। इसका मतलब है कि अमेरिका में Medicaid के लिए चुनी गई दवाओं की अंतिम कीमत को कुछ अन्य देशों में मिलने वाली कम कीमतों से जोड़ा जाएगा।
ट्रंप प्रशासन ने पहले से ही दवा कंपनियों के साथ ऐसे समझौतों की दिशा में काम किया है। व्हाइट हाउस के मुताबिक, इन समझौतों के तहत बड़ी फार्मा कंपनियां Medicaid कार्यक्रमों को कुछ दवाओं पर MFN कीमत उपलब्ध कराने पर सहमत हुई हैं।
यहां दो अलग-अलग आंकड़ों को समझना जरूरी है। CMS का अनुमान है कि GENEROUS मॉडल से अगले 10 वर्षों में Medicaid के लिए करीब 64.3 अरब डॉलर की बचत हो सकती है। यह बचत संघीय और राज्य सरकारों के स्तर पर होने की उम्मीद है।
वहीं, व्हाइट हाउस ने व्यापक MFN दवा मूल्य निर्धारण फ्रेमवर्क के लिए अगले 10 वर्षों में 529 अरब डॉलर की संभावित घरेलू बचत का अनुमान लगाया है। यह सिर्फ Medicaid मॉडल का आंकड़ा नहीं है, बल्कि व्यापक दवा मूल्य नीति से जुड़ा अनुमान है।
Medicaid कम आय वाले लोगों के लिए अमेरिका की संयुक्त संघीय-राज्य स्वास्थ्य योजना है। दवाओं की कीमत कम होने से इसका सीधा असर कार्यक्रम के खर्च पर पड़ सकता है। सरकार का कहना है कि बचत से राज्यों को स्वास्थ्य सेवाओं और अन्य प्राथमिकताओं के लिए अधिक धन उपलब्ध हो सकता है।
हालांकि, इसका लाभ हर अमेरिकी मरीज को सीधे नहीं मिलेगा, क्योंकि GENEROUS मॉडल मुख्य रूप से Medicaid में शामिल दवाओं और लाभार्थियों पर केंद्रित है। निजी बीमा या अन्य स्वास्थ्य योजनाओं में शामिल लोगों पर इसका असर अलग हो सकता है।
GENEROUS मॉडल से जुड़ी अनुमानित बचत अभी भविष्य का आकलन है। CMS ने अपना $64.3 अरब का अनुमान जारी किया है, जबकि व्यापक MFN नीति के लिए व्हाइट हाउस ने $529 अरब का अनुमान दिया है। इन आंकड़ों के बीच अंतर इस बात को दिखाता है कि दोनों अलग-अलग नीति दायरों से जुड़े हैं।
इसके अलावा, कुछ विश्लेषकों ने सवाल उठाया है कि Medicaid पहले से ही दवा कंपनियों से बड़ी छूट हासिल करता है, इसलिए नई व्यवस्था से वास्तविक अतिरिक्त बचत कितनी होगी, यह इसके क्रियान्वयन पर निर्भर करेगा।
फिलहाल सभी राज्यों ने आवेदन किया है, लेकिन CMS के अनुसार अंतिम भागीदारी समझौते पूरे करने के लिए राज्यों के पास 30 सितंबर 2026 तक का समय है।
Asianet News Hindi पर पढ़ें देशभर की सबसे ताज़ा National News in Hindi, जो हम खास तौर पर आपके लिए चुनकर लाते हैं। दुनिया की हलचल, अंतरराष्ट्रीय घटनाएं और बड़े अपडेट — सब कुछ साफ, संक्षिप्त और भरोसेमंद रूप में पाएं हमारी World News in Hindi कवरेज में। अपने राज्य से जुड़ी खबरें, प्रशासनिक फैसले और स्थानीय बदलाव जानने के लिए देखें State News in Hindi, बिल्कुल आपके आसपास की भाषा में। उत्तर प्रदेश से राजनीति से लेकर जिलों के जमीनी मुद्दों तक — हर ज़रूरी जानकारी मिलती है यहां, हमारे UP News सेक्शन में। और Bihar News में पाएं बिहार की असली आवाज — गांव-कस्बों से लेकर पटना तक की ताज़ा रिपोर्ट, कहानी और अपडेट के साथ, सिर्फ Asianet News Hindi पर।